Tuesday, 8 September 2026

लखनऊ शिकायत लेकर थाने पहुंची शिक्षिका ने महिला दरोगा को पीटा महिला दरोगा को कई थप्पड़ मारने और वर्दी फाड़ने की कोशिश का आरोप, सरकारी काम में बाधा समेत अन्य धाराओं में मुकदमा


 लखनऊ शिकायत लेकर थाने पहुंची शिक्षिका ने महिला दरोगा को पीटा


महिला दरोगा को कई थप्पड़ मारने और वर्दी फाड़ने की कोशिश का आरोप, सरकारी काम में बाधा समेत अन्य धाराओं में मुकदमा


उत्तर प्रदेश, लखनऊ, महानगर थाने में शिकायत लेकर पहुंची एक शिक्षिका पर महिला दरोगा के साथ मारपीट करने का आरोप लगा है। घटना पांच सितंबर की बताई जा रही है। आरोप है कि शिक्षिका ने महिला दरोगा को कई थप्पड़ मारे और उनकी वर्दी फाड़ने का प्रयास किया। थाने में मारपीट होने से कुछ देर के लिए अफरा-तफरी का माहौल बन गया। पुलिस ने महिला दरोगा की तहरीर पर शिक्षिका के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर उसे हिरासत में ले लिया है।


 पुलिस के अनुसार, झांसी के मऊरानीपुर निवासी दरोगा सान्या निरंजन विज्ञानपुरी चौकी की हल्का प्रभारी हैं। पांच सितंबर की दोपहर उन्हें सूचना मिली कि उन्नाव के सर्वोदय नगर निवासी शिक्षिका अंजली महानगर थाने में उनसे मिलने पहुंची हैं। अंजली पीलीभीत जिले के एक प्राथमिक विद्यालय में शिक्षिका के पद पर तैनात हैं। बताया गया कि शिक्षिका ने विज्ञानपुरी क्षेत्र में किसी व्यक्ति से हुए विवाद की शिकायत महिला दरोगा से की थी।


 दरोगा के अनुसार, वह मामले में कार्रवाई की प्रक्रिया पूरी कर रही थीं। इसी दौरान किसी बात को लेकर शिक्षिका भड़क गईं और महिला दरोगा के साथ हाथापाई शुरू कर दी। आरोप है कि शिक्षिका ने दरोगा को कई थप्पड़ मारे और उनकी वर्दी फाड़ने की भी कोशिश की। थाने में मौजूद पुलिसकर्मियों ने बीच-बचाव कर महिला दरोगा को शिक्षिका से बचाया। घटना के बाद पुलिस ने मामले की जानकारी उच्चाधिकारियों को दी। वहीं, शिक्षिका ने महिला दरोगा पर शिकायत के संबंध में कार्रवाई नहीं करने का आरोप लगाया है। महानगर थाने के इंस्पेक्टर अखिलेश मिश्र ने बताया कि महिला दरोगा की तहरीर के आधार पर शिक्षिका के खिलाफ मारपीट, सरकारी कार्य में बाधा डालने समेत अन्य संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज किया गया है। आरोपी शिक्षिका को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है। पुलिस मामले की जांच में जुटी है।

आजमगढ़ सरायमीर श्रीराम-जानकी मंदिर में चोरी का खुलासा, अंतर्जनपदीय शातिर अभियुक्ता गिरफ्तार गर्भगृह से मुकुट, नथुनी और नकदी चोरी करने का आरोप, निशानदेही पर चोरी का सामान बरामद


 आजमगढ़ सरायमीर श्रीराम-जानकी मंदिर में चोरी का खुलासा, अंतर्जनपदीय शातिर अभियुक्ता गिरफ्तार


गर्भगृह से मुकुट, नथुनी और नकदी चोरी करने का आरोप, निशानदेही पर चोरी का सामान बरामद


उत्तर प्रदेश के आजमगढ़ जनपद के सरायमीर थाना क्षेत्र के नई बाजार स्थित श्रीराम-जानकी मंदिर में हुई चोरी की घटना का पुलिस ने खुलासा करते हुए एक अंतर्जनपदीय शातिर अभियुक्ता को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने उसकी निशानदेही पर मंदिर से चोरी किया गया चांदी का मुकुट, पीली धातु की नथुनी और 403 रुपये नकद बरामद किए हैं। 


पुलिस के अनुसार, पांच सितंबर को दोपहर करीब 2:38 से 2:45 बजे के बीच अभियुक्ता मुख्य द्वार से मंदिर में दाखिल हुई और रामदरबार व दुर्गा माता के गर्भगृह में पहुंचकर वहां रखे सामान और नकदी पर हाथ साफ कर दिया। चोरी के बाद सामान को झाड़ियों में छिपा दिया गया था। घटना के संबंध में छह सितंबर को थाना सरायमीर में मुकदमा अपराध संख्या 227/2026, धारा 305(D) बीएनएस के तहत मुकदमा दर्ज किया गया था। जांच के दौरान पुलिस ने आठ सितंबर को अभियुक्ता को गिरफ्तार कर लिया। उसकी निशानदेही पर चोरी का सामान बरामद होने के बाद मुकदमे में धारा 317(2) बीएनएस की बढ़ोतरी की गई है। बरामद सामान में एक सफेद धातु का चिपटा मुकुट, एक पीली धातु की नथुनी, जिसमें सफेद व काला नग लगा है, तथा 403 रुपये नकद शामिल हैं। 


पुलिस के मुताबिक गिरफ्तार अभियुक्ता के खिलाफ जौनपुर और अंबेडकरनगर जिले के विभिन्न थानों में चोरी, चोरी के माल से संबंधित अपराध और आबकारी अधिनियम के तहत कुल सात मुकदमे पहले से दर्ज हैं। गिरफ्तारी और बरामदगी करने वाली पुलिस टीम में उपनिरीक्षक धर्मेंद्र कुमार, हेड कांस्टेबल धीरज मिश्रा, कांस्टेबल आलोक सिंह और महिला कांस्टेबल संजू सिंह, थाना सरायमीर शामिल रहे। पुलिस ने अभियुक्ता के विरुद्ध आवश्यक विधिक कार्रवाई शुरू कर दी है।

कौशांबी थाने के गेट पर महिला सिपाही की गोली लगने से मौत पहरा ड्यूटी के दौरान चली गोली; आत्महत्या या हादसा, अभी स्पष्ट नहीं


 कौशांबी थाने के गेट पर महिला सिपाही की गोली लगने से मौत


पहरा ड्यूटी के दौरान चली गोली; आत्महत्या या हादसा, अभी स्पष्ट नहीं


उत्तर प्रदेश के कौशांबी जिले में मंगलवार सुबह दिल दहला देने वाली घटना सामने आई। महिला थाना के गेट पर पहरा ड्यूटी में तैनात महिला सिपाही प्रियंका यादव की गोली लगने से मौत हो गई। गोली उसके गले को चीरते हुए सिर से निकल गई। गोली चलने की आवाज सुनकर मौके पर पहुंचे साथी पुलिसकर्मियों ने उसे खून से लथपथ हालत में जमीन पर पड़ा देखा। आनन-फानन में उसे मेडिकल कॉलेज ले जाया गया, जहां चिकित्सकों ने मृत घोषित कर दिया।


 घटना की सूचना मिलते ही पुलिस विभाग में हड़कंप मच गया। पुलिस अधीक्षक सत्यनारायण , डीएसपी सौरभ सामंत समेत अन्य अधिकारी मौके पर पहुंचे और घटनास्थल का निरीक्षण किया। पुलिस ने मौके से मिले साक्ष्यों को सुरक्षित करने के साथ ही थाने में लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज भी खंगालनी शुरू कर दी है। बताया गया कि प्रियंका यादव महिला थाना में पहरा ड्यूटी पर तैनात थी। मंगलवार सुबह अचानक गोली चलने की आवाज सुनाई दी। आवाज सुनकर साथी पुलिसकर्मी मौके पर पहुंचे तो प्रियंका गंभीर रूप से घायल अवस्था में मिली। उसके पास सरकारी राइफल मौजूद थी।


 डीएसपी के अनुसार, प्रथम दृष्टया यह स्पष्ट नहीं हो सका है कि महिला आरक्षी ने खुद को गोली मारी अथवा राइफल से अचानक फायर हुआ। पुलिस सभी संभावित पहलुओं को ध्यान में रखकर जांच कर रही है। घटनास्थल और सीसीटीवी फुटेज की जांच के साथ ही ड्यूटी पर मौजूद पुलिसकर्मियों से भी पूछताछ की जा रही है। पुलिस ने महिला सिपाही के कमरे की भी तलाशी ली, लेकिन वहां से फिलहाल कोई सुसाइड नोट नहीं मिला है। अधिकारियों का कहना है कि जांच पूरी होने के बाद ही गोली चलने की वास्तविक वजह स्पष्ट हो सकेगी। प्रियंका यादव ने पिछले वर्ष ही पुलिस बल में भर्ती होकर सेवा शुरू की थी। घटना के बाद पुलिस विभाग में शोक का माहौल है।

आजमगढ़ रौनापार युवक को घर से घसीटकर ले गए गौशाला, कालिख पोत पेड़ से बांधा चोरी का झूठा आरोप लगाकर लात-घूंसों से पीटने का आरोप, दबंगई से बनाया जा रहा था दबाव


 आजमगढ़ रौनापार युवक को घर से घसीटकर ले गए गौशाला, कालिख पोत पेड़ से बांधा



चोरी का झूठा आरोप लगाकर लात-घूंसों से पीटने का आरोप, दबंगई से बनाया जा रहा था दबाव


उत्तर प्रदेश के आजमगढ़ जनपद के रौनापार थाना क्षेत्र के महुला गांव में मजदूरी मांगने को लेकर एक युवक के साथ मारपीट और अमानवीय व्यवहार किए जाने का मामला सामने आया है। पीड़ित ने गौशाला संचालक समेत तीन लोगों पर घर से घसीटकर गौशाला ले जाने, चेहरे पर कालिख पोतकर पेड़ से बांधने और चोरी का झूठा आरोप लगाकर मारपीट करने का आरोप लगाया है। पीड़ित की तहरीर पर रौनापार पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया है।


 महुला गांव निवासी मिथिलेश पुत्र जगन्नाथ गुप्ता के अनुसार वह करीब 30 दिन पूर्व गांव के रवी राय पुत्र स्व. श्रीप्रकाश राय की गौशाला में पशुओं की देखभाल के लिए 7,500 रुपये प्रतिमाह की मजदूरी पर काम करने लगा था। एक माह काम पूरा होने के बाद उसने 5 सितंबर 2026 को अपनी मजदूरी मांगी। आरोप है कि मजदूरी मांगने पर रवी राय ने उसे गाली-गलौज देते हुए गौशाला से भगा दिया।


 पीड़ित के मुताबिक इसके बाद वह अपने घर चला गया। आरोप है कि 6 सितंबर 2026 की सुबह करीब छह बजे रवी राय, संदीप राय पुत्र श्रीप्रकाश राय और मंजू देवी पत्नी स्व. श्रीप्रकाश राय उसके घर पहुंचे। तीनों ने दबंगई के बल पर उसे घर से बाहर निकाला और कथित तौर पर घसीटते तथा मारते हुए गौशाला तक ले गए। मिथिलेश ने तहरीर में आरोप लगाया है कि गौशाला पहुंचने के बाद आरोपियों ने उसके चेहरे पर कालिख पोत दी और उसे पेड़ से बांध दिया। इसके बाद उस पर चोरी का झूठा आरोप लगाते हुए रवी राय, संदीप राय और मंजू देवी ने मिलकर लात-घूंसों से मारपीट की। पीड़ित का यह भी आरोप है कि आरोपी दबंगई के बल पर उससे जबरन गौशाला में काम करवाना चाहते थे। घटना से परेशान पीड़ित ने 7 सितंबर 2026 को रौनापार थाने पहुंचकर पुलिस को लिखित तहरीर दी और मामले की जांच कर आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की। पुलिस के अनुसार पीड़ित की तहरीर के आधार पर आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया गया है।