Friday, 28 August 2026

आजमगढ़ पवई, पिलर से टकराई रोडवेज बस, चालक समेत 2 की मौत, 24 यात्री घायल पिकअप को बचाने के दौरान बेकाबू हुई बस, देर रात स्टोन नंबर 191 के पास हुआ हादसा पुलिस और एक्सप्रेसवे की एंबुलेंस टीम ने घायलों को अस्पताल पहुंचाया


 आजमगढ़ पवई, पिलर से टकराई रोडवेज बस, चालक समेत 2 की मौत, 24 यात्री घायल



पिकअप को बचाने के दौरान बेकाबू हुई बस, देर रात स्टोन नंबर 191 के पास हुआ हादसा


पुलिस और एक्सप्रेसवे की एंबुलेंस टीम ने घायलों को अस्पताल पहुंचाया


उत्तर प्रदेश के आजमगढ़ जिले में पूर्वांचल एक्सप्रेसवे पर गुरुवार देर रात तेज रफ्तार रोडवेज बस अनियंत्रित होकर गोरखपुर लिंक एक्सप्रेसवे के पिलर से जा टकराई। भीषण टक्कर में बस चालक और एक महिला यात्री की मौत हो गई, जबकि करीब दो दर्जन यात्री घायल हो गए। हादसे के बाद मौके पर चीख-पुकार और अफरा-तफरी मच गई।


 जानकारी के मुताबिक बेल्थरा रोड डिपो की रोडवेज बस लखनऊ से यात्रियों को लेकर बलिया के लिए निकली थी। बस को लखनऊ से आजमगढ़ होते हुए बलिया पहुंचना था। देर रात जब बस पूर्वांचल एक्सप्रेसवे पर आजमगढ़ की ओर जा रही थी, तभी स्टोन नंबर 191 के पास उसके आगे चल रहा पिकअप वाहन अचानक अनियंत्रित हो गया। पिकअप को असंतुलित होता देख बस चालक ने टक्कर से बचने के लिए बस को नियंत्रित करने का प्रयास किया। इसी दौरान तेज गति के कारण बस चालक के नियंत्रण से बाहर हो गई और सड़क किनारे स्थित गोरखपुर लिंक एक्सप्रेसवे के पिलर से जा भिड़ी। टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि बस में सवार यात्रियों में चीख-पुकार मच गई। दुर्घटना की जानकारी मिलते ही पूर्वांचल एक्सप्रेसवे की एंबुलेंस टीम और पवई थाना पुलिस घटनास्थल पर पहुंच गई। राहत एवं बचाव दल ने बस में फंसे यात्रियों को बाहर निकाला। घायलों को एंबुलेंस से जिला अस्पताल समेत आसपास के अस्पतालों में भर्ती कराया गया। कुछ घायलों की हालत गंभीर होने पर उन्हें बेहतर उपचार के लिए जिला अस्पताल रेफर किया गया। 


पवई पुलिस के अनुसार हादसे में रोडवेज बस चालक और एक महिला यात्री की मौके पर ही मौत हो गई। हादसे में घायल यात्रियों की संख्या करीब दो दर्जन बताई जा रही है। पुलिस मृतकों की पहचान कराने के साथ ही घायलों की पूरी जानकारी जुटा रही है। घटना के बाद पुलिस ने मौके का निरीक्षण कर दुर्घटना के कारणों की जांच शुरू कर दी है। दुर्घटनाग्रस्त बस को एक्सप्रेसवे से हटाने की कार्रवाई भी की गई। प्रारंभिक जांच में पिकअप के अचानक अनियंत्रित होने के बाद उसे बचाने के प्रयास को हादसे की वजह माना जा रहा है। हालांकि दुर्घटना के वास्तविक कारणों की पुष्टि पुलिस की जांच पूरी होने के बाद ही होगी।

आजमगढ़ बरदह, आसमान से बरसा कहर, 1 महिला की मौत, 7 घायल धान के खेत में मजदूरी कर रहीं थीं 8 महिलाएं, तेज बारिश के बीच गिरी बिजली


 आजमगढ़ बरदह, आसमान से बरसा कहर, 1 महिला की मौत, 7 घायल



धान के खेत में मजदूरी कर रहीं थीं 8 महिलाएं, तेज बारिश के बीच गिरी बिजली



उत्तर प्रदेश के आजमगढ़ जिले के बरदह थाना क्षेत्र के लसड़ा कला गांव में गुरुवार दोपहर धान के खेत में मजदूरी कर रहीं आठ महिलाएं अचानक आकाशीय बिजली की चपेट में आ गईं। हादसे में 42 वर्षीय महिला की मौत हो गई, जबकि सात अन्य महिलाएं गंभीर रूप से घायल हो गईं। सभी घायलों का प्राथमिक उपचार कराने के बाद चिकित्सकों ने उन्हें बेहतर इलाज के लिए आजमगढ़ और जौनपुर के हायर सेंटर रेफर कर दिया।


 बताया गया कि लसड़ा कला गांव की आठ महिलाएं गुरुवार को गांव में ही धान के खेत में मजदूरी करने गई थीं। दोपहर करीब एक बजे अचानक तेज बारिश शुरू हो गई। इसी दौरान आकाशीय बिजली गिरने से सभी महिलाएं उसकी चपेट में आ गईं और गंभीर रूप से घायल हो गईं। घटना के बाद खेत में अफरा-तफरी मच गई। ग्रामीणों ने आनन-फानन में सभी घायल महिलाओं को निजी साधनों से सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र महुजानेवादा और मार्टिनगंज पहुंचाया। वहां चिकित्सकों ने नीतू पत्नी हरिकांत, उम्र करीब 42 वर्ष, को मृत घोषित कर दिया। वहीं अनीता पत्नी संतोष, रेनू पत्नी राजकुमार, राधिका पत्नी सहजू, सतना पुत्री राम भवन, तारा पत्नी जगदीश, सरिता पुत्री जगदीश और गीता पत्नी फूलचंद का प्राथमिक उपचार किया गया। हालत गंभीर होने पर चिकित्सकों ने सभी को आजमगढ़ और जौनपुर के हायर सेंटर के लिए रेफर कर दिया। मृतका नीतू का परिवार मजदूरी कर अपना भरण-पोषण करता था। पति हरिकांत भी मजदूरी करते हैं। नीतू स्वयं मजदूरी कर अपने चार बच्चों का पालन-पोषण करती थीं। उनके तीन बेटे और एक बेटी ब्यूटी (12) है, जो कक्षा पांच की छात्रा है। मां की मौत की खबर से बच्चों का रो-रोकर बुरा हाल है। परिवार में मातम पसरा हुआ है। 


घटना की जानकारी मिलते ही मार्टिनगंज के उपजिलाधिकारी बलराम गुप्ता मौके पर पहुंचे और पीड़ित परिवार से मुलाकात की। उन्होंने मृतका के परिजनों को शासन स्तर से नियमानुसार आर्थिक सहायता दिलाने का आश्वासन दिया। साथ ही घायल महिलाओं के परिजनों को भी आवश्यक सहायता एवं मुआवजा दिलाने का भरोसा दिया। घटना के बाद गांव में शोक का माहौल है। ग्रामीणों ने प्रशासन से पीड़ित परिवार को जल्द से जल्द सरकारी सहायता उपलब्ध कराने की मांग की है।