Saturday, 6 June 2026

लखनऊ,नाबालिग लड़कियों की तस्करी का बड़ा खुलासा रंग-रूप और लंबाई के हिसाब से तय होते थे रेट यूपी से लड़कियों को राजस्थान भेजकर 5 से 7 लाख रुपये में बेचता था गिरोह


 लखनऊ,नाबालिग लड़कियों की तस्करी का बड़ा खुलासा



रंग-रूप और लंबाई के हिसाब से तय होते थे रेट


यूपी से लड़कियों को राजस्थान भेजकर 5 से 7 लाख रुपये में बेचता था गिरोह



लखनऊ, उत्तर प्रदेश से नाबालिग लड़कियों की तस्करी करने वाले एक अंतरराज्यीय गिरोह का सनसनीखेज खुलासा हुआ है। मोहनलालगंज पुलिस की जांच में सामने आया है कि राजस्थान के कोटा स्थित एक गिरोह लड़कियों के रंग-रूप और लंबाई के आधार पर उनकी कीमत तय करता था। मामले में गिरफ्तार रायबरेली के मिल एरिया निवासी प्रिया गिरोह की सरगना सोनम और उसके पति को मोबाइल पर लड़कियों की तस्वीरें भेजती थी, जिसके बाद सौदे की रकम तय की जाती थी।


 पुलिस जांच के अनुसार, पसंद आने वाली लड़कियों का सौदा डेढ़ से दो लाख रुपये में किया जाता था। इसके बाद उन्हें राजस्थान भेज दिया जाता था, जहां गिरोह की सरगना सोनम उन्हीं लड़कियों को पांच से सात लाख रुपये तक में बेच देती थी। सोनम वर्तमान में राजस्थान के कोटा जिले के बम्बौरी क्षेत्र में रहती है और वहीं से पूरे नेटवर्क का संचालन करती थी। तफ्तीश में यह भी सामने आया है कि गिरोह रायबरेली, सुल्तानपुर और लखनऊ के ग्रामीण क्षेत्रों में सक्रिय था। 


आरोपी नट बिरादरी, गरीब परिवारों, भीख मांगने वाले परिवारों तथा अनाथ लड़कियों को निशाना बनाते थे। प्रिया ने रायबरेली के मिल एरिया से अपना नेटवर्क संचालित करते हुए कई जिलों तक इसकी पहुंच बना रखी थी। पुलिस के मुताबिक, गिरोह अब तक 10 से 12 लड़कियों की खरीद-फरोख्त कर चुका है। मोहनलालगंज क्षेत्र की दो किशोरियों की बरामदगी के बाद पुलिस अन्य पीड़ित लड़कियों की जानकारी जुटाने में लगी हुई है। प्राथमिक जांच में यह भी पता चला है कि लड़कियों की खरीद-फरोख्त मुख्य रूप से शादी के नाम पर की जाती थी, हालांकि अन्य पहलुओं की भी जांच जारी है। प्रिया के मोबाइल फोन से पुलिस को गिरोह से जुड़े कई महत्वपूर्ण सुराग मिले हैं। इन्हीं जानकारियों के आधार पर पुलिस पूरे नेटवर्क को खंगाल रही है।


 एसीपी मोहनलालगंज ने बताया कि आरोपियों की तलाश में पुलिस टीम राजस्थान के कोटा भेजी गई है और जल्द ही गिरोह की सरगना समेत अन्य सदस्यों की गिरफ्तारी की जाएगी। इंस्पेक्टर मोहनलालगंज ब्रजेश कुमार त्रिपाठी ने बताया कि गिरोह की सरगना सोनम मूल रूप से बिहार की रहने वाली है। वह अपने पति भूपेंद्र के साथ मिलकर कोटा से पूरे नेटवर्क का संचालन करती थी। गिरोह का नेटवर्क उत्तर प्रदेश के अलावा बिहार, राजस्थान और पंजाब तक फैला हुआ है। पुलिस को मिले नए सुरागों के आधार पर अन्य आरोपियों की तलाश भी तेज कर दी गई है।