Friday, 30 October 2026

आजमगढ़ देवगांव में अंतर्जनपदीय चोर गिरोह का पर्दाफाश, 3 शातिर गिरफ्तार पुलिस ने चोरी की 2 घटनाओं का किया खुलासा 34 मुकदमों में नामजद तीनों आरोपियों के कब्जे से बाइक, सोने-चांदी के आभूषण, नकदी और अवैध तमंचा बरामद


 आजमगढ़ देवगांव में अंतर्जनपदीय चोर गिरोह का पर्दाफाश, 3 शातिर गिरफ्तार


पुलिस ने चोरी की 2 घटनाओं का किया खुलासा


34 मुकदमों में नामजद तीनों आरोपियों के कब्जे से बाइक, सोने-चांदी के आभूषण, नकदी और अवैध तमंचा बरामद



उत्तर प्रदेश के आजमगढ़ जनपद के देवगांव कोतवाली पुलिस ने चोरी और गृहभेदन की घटनाओं में संलिप्त अंतर्जनपदीय गिरोह का पर्दाफाश करते हुए तीन शातिर अभियुक्तों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने इनके कब्जे से चोरी की एक स्प्लेंडर मोटरसाइकिल, सोने-चांदी के आभूषण, नकदी और एक अवैध तमंचा व दो जिंदा कारतूस बरामद किए हैं। गिरफ्तार तीनों अभियुक्तों के खिलाफ आजमगढ़ और जौनपुर सहित विभिन्न थानों में कुल 34 मुकदमे दर्ज हैं। 


पुलिस के मुताबिक, बीते 30 सितंबर 2026 की रात देवगांव थाना क्षेत्र के गोपालपुर सोठौली गांव निवासी रामाशंकर यादव के घर के बरामदे में खड़ी स्प्लेंडर मोटरसाइकिल, दो टीवी और अन्य घरेलू सामान चोरी कर लिया गया था। इस मामले में देवगांव थाने में मुकदमा दर्ज कर पुलिस चोरों की तलाश में जुटी थी। इसके अलावा 10 अक्टूबर 2026 को कंजहित गांव निवासी शिवशंकर के घर में घुसकर बक्से में रखे सोने-चांदी के आभूषण, नकदी और अन्य सामान चोरी कर लिया गया था। इस मामले में भी पुलिस ने मुकदमा दर्ज किया था।


 दोनों घटनाओं के खुलासे के लिए वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डॉ. अनिल कुमार के निर्देशन में देवगांव पुलिस टीम जुटी हुई थी। इसी क्रम में 30 अक्टूबर 2026 की रात करीब 1:50 बजे पुलिस ने मेहनाजपुर रोड स्थित मोलनापुर ओवरब्रिज के नीचे से तीनों अभियुक्तों को गिरफ्तार कर लिया। तलाशी के दौरान उनके कब्जे से चोरी की स्प्लेंडर मोटरसाइकिल, चांदी की तीन जोड़ी पायल, 15 बिछिया, पीली धातु की एक चेन और 1,510 रुपये नकद बरामद हुए। इसके साथ ही एक .315 बोर का अवैध तमंचा और दो जिंदा कारतूस भी मिले। 


गिरफ्तार अभियुक्तों की पहचान संजय राय निवासी रामचन्द्रपुर थाना देवगांव, सुमित उर्फ सोनू सिंह निवासी अहिरौली थाना मेहनगर और संतोष सिंह निवासी तिलहुआ थाना निजामाबाद, जनपद आजमगढ़ के रूप में हुई है। पुलिस के अनुसार, अभियुक्त संजय राय के खिलाफ 10, सुमित उर्फ सोनू सिंह के खिलाफ पांच और संतोष सिंह के खिलाफ 19 मुकदमे दर्ज हैं। इस तरह तीनों के खिलाफ कुल 34 मुकदमों का आपराधिक इतिहास सामने आया है। इनमें चोरी, लूट, धोखाधड़ी, गैंगस्टर एक्ट और आर्म्स एक्ट से संबंधित मामले शामिल हैं। संतोष सिंह के खिलाफ जौनपुर जिले के थानों में भी मुकदमे दर्ज हैं। पुलिस ने चोरी की दोनों घटनाओं में बरामदगी के आधार पर संबंधित मुकदमों में बीएनएस की धाराएं बढ़ाते हुए कार्रवाई की है। वहीं, अवैध तमंचा बरामद होने के मामले में संजय राय के खिलाफ आर्म्स एक्ट के तहत अलग मुकदमा दर्ज किया गया है। इस कार्रवाई में प्रभारी निरीक्षक राजेश कुमार सिंह यादव के नेतृत्व में उपनिरीक्षक सुल्तान खान, शकील अहमद खान सहित देवगांव थाने की पुलिस टीम शामिल रही।

आजमगढ़ बारिश और तेज हवा ने किसानों की उम्मीदों पर फेरा पानी, खेतों में बिछी धान की फसल कटाई के करीब पहुंची अधपकी धान की फसल गिरने से बढ़ी किसानों की चिंता, बालियां सड़ने और अंकुरण का सता रहा डर

आजमगढ़ बारिश और तेज हवा ने किसानों की उम्मीदों पर फेरा पानी, खेतों में बिछी धान की फसल


कटाई के करीब पहुंची अधपकी धान की फसल गिरने से बढ़ी किसानों की चिंता, बालियां सड़ने और अंकुरण का सता रहा डर



उत्तर प्रदेश के आजमगढ़ जिले में हुई बारिश और तेज हवाओं ने किसानों की मेहनत पर पानी फेरना शुरू कर दिया है। खेतों में पकने की कगार पर पहुंच चुकी धान की फसल तेज हवा के झोंकों को सहन नहीं कर सकी और जमीन पर बिछ गई। कई खेतों में अधपकी फसल गिरने से किसानों के सामने अब अपनी उपज बचाने की चुनौती खड़ी हो गई है। फसल को हुए नुकसान की आशंका से किसान परेशान हैं। मौसम विभाग की ओर से बारिश और तेज आंधी की चेतावनी जारी होने के बाद से ही किसान सहमे हुए थे। पहले से खेतों में मौजूद नमी के कारण धान के पौधे कमजोर हो चुके थे। इसी बीच रुक-रुककर हुई बारिश ने खेतों में नमी और बढ़ा दी। इसके बाद रात में चली तेज हवाओं ने खड़ी फसल को जमीन पर गिरा दिया। देखते ही देखते खेतों में लहलहा रही धान की फसल बिछ गई। फसल गिरने के बाद किसानों को अब दोहरी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। खेतों में पानी जमा रहने और धान की बालियों के मिट्टी के संपर्क में आने से उनके सड़ने का खतरा बना हुआ है। वहीं, बालियों में दोबारा अंकुरण होने की आशंका भी किसानों को सता रही है। फसल जमीन पर गिरने से हार्वेस्टर से कटाई कराना भी मुश्किल हो सकता है। ऐसे में किसानों को मजदूरों से कटाई करानी पड़ेगी, जिससे लागत बढ़ना तय माना जा रहा है। इसके अलावा गिरी हुई फसल की कटाई, बोझ बांधने, उसे सुरक्षित स्थान तक पहुंचाने और मड़ाई कराने में भी अतिरिक्त मेहनत और खर्च उठाना पड़ेगा। किसानों का कहना है कि यदि जल्द मौसम साफ नहीं हुआ और खेतों से पानी नहीं निकला तो नुकसान और बढ़ सकता है। 


किसानो ने बताया कि धान की फसल तैयार करने में पूरे साल मेहनत के साथ काफी पूंजी लगानी पड़ती है। इस समय फसल पकने के करीब थी और किसान कटाई की तैयारी में जुटे थे, लेकिन बारिश और तेज हवा ने उनकी उम्मीदों को झटका दे दिया। किसानों का कहना है कि नुकसान की आशंका के बावजूद वे फसल को खेत में सड़ने के लिए नहीं छोड़ सकते। अब किसी तरह कटाई कर अपनी उपज बचाने का प्रयास करेंगे, क्योंकि धान की फसल ही उनकी सालभर की आमदनी का प्रमुख सहारा है।

 

आजमगढ़ मुबारकपुर किराये के मकान से 323 किलो अवैध पटाखे बरामद, किरायेदार फरार दीपावली से पहले पुलिस की बड़ी कार्रवाई, 14 बोरियों में भरे मिले विभिन्न ब्रांड के पटाखे


 आजमगढ़ मुबारकपुर किराये के मकान से 323 किलो अवैध पटाखे बरामद, किरायेदार फरार


दीपावली से पहले पुलिस की बड़ी कार्रवाई, 14 बोरियों में भरे मिले विभिन्न ब्रांड के पटाखे



उत्तर प्रदेश के आजमगढ़ जिले मे दीपावली त्योहार के मद्देनजर अवैध पटाखों के भंडारण और बिक्री के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत मुबारकपुर पुलिस ने बड़ी कार्रवाई की है। पुलिस ने पुरारानी मोहल्ले में एक किराये के मकान से करीब 323 किलोग्राम अवैध पटाखे बरामद किए हैं। बरामद पटाखों को 14 बोरियों में भरकर पुलिस ने कब्जे में ले लिया। हालांकि, पुलिस को देखकर पटाखों का कथित भंडारण करने वाला किरायेदार मौके से फरार हो गया। पुलिस के अनुसार, 29 अक्टूबर 2026 को उपनिरीक्षक प्रदीप बाजपेयी पुलिस टीम के साथ दीपावली के मद्देनजर रोडवेज कस्बा मुबारकपुर में क्षेत्र भ्रमण पर थे। इसी दौरान मुखबिर से सूचना मिली कि पुरारानी निवासी गुलाब गुप्ता पुत्र स्वर्गीय कन्हैया गुप्ता ने एक मकान में अवैध रूप से पटाखों का भंडारण कर रखा है और चोरी-छिपे उनकी बिक्री कर रहा है। सूचना पर विश्वास करते हुए पुलिस टीम ने अतिरिक्त पुलिसकर्मियों को साथ लेकर बताए गए मकान पर छापेमारी की। पुलिस को आता देख किरायेदार गुलाब गुप्ता मौके से फरार हो गया। इसके बाद पुलिस ने मकान मालकिन और स्थानीय लोगों की मौजूदगी में संबंधित कमरे की तलाशी ली। तलाशी के दौरान कमरे में विभिन्न ब्रांड और किस्म के पटाखे बड़ी मात्रा में रखे मिले। 


पुलिस के मुताबिक, बरामद पटाखों में फुलझड़ी के 1022 पैकेट, मिर्ची बम के 445 पैकेट, मिनी बुलेट बम के 265 पैकेट, चकरी के 150 पैकेट, इलेक्ट्रिक क्रैकर के 150 पैकेट, मैजिक पॉपअप के 100 पैकेट, अनार के 150 पैकेट सहित रॉकेट, मैच बम, थंडर क्रैकर, ग्रीन क्रैकर, रोल कैप और अन्य प्रकार के पटाखे शामिल हैं। इसके अलावा कई तरह के छोटे-बड़े आतिशबाजी उत्पाद भी बरामद किए गए। पुलिस ने मौके पर इलेक्ट्रॉनिक तराजू से पटाखों का वजन कराया, जो करीब 323 किलोग्राम पाया गया। बरामद सामग्री को 14 बोरियों में भरकर सील किया गया। पूरी कार्रवाई की वीडियोग्राफी ई-साक्ष्य ऐप के माध्यम से कराई गई। पुलिस के अनुसार, बरामदगी के दौरान सर्वोच्च न्यायालय के दिशा-निर्देशों का पालन किया गया। इस मामले में अवैध रूप से विस्फोटक सामग्री का भंडारण करने के आरोप में विस्फोटक पदार्थ अधिनियम के तहत कार्रवाई की गई है। पुलिस ने बरामद पटाखों को थाने लाकर आगे की कानूनी प्रक्रिया शुरू कर दी है। फरार किरायेदार की तलाश की जा रही है।

आजमगढ़ में 30 अक्टूबर को कक्षा 8 तक के सभी स्कूल बंद, बीएसए ने जारी किया आदेश वज्रपात और भारी बारिश की आशंका के चलते लिया गया फैसला


 आजमगढ़ में 30 अक्टूबर को कक्षा 8 तक के सभी स्कूल बंद, बीएसए ने जारी किया आदेश


वज्रपात और भारी बारिश की आशंका के चलते लिया गया फैसला


शिक्षकों व कर्मचारियों को अपने निर्धारित दायित्वों का निर्वहन करने के निर्देश


उत्तर प्रदेश के आजमगढ़ जनपद में वज्रपात और भारी बारिश की आशंका को देखते हुए 30 अक्टूबर 2026 को नर्सरी से कक्षा 8 तक के सभी विद्यालयों में शिक्षण कार्य बंद रहेगा। जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी राजीव पाठक ने गुरुवार, 29 अक्टूबर 2026 को इस संबंध में आदेश जारी किया है।


 जारी आदेश के अनुसार, जिलाधिकारी आजमगढ़ की अनुमति और भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD), आंचलिक केंद्र लखनऊ की एडवाइजरी के क्रम में यह निर्णय लिया गया है। इसके तहत जनपद के सभी परिषदीय, अशासकीय सहायता प्राप्त, स्ववित्तपोषित मान्यता प्राप्त, सीबीएसई, आईसीएसई तथा अन्य बोर्ड से संचालित विद्यालयों में 30 अक्टूबर 2026 को शिक्षण कार्य स्थगित रहेगा। हालांकि, परिषदीय विद्यालयों के ऐसे शिक्षक एवं अन्य कर्मचारी, जिनकी ड्यूटी जनगणना प्रशिक्षण अथवा किसी अन्य कार्यक्रम में लगाई गई है, उन्हें अपने निर्धारित दायित्वों का नियमानुसार निर्वहन करना होगा। इसके अतिरिक्त बेसिक शिक्षा विभाग के सभी शिक्षक एवं अन्य कार्मिकों को अपने-अपने कार्यस्थल पर उपस्थित रहकर विभागीय और प्रशासनिक कार्यों का निर्वहन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं। जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी राजीव पाठक की ओर से जारी आदेश में स्पष्ट किया गया है कि मौसम संबंधी प्रतिकूल परिस्थितियों को देखते हुए विद्यार्थियों की सुरक्षा के मद्देनजर यह निर्णय लिया गया है।

आजमगढ़ ब्लॉक प्रमुख सहित 9 दोषियों को उम्रकैद चर्चित दोहरे हत्याकांड में कोर्ट ने सुनाया अपना फैसला अदालत ने प्रत्येक दोषी पर लगाया 74 हजार रुपये का जुर्माना, रुदरी गांव में 2007 के दशहरा पर्व पर हुई थी 2 लोगों की हत्या

आजमगढ़ ब्लॉक प्रमुख सहित 9 दोषियों को उम्रकैद


चर्चित दोहरे हत्याकांड में कोर्ट ने सुनाया अपना फैसला


अदालत ने प्रत्येक दोषी पर लगाया 74 हजार रुपये का जुर्माना, रुदरी गांव में 2007 के दशहरा पर्व पर हुई थी 2 लोगों की हत्या


उत्तर प्रदेश के आजमगढ़ जिले के रानी की सराय थाना क्षेत्र के रुदरी गांव में करीब 19 वर्ष पूर्व हुए चर्चित दोहरे हत्याकांड में अदालत ने नौ दोषियों को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। इसके साथ ही प्रत्येक दोषी पर 74 हजार रुपये का अर्थदंड भी लगाया गया है। वहीं, इसी घटना से जुड़े क्रॉस केस में पांच आरोपियों को पांच-पांच वर्ष के कारावास और प्रत्येक पर 29 हजार रुपये अर्थदंड की सजा सुनाई गई है। अपर सत्र न्यायाधीश कोर्ट नंबर एक कमलापति ने गुरुवार को यह फैसला सुनाया। इससे पहले सोमवार को अदालत ने आरोपियों को दोषी करार दिया था।


अभियोजन पक्ष के अनुसार, रुदरी गांव निवासी रामजन्म सिंह 21 अक्टूबर 2007 को दशहरे के दिन सुबह करीब नौ बजे अपने दरवाजे पर बैठे थे। इसी दौरान तत्कालीन ग्राम प्रधान विपिन सिंह समेत कई लोग कथित तौर पर हथियारों से लैस होकर उनके दरवाजे पर पहुंचे। आरोप है कि विपिन सिंह के ललकारने पर हमलावर उत्तर दिशा की ओर भागे और इसी दौरान गोलीबारी की गई।


आरोप के मुताबिक, विपिन सिंह ने तालुकदार सिंह को गोली मार दी, जबकि राजेश सिंह ने पारसनाथ सिंह को गोली मार दी। अन्य लोगों ने रामजन्म सिंह, उनके भतीजे अंकित सिंह और आशीष के साथ लाठी-डंडों से मारपीट की। घटना में तालुकदार सिंह और पारसनाथ सिंह की मौके पर ही मौत हो गई थी। मामले की विवेचना पूरी करने के बाद पुलिस ने आरोपपत्र न्यायालय में दाखिल किया।


मुकदमे की सुनवाई के दौरान एक आरोपी राधेश्याम सिंह की मृत्यु हो गई। अभियोजन पक्ष की ओर से सहायक जिला शासकीय अधिवक्ता गोपाल पांडेय तथा विंध्यवासिनी प्रसाद सिंह की ओर से कुल 23 गवाहों को न्यायालय में पेश किया गया। दोनों पक्षों की दलीलें सुनने के बाद अदालत ने विपिन सिंह, राजेश सिंह, चुन्नू उर्फ रणविजय, बलवंत सिंह, छोटू उर्फ पंकज, लोकनाथ सिंह, अरविंद सिंह, जीवन प्रकाश और शिवदास सिंह को दोषी ठहराते हुए आजीवन कारावास की सजा सुनाई। प्रत्येक दोषी पर 74 हजार रुपये का अर्थदंड भी लगाया गया।


इसी घटना को लेकर विपिन सिंह की ओर से भी कातिलाना हमले का मुकदमा दर्ज कराया गया था। इस मामले में आरोप लगाया गया था कि रामदरस, आशीष सिंह, अंकित सिंह, दीपक सिंह और रामजन्म सिंह ने बलवंत सिंह तथा अरविंद के साथ मारपीट की और असलहों से फायरिंग की। आरोप के अनुसार, इस दौरान विपिन सिंह के पैर में गोली लगी थी।


क्रॉस केस की सुनवाई के दौरान अभियोजन पक्ष की ओर से 23 गवाह पेश किए गए। दोनों पक्षों की दलीलें सुनने के बाद अदालत ने रामदरस, आशीष सिंह, अंकित सिंह, दीपक सिंह और रामजन्म सिंह को पांच-पांच वर्ष के कारावास तथा प्रत्येक को 29 हजार रुपये अर्थदंड की सजा सुनाई। करीब 19 वर्ष पुराने इस मामले में अदालत के फैसले के बाद दोनों पक्षों से जुड़े मुकदमों का महत्वपूर्ण न्यायिक पड़ाव पूरा हुआ।

 

Wednesday, 28 October 2026

आजमगढ़ रानी की सराय ट्रेन से कटकर महिला और 2 बच्चों की मौत ताप्ती गंगा एक्सप्रेस की चपेट में आए तीनों, पहचान कराने में जुटी पुलिस और आरपीएफ


 आजमगढ़ रानी की सराय ट्रेन से कटकर महिला और 2 बच्चों की मौत


ताप्ती गंगा एक्सप्रेस की चपेट में आए तीनों, पहचान कराने में जुटी पुलिस और आरपीएफ


उत्तर प्रदेश के आजमगढ़ जिले रानी की सराय रेलवे स्टेशन पर बुधवार दोपहर दर्दनाक हादसे में एक महिला और उसके दो मासूम बच्चों की मौत हो गई। तीनों की ट्रेन से कटकर जान चली गई। घटना के बाद स्टेशन परिसर और आसपास के क्षेत्र में हड़कंप मच गया। सूचना पर पहुंची स्थानीय पुलिस और रेलवे सुरक्षा बल (आरपीएफ) ने शवों को कब्जे में लेकर पहचान कराने की कार्रवाई शुरू कर दी। समाचार लिखे जाने तक मृतकों की शिनाख्त नहीं हो सकी थी।


 जानकारी के अनुसार, बुधवार दोपहर ताप्ती गंगा एक्सप्रेस शाहगंज की ओर से आजमगढ़ आ रही थी। रानी की सराय रेलवे स्टेशन पर ठहराव नहीं होने के कारण ट्रेन बीच वाली पटरी से गुजर रही थी। इसी दौरान महिला और उसके दोनों बच्चे ट्रेन की चपेट में आ गए। ट्रेन के गुजरने के बाद रेलवे ट्रैक पर तीनों के शव देखकर आसपास मौजूद लोगों में अफरा-तफरी मच गई। घटना की सूचना मिलते ही स्थानीय पुलिस और आरपीएफ के जवान मौके पर पहुंचे। पुलिस ने शवों को कब्जे में लेकर मृतकों की पहचान कराने के प्रयास शुरू किए। इसके लिए आसपास के लोगों से पूछताछ की जा रही है और महिला तथा बच्चों के संबंध में जानकारी जुटाई जा रही है। पुलिस घटना के कारणों का भी पता लगा रही है। महिला अपने बच्चों के साथ किन परिस्थितियों में रेलवे ट्रैक पर पहुंची, यह अभी स्पष्ट नहीं हो सका है। एक साथ तीन लोगों की मौत से इलाके में शोक और सनसनी का माहौल है।

आजमगढ़ गंभीरपुर युवक की गला रेतकर हत्या, नट बस्ती के पास मिला शव पाव रोटी बेचकर गुजर-बसर करता था मृतक, रातभर तलाश करते रहे परिजन सीओ सदर और फॉरेंसिक टीम ने मौके पर पहुंचकर शुरू की जांच


 आजमगढ़ गंभीरपुर युवक की गला रेतकर हत्या, नट बस्ती के पास मिला शव


पाव रोटी बेचकर गुजर-बसर करता था मृतक, रातभर तलाश करते रहे परिजन


सीओ सदर और फॉरेंसिक टीम ने मौके पर पहुंचकर शुरू की जांच


उत्तर प्रदेश के आजमगढ़ जिले के गंभीरपुर थाना क्षेत्र में बुधवार सुबह एक युवक का गला रेता हुआ शव मिलने से इलाके में सनसनी फैल गई। मृतक की पहचान गौरी ग्राम पंचायत निवासी शाहरुख खान (30) पुत्र मुस्तफा के रूप में हुई है। बताया जा रहा है कि शाहरुख बोलने में असमर्थ था और पाव रोटी बेचकर अपने परिवार का भरण-पोषण करता था। युवक की हत्या किसने और क्यों की, फिलहाल इसका पता नहीं चल सका है। 


प्राप्त जानकारी के अनुसार, शाहरुख खान मंगलवार शाम को घर नहीं लौटा तो परिजनों को चिंता हुई। इसके बाद परिवार के लोगों ने गांव और आसपास के क्षेत्रों में उसकी तलाश शुरू कर दी। काफी खोजबीन के बावजूद उसका कोई सुराग नहीं मिला। परिजनों ने मंगलवार रात करीब 12 बजे डायल 112 और गंभीरपुर पुलिस को भी इसकी सूचना दी। वहीं, सोशल मीडिया के माध्यम से भी ग्रामीणों और परिचितों ने उसे तलाशने का प्रयास किया, लेकिन रातभर उसका पता नहीं चल सका। बुधवार सुबह तलाश के दौरान ग्रामीणों को गौरी गांव में नट बस्ती के बगल से गुजरने वाली बाहा में शाहरुख का शव पड़ा दिखाई दिया। शव मिलने की खबर फैलते ही मौके पर लोगों की भीड़ जुट गई। युवक की गला रेतकर हत्या किए जाने की जानकारी मिलने पर क्षेत्र में हड़कंप मच गया। इसके बाद पुलिस को घटना की सूचना दी गई। सूचना मिलते ही गंभीरपुर थाना अध्यक्ष अमित कुमार त्रिपाठी पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे और घटनास्थल का निरीक्षण कर जांच शुरू की। मौके पर सीओ सदर आईपीएस ईश्वर लाल गुर्जर और मेंहनगर के उपजिलाधिकारी अशोक कुमार भी पहुंचे। फॉरेंसिक जांच टीम ने घटनास्थल से साक्ष्य जुटाने की कार्रवाई शुरू कर दी है। 


बताया गया कि शाहरुख तीन भाइयों और तीन बहनों में सबसे छोटा था। उसकी हत्या की खबर से परिवार में मातम पसरा हुआ है। पुलिस मामले की विभिन्न पहलुओं से जांच कर रही है। हत्या के पीछे की वजह और वारदात में शामिल लोगों का पता लगाने के लिए साक्ष्य जुटाए जा रहे हैं। फिलहाल घटना को लेकर क्षेत्र में तरह-तरह की चर्चाएं हैं, जबकि हत्या के कारणों की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है।