Saturday 20 April 2024

आजमगढ़ चलती ट्रेन में बिगड़ी यात्री की तबियत स्टेशन पहुंचने से पहले तोड़ा दम


 आजमगढ़ चलती ट्रेन में बिगड़ी यात्री की तबियत


स्टेशन पहुंचने से पहले तोड़ा दम



उत्तर प्रदेश आजमगढ़ मुंबई से मऊ के लिए गोदान एक्सप्रेस ट्रेन में सवार एक यात्री की रास्ते में अचानक तबियत खराब हो गई। ट्रेन के आजमगढ़ पहुंचने से पूर्व ही उसकी मौत हो गई। स्टेशन पर ट्रेन से मृत यात्री का शव जीआरपी व आरपीएफ ने अपने कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भिजवाया। हालांकि यात्री के मोबाइल फोन से ही परिजनों को टीटीई के माध्यम से पहले ही सूचना दी गई थी। मौत के बाद परिजन रोते-बिलखते आजमगढ़ स्टेशन पर पहुंचे। मऊ जिले के चिरैयाकोट थाना अंतर्गत कमथरी नूरपुर निवासी राजेंद्र प्रसाद (45) रोजीरोटी के लिए मुंबई में रहते थे। वे वहां एक कंपनी में ट्रक चलाते थे। घर आने के लिए वे शुक्रवार को मुंबई से गोदान एक्सप्रेस में साधारण टिकट लेकर स्लीपर डिब्बे में सवार होकर यात्रा कर रहे थे। 

प्रयागराज के आसपास पहुंचने पर उनकी तबियत खराब हो गई। इस पर टीटीई ने राजेंद्र के मोबाइल से ही उनके पुत्र को फोन कर तबीयत खराब होने की जानकारी दी और कहा कि आजमगढ़ रेलवे स्टेशन पर पहुंचे। प्रयागराज से आजमगढ़ आते-आते राजेंद्र की ट्रेन में ही मौत हो गई। ट्रेन में रनिंग स्टाफ की सूचना पर जीआरपी प्रभारी बीबी राजभर व आरपीएफ प्रभारी रमेश चंद्र मीणा मौके पर पहुंच गए। रेलवे कोच से शव को बाहर निकाला गया और जरूरी कवायद पूरी कर शव को पोस्टमार्टम के लिए भिजवाया गया। इस बीच आजमगढ़ स्टेशन पर मृतक के परिजन भी पहुंच गए। मृतक दो पुत्र व एक पुत्री का पिता था। घटना से परिजनों में कोहराम मच गया है।

आजमगढ़ प्राइवेट विघालय संचालक की मन मानी पैसा ऐठने के लिय हर वर्ष बदल रहे है किताबें अपने मन मुताबिक छपवाते है दाम


 आजमगढ़ प्राइवेट विघालय संचालक की मन मानी पैसा ऐठने के लिय हर वर्ष बदल रहे है किताबें 


अपने मन मुताबिक छपवाते है दाम 



उत्तर प्रदेश आजमगढ़ जिले मे धड़ल्ले से प्राइवेट विघालय के संचालक धन उगाही व लूट पाट मचाए हुय है अभिभावकों की कमर तोड़ने के लिए हर वर्ष किताबें बदल रहे है। सम्बंधित विभाग वा अधिकारी कुंभकर्णी नीद मे सोया हुआ है।


जैसे कोई बच्चा नर्सरी के क्लास मे पढ़ रहा है दूसरा बच्चा LKG के क्लास मे पढ़ रहा है तीसरा बच्चा UKG के क्लास मे पढ़ रहा है चौथा बच्चा कक्षा एक मे पढ़ रहा है।


दूसरे वर्ष मे जो बच्चा नर्सरी के क्लास से पास होकर LKG के क्लास मे गया है तो वह बच्चा पिछले वर्ष के बच्चे की LKG की किताब से उसी विघालय मे नहीं पढ़ सकता क्यों की विघालय के संचालक का कहना है की हर वर्ष किताबें चेन्ज होती है एक दूसरे बच्चे की किताब को अगले वर्ष उसी क्लास मे उसी किताब को कोई दूसरा बच्चा नहीं पढ़ सकता है।


 गौर करने की बात यह है की जो किताब विघालय मे पढ़ाई जाएगी वह बाजार मे नहीं मिलती है कारण यह है की प्राइवेट विघालय संचालक हर वर्ष किताबें अपने मन मुताबिक दाम मे छपवाते है अभिभावकों की कमर तोड़ने के लिए। अगर किसी के घर के चार बच्चे पढ़ रहे है सीरियल वाइज क्लास मे जैसे नर्सरी , LKG, UKL, कक्षा एक मे। दूसरे वर्ष नर्सरी वाला बच्चा LKG के बच्चे की किताब को उसी विघालय मे नहीं पढ़ सकता LKG वाला बच्चा दूसरे वर्ष मे UKG वाले बच्चे की किताब को उसी विघालय मे नहीं पढ़ सकता क्यों की प्राइवेट विघालय संचालक अपने विघालय की किताब हर वर्ष चेन्ज कर देते है अभिभावकों से पैसा ऐंठने के लिए मन मुताबिक दाम की किताबें छपवाकर 


प्राइवेट विघालय संचालक सरकार को बदनाम करने के साथ साथ शिक्षा का असितित्व गिराने से बाज नहीं आ रहे है और शिक्षा को बिजनेश बना कर स्तेमाल कर रहे है संबंधित विभाग वा अधिकारियों को इस मामले को संज्ञान मे लेकर उचित कार्यवाही करने की आवश्यकता है

आजमगढ़ मेंहनगर लूट का विरोध करने पर युवक को मारा चाकू बीती रात घर वापस लौटते समय हुई वारदात


 आजमगढ़ मेंहनगर लूट का विरोध करने पर युवक को मारा चाकू


बीती रात घर वापस लौटते समय हुई वारदात



आजमगढ़ मेंहनगर थाना क्षेत्र के रसूलपुर पुलिया के पास बाइक सवार तीन बदमाशों ने ओवरटेक कर बाइक से घर लौट रहे पिता-पुत्र को रोक लिया और लूटपाट का प्रयास किया। पिता-पुत्र बदमाशों से भिड़ गए। लूट के प्रयास में असफल होने पर बदमाशों ने पुत्र पर चाकू से प्रहार कर दिया और फरार हो गए।


 गंभीरपुर थाना क्षेत्र के अरारे गांव निवासी रामविलास सिंह (60) अपने पुत्र अमित (37) के साथ शुक्रवार को अपने ससुराल मेंहनगर थाना क्षेत्र के रामपुर गांव निवासी प्रमोद सिंह के घर गए थे। देर रात पिता-पुत्र बाइक से शारदा सहायक खंड 23 नहर की पटरी से होते हुए वापस घर लौट रहे थे। पिता-पुत्र रसूलपुर पुलिया के पास पहुंचे थे कि एक बाइक सवार तीन बदमाशों ने ओवरटेक कर उन्हें रोक लिया। तीनों ने लूटपाट का प्रयास किया तो पिता-पुत्र बदमाशों से भिड़ गए। जिस पर बदमाशों ने चाकू से हमला बोल दिया। चाकू पुत्र अमित के कंधे व कान के पास लगा, जिससे वह लहुलुहान हो गया। इसके बाद बदमाश घायल अमित की मोबाइल लूट कर सिंहपुर की तरफ फरार हो गए।


 वहीं, पुत्र के घायल होने के बाद पिता रामविलास ने शोर मचाना शुरू किया तो रसूलपुर गांव में आयोजित एक वैवाहिक समारोह में शामिल लोग मौके पर पहुंच गए। इस बीच, सूचना पर पहुंची एंबुलेस से घायल को तत्काल इलाज के लिए सीएचसी मेंहनगर भेजा गया। जहां हालत गंभीर देख डॉक्टर ने उसे जिला अस्पताल रेफर कर दिया। जिला अस्पताल से भी रेफर होने पर परिजन उसे जिला मुख्यालय स्थित प्राइवेट अस्पताल पर भर्ती कराया। थाना प्रभारी, मेंहनगर संजय कुमार सिंह ने बताया कि घटना की सूचना पर घायल को तत्काल इलाज के लिए अस्पताल भेजवा दिया गया। फिलहाल घायल से क्या लूट हुई है। इसकी जानकारी नहीं हो सकी है। अभी कोई तहरीर भी नहीं मिली है। तहरीर मिलती है तो मुकदमा दर्ज कर आगे की कार्रवाई की जाएगी।

गाजीपुर पैदा होते ही अंबेडकर प्रतिमा के नीचे फेंक गए नवजात बच्ची महिला सिपाही ने हॉस्पिटल पहुंचाया


 गाजीपुर पैदा होते ही अंबेडकर प्रतिमा के नीचे फेंक गए नवजात बच्ची



महिला सिपाही ने हॉस्पिटल पहुंचाया


उत्तर प्रदेश के गाजीपुर में एक नवजात बच्ची लावारिस हालत में मिली है। किसी मां ने जन्म देने के कुछ ही घंटे बाद बच्ची को कपड़े में लपेटकर लावारिस अवस्था में छोड़ दिया। महिला कौन थी? उसने ऐसा क्यों किया? अभी इसके बारे में जानकारी नहीं हो सकी है।


 वाराणसी-गोरखपुर राष्ट्रीय राजमार्ग के मरदह बस स्टैंड स्थित डॉ0 भीमराव अंबेडकर प्रतिमा के सामने मरदह गांव निवासी राधेश्याम मद्धेशिया की मिठाई और चाय की दुकान है इसी के पास शनिवार की सुबह नवजात बच्ची को कपड़े में लपेटकर लावारिस अवस्था में छोड़ दिया गया। अब इसके पीछे क्या कारण हो सकता है ये तो बच्ची को जन्म देने वाली मां ही बता सकती है। 


लेकिन बच्ची का क्या कसूर था? क्या बिटिया थी इसलिए उसे फेंक दिया गया? या कोई अन्य कारण इस तरह के कई सवाल लोगों के बीच चर्चा का विषय बने हुए हैं। लोग कयास लगा रहे हैं कि बच्ची शायद यहीं आसपास की होगी। जब स्थानीय लोग कपड़े में लिपटी हुई बच्ची के पास गए तो समझने में देर नहीं लगी उन्होंने बगल में कुछ दूर पर स्थित होमगार्ड के जवानों सहित पुलिस को सूचना देखकर बुलाया मरदह थाने में तैनात एक महिला सिपाही लावारिस मिली नवजात बच्ची को अपनी गोद में रखकर एकटक निहारे जा रही थी। शायद यही सोच रही थी कि आखिर इस बच्ची का क्या कसूर था? जो उसके ही अपनों ने उसे जीवन भर की सजा दे दी।


 इस संबंध में थानाध्यक्ष मरदह धर्मेंद्र पांडेय ने बताया कि एक गमछे में एक नवजात बच्ची पड़ी मिली बच्ची को थाने लाकर महिला पुलिसकर्मी के पास रखा गया था बच्ची पूर्णतः स्वस्थ है. बच्ची को जिला महिला चिकित्सालय गाजीपुर भेजा गया है वहां से चाइल्ड केयर को सौंपा जाएगा।

एटा ससुर ने बहू को बना लिया घरवाली, बेटा पहुंचा थाने कहानी सुन पुलिस भी चकराई; मदद करने से खड़े कर दिए हाथ


 एटा ससुर ने बहू को बना लिया घरवाली, बेटा पहुंचा थाने


कहानी सुन पुलिस भी चकराई; मदद करने से खड़े कर दिए हाथ



उत्तर प्रदेश के एटा से एक अजीबो-गरीब मामला सामने आया है। यहां एक युवक ने पुलिस से मदद की गुहार लगाई। उसका कहना है कि उसके पिता ने जबरन उसकी पत्नी को अपनी पत्नी बना ली है। उसे डरा धमकाकर अपने साथ रख रहे हैं। उसकी बात सुन पुलिस भी चकरा गई। पुलिस का कहना है कि मामला कोर्ट से ही निस्तारित हो पाएगा। मामला मिरहची थाना क्षेत्र के नगला खरगी गांव का है। गांव निवासी राजबहादुर ने पुलिस को अपनी पीड़ा बताई। बताया कि मेरी पत्नी रूबी को मेरे पिता रामपाल ने डरा-धमकाकर अपनी पत्नी बना लिया है। नवंबर माह में पिता ने मेरी शादी औपचारिक रूप से कराई थी। एक माह वह मेरे साथ रही। इसके बाद मेरे पिता ने उसे जबरन अपने साथ रख लिया। डरा-धमकाकर अपनी पत्नी बना ली।



मामले में सीओ सदर अमित कुमार रॉय ने बताया कि युवक एक महिला को अपनी पत्नी बता रहा है। जबकि, महिला कह रही है कि उसकी शादी उसके पिता रामपाल के साथ हुई है। यह मामला कोर्ट में ही निस्तारित हो पाएगा कि आखिर वह किसकी पत्नी है। शांति व्यवस्था भंग ना हो इसके लिए पुलिस नजर रखेगी।