Friday, 9 January 2026

आजमगढ़ फिर चर्चा में आया जनपद का यह थाना पीड़ित ने कहा किसी भी अनहोनी के लिए दरोगा होंगे जिम्मेदार, एसएसपी को सौंपा ज्ञापन


 आजमगढ़ फिर चर्चा में आया जनपद का यह थाना



पीड़ित ने कहा किसी भी अनहोनी के लिए दरोगा होंगे जिम्मेदार, एसएसपी को सौंपा ज्ञापन



उत्तर प्रदेश, आजमगढ़, थाना क्षेत्र में हुई बड़ी से बड़ी चोरियों का खुलासा न कर पाने और आये दिन हो रही चोरी सहित छिनैती की घटनाएं होने के लिए चर्चित जनपद का रानी की सराय थाना क्षेत्र एक बार फिर चर्चा में आ गया है। पुलिस अधीक्षक डा० अनिल कुमार को शिकायती पत्र देने पहुंचे पत्रकारों के समूह ने थाना रानी की सराय में हो रही गैर कानूनी गतिविधियों से अवगत कराया। मामला थाना रानी की सराय के सब इंसपेक्टर द्वारा पत्रकार के साथ बदसलूकी का है। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक को दिये गये ज्ञापन में आरोप लगाया गया है कि अवैध रूप से जमीन कब्जा किए जाने की सूचना पर खबर कवरेज के लिए पहुंचे एक अखबार के ब्यूरो चीफ शिव प्रकाश चतुर्वेदी जब वीडियो बना रहे थे, तभी रानी की सराय थाने में तैनात दरोगा सुनील यादव ने कथित तौर पर उनका मोबाइल फोन छीन लिया और भद्दी-भारी गालियां देते हुए सारी पत्रकारिता निकाल देने की धमकी दी। आरोप है कि मौके पर मौजूद लोगों के बीच-बचाव के बावजूद दरोगा लगातार अपमानजनक भाषा का प्रयोग करते रहे। पीड़ित पत्रकार का कहना है कि उन्होंने तत्काल इस पूरे मामले की जानकारी पुलिस अधीक्षक डॉ॰ अनिल कुमार को दी, लेकिन इसके बावजूद उनकी शिकायत पर कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई। 


शिव प्रकाश चतुर्वेदी का आरोप है कि रानी की सराय थाने के एसएचओ सुनील कुमार सिंह और एएसआई सुनील कुमार यादव द्वारा भी उन्हें अपमानित किया गया। घटना से आहत होकर शिव प्रकाश चतुर्वेदी ने कई वरिष्ठ पत्रकारों के साथ शुक्रवार को पुलिस अधीक्षक को प्रार्थना पत्र सौंपकर न्याय की गुहार लगाई। शिव प्रकाश चतुर्वेदी ने कहा है कि यदि दो दिनों के भीतर दरोगा सुनील यादव पर कार्रवाई नहीं की गई तो वे किसी भी कानूनी व संवधौनिक कदम उठाने के लिए मजबूर होंगे। उन्होंने यहां तक कहा कि यदि उनके साथ कोई अनहोनी होती है तो इसकी पूरी जिम्मेदारी संबंधित दरोगा की होगी।

आजमगढ़ डीएम ने इन स्कूल वाहनों का पंजीकरण निरस्त करने का दिया निर्देश सड़क सुरक्षा को लेकर प्रशासन सख्त, 48 ब्लैक स्पॉट चिन्हित, अवैध कट बंद करने व फिटनेस जांच के निर्देश


 आजमगढ़ डीएम ने इन स्कूल वाहनों का पंजीकरण निरस्त करने का दिया निर्देश



सड़क सुरक्षा को लेकर प्रशासन सख्त, 48 ब्लैक स्पॉट चिन्हित, अवैध कट बंद करने व फिटनेस जांच के निर्देश



उत्तर प्रदेश के आजमगढ़ जिले के जिलाधिकारी रविन्द्र कुमार की अध्यक्षता एवं वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डॉ. अनिल कुमार की उपस्थिति में शुक्रवार को कलेक्ट्रेट सभागार में जिला सड़क सुरक्षा समिति की बैठक आयोजित की गई। बैठक में पूर्व में दिए गए निदेर्शों की समीक्षा करते हुए जिलाधिकारी ने सड़क सुरक्षा के संबंध में अब तक की गई कार्रवाई की विस्तृत जानकारी ली। बैठक में अवगत कराया गया कि जिले में ब्लैक स्पॉट का सर्वे पूर्ण कर लिया गया है और आवश्यक सुधारात्मक कार्यवाही की जा रही है। नेशनल हाईवे पर कुल 48 ब्लैक स्पॉट चिन्हित किए गए हैं, जिनमें से 14 ब्लैक स्पॉट पर रंबल स्ट्रिप, साइनेज लगाए जा चुके हैं, जबकि स्पीड ब्रेकर बनाने की प्रक्रिया जारी है। हाईवे पर चिन्हित पुलियों पर साइनेज और पेंटिंग का कार्य भी पूरा कर लिया गया है।


 डीएम ने आरटीओ, पुलिस एवं पीडब्ल्यूडी की संयुक्त टीम गठित कर कार्यों का सत्यापन कराने के निर्देश दिए। अधिकारियों ने बताया कि वाराणसी नेशनल हाईवे पर किए गए 15 अवैध कट बंद कर दिए गए हैं। डीएम ने निर्देश दिया कि ब्लैक स्पॉट की सूची सभी संबंधित विभाग आपस में साझा करें, जिसमें एंबुलेंस नंबर, क्रेन-कटर वाहन चालक का नाम व मोबाइल नंबर तथा एनएच के पीडी का संपर्क विवरण भी शामिल हो। स्कूली वाहनों की फिटनेस जांच को लेकर डीएम ने स्पष्ट निर्देश दिए कि अनफिट पाए जाने वाले वाहनों को 15 दिन का समय दिया जाए और इसके बाद भी फिटनेस प्रमाण पत्र न देने पर पंजीकरण निरस्त किया जाए।


 वाहन चालानों की वसूली की समीक्षा करते हुए उन्होंने कहा कि जिन वाहनों का बार-बार चालान हुआ है, उनकी फिटनेस, प्रदूषण और चालक के लाइसेंस की जांच कराई जाए तथा ऐसे टॉप-10 वाहनों को सीज कर इसकी जानकारी समाचार पत्रों में प्रकाशित कराई जाए। डीएम ने सड़क सुरक्षा माह के दौरान आमजन को जागरूक करने एवं वाहन चालकों को प्रशिक्षण देने के निर्देश दिए। उन्होंने एआरटीओ (प्रवर्तन) को अभियान चलाकर सरकारी व निजी बस चालकों की आंखों की जांच, आवश्यकतानुसार चश्मा वितरण तथा अन्य कार्रवाई सुनिश्चित करने को कहा। साथ ही पीडब्ल्यूडी को वन विभाग से समन्वय कर ग्रामीण सड़कों पर लटक रहे पेड़ों व झाड़ियों की छंटाई कराने का निर्देश दिया।


 वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डॉ. अनिल कुमार ने कहा कि यदि अवैध कट बंद होने के बाद दोबारा बनाए जाते हैं तो इसकी सूचना संबंधित थानों को तत्काल दी जाए। उन्होंने अपर पुलिस अधीक्षक (ट्रैफिक), एआरटीओ और एनएचएआई के अधिकारियों को निर्देश दिया कि हाईवे पर ऐसे स्थान भी चिन्हित किए जाएं, जहां वास्तव में कट की आवश्यकता है, ताकि वहां नियमानुसार कार्रवाई की जा सके। साथ ही राष्ट्रीय राजमार्गों पर चलने वाली पेट्रोलिंग गाड़ियों में पब्लिक एड्रेस सिस्टम सक्रिय कर सड़क सुरक्षा से संबंधित संदेश प्रसारित करने के निर्देश दिए। बैठक में अपर जिला अधिकारी प्रशासन राहुल विश्वकर्मा, अपर पुलिस अधीक्षक ट्रैफिक, एआरटीओ प्रवर्तन अतुल यादव, अधिशासी अभियंता पीडब्ल्यूडी, जिला विद्यालय निरीक्षक, एनएचएआई के प्रतिनिधि सहित अन्य संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे।