Thursday, 21 November 2024

आजमगढ़ अहरौला हाथ में कटा हुआ अंगूठा का भाग लेकर थाने पहुंचा पीड़ित थानेदार को बताइ आप बीती, दर्ज हुआ मुकदमा


 आजमगढ़ अहरौला हाथ में कटा हुआ अंगूठा का भाग लेकर थाने पहुंचा पीड़ित



थानेदार को बताइ आप बीती, दर्ज हुआ मुकदमा




उत्तर प्रदेश के आजमगढ़ जनपद के अहरौला थाना क्षेत्र में 19 नवंबर की रात भोगइचा ग्राम में मारपीट की एक अजीबोगरीब घटना घटित हुई। घटना में घायल पीड़ित सुरेन्द्र कुमार पुत्र स्व० राम अजोर निवासी ग्राम भोगइचा ने थाने पहुंचकर थानेदार से अपनी आपबीती बताई। 


सुरेंद्र कुमार ने तहरीर के माध्यम से बताया कि सिकन्दर पुत्र फिरतू निवासी ग्राम पकड़ी द्वारा 19 नवंबर 2024 की रात करीब 9 बजे मुझे अनायास गाली दी जाने लगी। मेरे द्वारा मना करने पर गाली गुप्ता व जान माल की धमकी देते हुए मेरे हाथ के अंगूठा को मुँह से काट लिए। शोर शराब सुन बाजार में उपस्थित लोगों द्वारा बीच बचाव किया गया। सुरेंद्र कुमार अंगूठा का कटा हुआ भाग लेकर थाने पहुंच पुलिस को दिखा पूरी घटना से अवगत कराया। पुलिस ने मामले में मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी।

लखनऊ 4 दरोगा के खिलाफ दर्ज हुआ मुकदमा फर्जी तरीके से नौकरी पाने का आरोप, इस तरह हुआ खुलासा


 लखनऊ 4 दरोगा के खिलाफ दर्ज हुआ मुकदमा



फर्जी तरीके से नौकरी पाने का आरोप, इस तरह हुआ खुलासा



उत्तर प्रदेश लखनऊ पुलिस भर्ती परीक्षा में सॉल्वर बिठाकर महिला समेत चार दरोगा बन गए। पुलिस भर्ती बोर्ड की उच्च स्तरीय समिति ने मामले की जांच की तो इसका खुलासा हुआ। पुलिस भर्ती एवं प्रोन्नति बोर्ड में तैनात इंस्पेक्टर सत्येंद्र कुमार ने हुसेनगंज थाने में चारों आरोपियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई है। यूपी पुलिस भर्ती एवं प्रोन्नति बोर्ड की ओर से उपनिरीक्षक नागरिक पुलिस तथा पुरुषों के लिए प्लाटून कमांडर, पीएसी एवं अग्निशमन द्वितीय अधिकारी के पदों पर सीधी भर्ती 2020-21 की आनलाइन लिखित परीक्षा आयोजित कराई गई थी। 


आरोप है कि मंटी बासी अलीगढ़ निवासी अभ्यर्थी गौरव कुमार ने भर्ती परीक्षा में 13 नवंबर 2021 को प्रतिभाग किया। गौरव का परीक्षा केंद्र कॉस्मो फाउंडेशन जानकीपुरम विस्तार में था। गौरव का उपनिरीक्षक के पद पर चयन होने के बाद प्रशिक्षण पर भेज दिया गया। इस बीच भर्ती परीक्षा को लेकर उच्च न्यायालय में एक रिट याचिका संदीप परिहार व 28 अन्य बनाम यूपी राज्य व अन्य दाखिल की गई। उच्च न्यायालय, लखनऊ खंडपीठ के निदेर्शानुसार भर्ती बोर्ड स्तर पर उच्चस्तरीय समिति गठित कर जांच शुरू की गई। जांच के दौरान गौरव कुमार के बोर्ड स्तर और आनलाइन लिखित परीक्षा के समय लिए गए बॉयोमीट्रिक भिन्न मिले। पता चला कि दरोगा का प्रशिक्षण कर रहे गौरव ने आनलाइन लिखित परीक्षा में खुद प्रतिभाग नहीं लिया था। अपनी जगह सॉल्वर को बिठाया था।


इसी तरह फफोटू एटा निवासी मालती की हाथरस रोड आगरा स्थित परीक्षा केंद्र एसपीएस इंफोटेक श्री प्रताप सिंह महाविद्यालय में 17 नवंबर 2021 को आनलाइन परीक्षा थी। हालांकि, मालती ने भी अपनी जगह सॉल्वर बिठाया था। इसके अलावा मचकौली बुलंदशहर निवासी निर्भय सिंह जादौन की 20 नवंबर 2021 को सिकंदरा, आगरा में यश इंफोटेक आनलाइन परीक्षा केंद्र में आनलाइन परीक्षा थी। निर्भय ने भी अपनी जगह सॉल्वर बिठाया था। वहीं, शांति कुंज रोहता रोड, मेरठ निवासी अभ्यर्थी रोहित कुमार भी जांच में सॉल्वर बिठाकर परीक्षा दिलाने के आरोपी पाए गए। रोहित को 27 नवंबर 2021 को छात्रशक्ति इंफो सॉल्यूशन कुर्सी रोड पर परीक्षा में बैठना था।

आजमगढ़ फूलपुर गड्ढे में डूबने से बालक की हुई मौत रेलवे स्टेशन के विस्तारीकरण के तहत विभाग द्वारा खोदवाया गया था गड्ढा


 आजमगढ़ फूलपुर गड्ढे में डूबने से बालक की हुई मौत


रेलवे स्टेशन के विस्तारीकरण के तहत विभाग द्वारा खोदवाया गया था गड्ढा


उत्तर प्रदेश के आजमगढ़ जनपद के फूलपुर कोतवाली अन्तर्गत अम्बारी शाहपुर निवासी प्रतीक 10 वर्ष पुत्र सुरेश कुमार की गड्ढे में डूबने से मौत हो गयी। चाचा मनोज कुमार ने बताया कि इसी वर्ष दीदारगंज रोड रेलवे स्टेशन के विस्तारीकरण के तहत विभाग द्वारा गड्ढा खोदवाया गया था। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।


फूलपुर कोतवाली के अम्बारी शाहपुर गांव निवासी प्रतीक रेलवे द्वारा खोदे गए गड्ढे में बुधवार को सिंघाड़ा निकालने के लिए चला गया। इस दौरान वह गहरे पानी में चला गया, जिससे उसकी डूबने से मौत हो गयी। इस घटना से परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल हो गया। सूचना पर पहुंची पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। 


मृतक के चाचा मनोज कुमार ने बताया कि इसी वर्ष दीदारगंज रेलवे स्टेशन का विस्तारीकरण रेलवे विभाग के द्वारा कराया गया था। जिसके लिए रेलवे के किनारे विभाग के ठीकेदार के द्वारा गहरा गड्ढा खोद दिया गया था। गहरा गड्ढा खोदे जाने का गांव वालों ने विरोध किया था। गड्ढे में गांव के किसी व्यक्ति ने सिंघाड़ा डाल दिया था। इसी सिंघाड़ा की लालच में प्रतीक उक्त गड्ढे में चला गया और डूबने से प्रतीक को मौत हो गयी। मृतक प्रतीक दो भाई और 2 बहनों में सबसे छोटा था। वह कक्षा 3 का छात्र था। पिता सुरेश कुमार विदेश में रहकर मजदूरी करते है। मृतक की माता ललिता का रो रोकर बुरा हाल हो गया है।

Wednesday, 20 November 2024

लखनऊ उत्तर प्रदेश के 15 पीसीएस अधिकारियों को आईएएस कैडर में पदोन्नति 15 पदों के लिए भेजे कुल 46 नाम


 लखनऊ उत्तर प्रदेश के 15 पीसीएस अधिकारियों को आईएएस कैडर में पदोन्नति


15 पदों के लिए भेजे कुल 46 नाम



 उत्तर प्रदेश के 15 पीसीएस अधिकारी जल्द ही आईएएस कैडर में पदोन्नति पा सकते हैं। इनमें वर्ष 2002, 2004, 2006 और वर्ष 2008 बैच के पीसीएस अधिकारियों के नामों पर चर्चा होगी। नियुक्ति विभाग ने 15 पदों के लिए कुल 46 नाम भेजे हैं। संघ लोक सेवा आयोग की अनुमति मिलने पर विभागीय पदोन्नति कमेटी (डीपीसी) की बैठक होगी। सूत्रों का कहना है कि पिछले साल की तरह इस बार भी लखनऊ में ही पदोन्नति के लिए डीपीसी हो सकती है। केंद्र सरकार ने वर्ष 2023 के लिए सलेक्ट लिस्ट में 10 रिक्तियां दी हैं। इसके अलावा पांच पद पहले के खाली हैं। इसलिए आईएएस के कुल 15 पदों के लिए पदोन्नतियां दी जाएंगी। नियुक्ति विभाग ने इन 15 पदों के लिए एक-एक नाम पर विचार करते हुए प्रस्ताव तैयार किया है। इस प्रस्ताव में उन नामों को भी भेजा गया है, जिनके नाम पर पिछले वर्ष भी डीपीसी में विचार किया गया था, लेकिन सहमति नहीं बन पाई थी। इनमें कुछ नाम ऐसे भी हैं जिनके खिलाफ किसी तरह की जांच चल रही थी और उन्हें पदोन्नति नहीं मिल पाई थी।


उच्चपदस्थ सूत्रों के मुताबिक, इस बार डीपीसी में वर्ष 2002 की अंजू कटियार, वर्ष 2004 के अमर पाल सिंह, वर्ष 2006 व वर्ष 2008 के अधिकारियों आलोक कुमार वर्मा, बलराम सिंह, भानु प्रताप यादव, दयानंद प्रसाद, देवी प्रसाद पाल, गुलाब चंद्र व जयनाथ यादव के नाम पर विचार किया जाएगा। इसके साथ अंजू लता, राजेश कुमार सिंह, राम सुरेश वर्मा, रणविजय सिंह, विधान जायसवाल, विनोद कुमार गौर व शैलेंद्र कुमार भाटिया के नाम पर विचार किया जाएगा। माना जा रहा है कि वरिष्ठता के आधार पर वरीयता क्रम से ऊपर वालों के नामों पर विचार-विमर्श के बाद सहमति बन सकती है। हालांकि, जिनके खिलाफ जांच चल रही है, उनके नाम बाहर किए जाने की पूरी संभावना है।

प्रतापगढ़ दुल्हन की हत्या के बाद खुद को मारी गोली, दोनों की हुई मौत


 प्रतापगढ़ दुल्हन की हत्या के बाद खुद को मारी गोली, दोनों की हुई मौत




उत्तर प्रदेश के प्रतापगढ़ के कोहड़ौर के मदाफरपुर बाजार में मंगलवार भोर में सिरफिरे आशिक ने नवविवाहिता को गोली मारने के बाद खुद को भी गोली से उड़ा दिया। दोनों की मौत हो गई। चार दिन पहले ही उसकी शादी हुई थी। सोमवार को ही ससुराल से मायके आई थी।


 कोहड़ौर के चंदुआडीह निवासी पप्पू वर्मा परिवार के साथ मदाफरपुर बाजार में किराए के मकान में रहते हैं। उनकी बड़ी बेटी ज्योति वर्मा (22) की शादी 15 नवंबर 2024 को अमेठी के पीपरपुर थाना इलाके के रेवणा निवासी जितेंद्र प्रताप पटेल के साथ हुई थी। मंगलवार भोर में करीब साढ़े पांच बजे ज्योति शौच के लिए घर के पीछे मोबाइल टावर की ओर निकली। कुछ देर बाद फायर की आवाज सुन पुलिसकर्मी बाजार के लोगों के साथ टावर की ओर पहुंचे। देखा तो ज्योति खून से लथपथ पड़ी थी। सिर, कमर व हाथ में गहरे घाव के निशान थे। करीब मे ही मोबाइल मिला। खबर मिलने पर परिजन भी पहुंच गए।


 आनन-फानन उसे उपचार के लिए सीएचसी कोहड़ौर फिर मेडिकल कॉलेज भेजा गया। जहां से प्रयागराज के एसआरएन अस्पताल रेफर किया, लेकिन रास्ते में ही ज्योति ने दम तोड़ दिया। इधर, छानबीन के दौरान पुलिस को करीब 200 मीटर दूर नहर के पास खेत में एक युवक का शव मिला। उसकी पहचान उदयराज वर्मा (23) के रूप में हुई। डॉ. अनिल कुमार, एसपी ने बताया कि दोनों के बीच कई वर्षों से नजदीकी रिश्ते थे। युवती की हत्या के बाद आरोपी ने गोली मारकर आत्महत्या कर ली। घटना से जुड़े अन्य पहलुओं की छानबीन की जा रही है।

मऊ अनियंत्रित कार गड्ढे में गिरी, एक की मौत, एक घायल खंभे से टकराने के बाद गड्ढे में कार पलटने से हुआ हादसा


 मऊ अनियंत्रित कार गड्ढे में गिरी, एक की मौत, एक घायल


खंभे से टकराने के बाद गड्ढे में कार पलटने से हुआ हादसा



उत्तर प्रदेश के मऊ जिले के रानीपुर थानांतर्गत पूर्वांचल एक्सप्रेसवे के सर्विस रोड पर 273.3 किलोमीटर की लोकेशन पर रात करीब 10 बजे एक कार अनियंत्रित होकर सर्विस रोड के किनारे स्थित खंभे से टकराई और गड्ढे में पलट गई। इस हादसे में एक युवक की मौत हो गई, जबकि दूसरा गंभीर रूप से घायल हो गया। प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, दोनों युवक सर्विस रोड से घर लौट रहे थे। अचानक कार अनियंत्रित होकर खंभे को तोड़ते हुए सर्विस रोड और एक्सप्रेसवे के बीच बने गड्ढे में पलट गई। 


हादसे में वरुण यादव (25), निवासी माहपुर की मौके पर ही मौत हो गई। वहीं, उनके साथी धर्मेंद्र पासवान (28), निवासी समसाबाद गंभीर रूप से घायल हो गए, जिन्हें जिला अस्पताल में प्राथमिक उपचार के बाद वाराणसी रेफर कर दिया गया। स्विफ्ट डिजायर कार में तीन लोग सवार थे, लेकिन मौके पर तीसरा व्यक्ति नहीं मिला। वरुण यादव के पिता लल्लू यादव किसान हैं और उनका परिवार गरीबी में संघर्ष कर रहा था। वरुण ने अपनी मेहनत से वाराणसी में एक रेस्टोरेंट खोला था। घर की खुशियों के बीच यह दुखद घटना परिवार को तोड़ कर रख गई। मां की आंखों से आंसू थम नहीं रहे हैं, और पिता को गहरा सदमा लगा है। घटना की सूचना मिलते ही रानीपुर थाने की पुलिस और क्षेत्राधिकारी डॉ. अजय विक्रम सिंह मौके पर पहुंचे। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया और घायल युवक का इलाज जारी है। पुलिस मामले की जांच कर रही है।

Tuesday, 19 November 2024

आजमगढ़ शहर कोतवाली 80 लाख के धोखाधड़ी का मामला आया सामने कोतवाली पुलिस ने 34 लोगों के खिलाफ दर्ज किया मुकदमा


 आजमगढ़ शहर कोतवाली 80 लाख के धोखाधड़ी का मामला आया सामने


कोतवाली पुलिस ने 34 लोगों के खिलाफ दर्ज किया मुकदमा




उत्तर प्रदेश के आजमगढ़ जिले मे शहर कोतवाली पुलिस ने 80 लाख के धोखाधड़ी के मामले में कार्रवाई करते हुए 34 लोगो के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया है। इन पर फर्जी तरीके से लोन दिलाने के नाम पर पैसे हड़पने का आरोप है। पुलिस ने यह कार्रवाई रागिनी कपूर पत्नी सोनू सिंह कपूर निवासी दलसिंगार (कटरा), थाना कोतवाली जनपद आजमगढ़ की तहरीर पर की है।


 रागिनी कपूर ने पूर्व में कोतवाली में दी गई अपनी तहरीर में बताया कि वह सन 2011 से महिलाओं का समूह एकत्र करके संस्था चलाती थी। समूह के नाम से ऋण दिलाने के लिए अश्वनी कुमार उर्फ मनोहर मौर्य पुत्र दयाशंकर साकिन जाफरपुर मुण्डा थाना सिधारी जनपद आजमगढ़ (स्पेशियल कम्पनी मैनेजर जाफरपुर मुण्डा) सहित 34 लोगों ने अलग-अलग तिथियों पर पीड़िता व समूह की महिलाओं से मुलाकात किये और भरोसा दिलाते हुए कहे कि तुम्हारे और समूह की महिलाओं के नाम से करोड़ों रुपया ऋण बैंक के मैनेजर से मिलकर स्वीकृत करा देंगे।


 पीड़िता व समूह की महिलाएं उपरोक्त लोगों के झांसे में आ गयी। इसी का नाजायज फायदा उठाते हुए पीड़िता व अन्य समूह की महिलाओं से करीब 8000000/- (अस्सी लाख रुपये) धोखाधड़ी करके प्राप्त करते हुए कई करोड़ों रुपये का आजमगढ़ जिले के अलग-अलग बैंकों से समूह की अलग-अलग महिलाओं के नाम से ऋण स्वीकृत कराकर रुपया हड़प लिये।


 उपरोक्त लोगों ने मेरा व समूह की महिलाओं का बैंक में खाता खुलवाते समय ही बैंक प्रबन्धक के साथ मिलकर साजिश के तहत चेक बुक जारी करवाते समय चेकबुक पर हस्ताक्षर करवा लिया था और उसी हस्ताक्षर युक्त के सहारे स्वीकृत हुये ऋण को अपने सम्बन्धित फर्म व दुकानदारों के नाम से रुपया भेज कर उनसे नगद रुपया प्राप्त कर लेते थे। इतना ही नहीं मुझे और समूह की महिलाओं को लगातार बैंक में बुलाते थे और कहते थे कि जल्दी ही ऋण पास हो जायेगा, जबकि ऋण पूर्व में ही स्वीकृत हो चुका होता था। 


इस तरह मेरे व समूह की महिलाओं का करोड़ों रुपये धोखाधडी जालसाजी कर हड़प लिये। इस बाबत जब उच्च अधिकारियों को अवगत कराया गया तब हम लोगों को जान से मारने की धमकी भी दी गई। कोतवाली पुलिस ने रागिनी कपूर की तहरीर पर 34 अभियुक्तों के खिलाफ मुकदमा अपराध संख्या 632/2024 अंतर्गत धारा 120B,406,420,506, भा0द0स0 के तहत दर्ज किया है।