Saturday, 11 July 2026

आजमगढ़ बिलरियागंज युवती से दुष्कर्म के मामले में नामजद दो आरोपी गिरफ्तार गर्भवती होने पर सामने आया मामला, मुखबिर की सूचना पर दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर न्यायालय भेजा गया

आजमगढ़ बिलरियागंज युवती से दुष्कर्म के मामले में नामजद दो आरोपी गिरफ्तार



गर्भवती होने पर सामने आया मामला, मुखबिर की सूचना पर दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर न्यायालय भेजा गया



उत्तर प्रदेश के आजमगढ़ जिले के बिलरियागंज थाना पुलिस ने 21 वर्षीय युवती से दुष्कर्म के मामले में नामजद दो वांछित आरोपियों को गिरफ्तार कर न्यायिक कार्रवाई शुरू कर दी है। दोनों आरोपियों को मुखबिर की सूचना पर शहाबुद्दीनपुर मंदिर पोखरा के पास से गिरफ्तार किया गया। पुलिस ने आवश्यक विधिक प्रक्रिया पूरी कर उन्हें न्यायालय के समक्ष प्रस्तुत किया। पुलिस के अनुसार, पीड़िता के परिजन द्वारा थाना बिलरियागंज में तहरीर देकर आरोप लगाया गया था कि अश्वनी और मोहम्मद अमजद ने उनकी 21 वर्षीय पुत्री को बहला-फुसलाकर खेत में ले जाकर उसके साथ दुष्कर्म किया। 


आरोप है कि जब परिजन घर से बाहर रहते थे, तब दोनों आरोपी घर पर भी पहुंचकर पीड़िता के साथ शारीरिक संबंध बनाते रहे। कुछ समय बाद पीड़िता की तबीयत लगातार खराब रहने पर उसका चिकित्सीय परीक्षण और सोनोग्राफी कराई गई, जिसमें उसके गर्भवती होने की जानकारी मिली। पूछताछ के दौरान पीड़िता ने दोनों आरोपियों द्वारा दुष्कर्म किए जाने की बात बताई। इसके बाद पुलिस ने तहरीर के आधार पर थाना बिलरियागंज में संबंधित धारा के तहत मुकदमा दर्ज कर विवेचना शुरू की। 


वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डॉ. अनिल कुमार के निर्देशन में वांछित अभियुक्तों की गिरफ्तारी के लिए चलाए जा रहे अभियान के तहत शनिवार को थानाध्यक्ष अमित कुमार मिश्रा पुलिस टीम के साथ क्षेत्र में गश्त कर रहे थे। इसी दौरान मुखबिर से सूचना मिली कि दोनों आरोपी शहाबुद्दीनपुर मंदिर पोखरा के पास किसी वाहन का इंतजार कर रहे हैं। सूचना पर पुलिस ने मौके पर पहुंचकर घेराबंदी की और दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान अश्वनी निवासी पुराना चौक, कस्बा बिलरियागंज तथा मोहम्मद अमजद निवासी ग्राम नसीरपुर, थाना बिलरियागंज के रूप में हुई है। पुलिस ने दोनों के विरुद्ध अग्रिम विधिक कार्रवाई करते हुए उन्हें न्यायालय भेज दिया।

आजमगढ़ फूलपुर बरसात में बिजली से रहें सतर्क, एलटी तारों के नीचे खेती न करें, विद्युत विभाग ग्रामीणों को किया गया जागरूक, खराबी दिखने पर तुरंत विभाग को सूचना देने की अपील


 आजमगढ़ फूलपुर बरसात में बिजली से रहें सतर्क, एलटी तारों के नीचे खेती न करें, विद्युत विभाग



ग्रामीणों को किया गया जागरूक, खराबी दिखने पर तुरंत विभाग को सूचना देने की अपील


उत्तर प्रदेश के आजमगढ़ जिले के फूलपुर क्षेत्र में बरसात के मौसम में विद्युत दुर्घटनाओं की आशंका को देखते हुए विद्युत विभाग ने किसानों और ग्रामीणों से विशेष सतर्कता बरतने की अपील की है। विभाग ने कहा है कि एलटी (लो टेंशन) विद्युत तारों के नीचे धान की रोपाई या अन्य कृषि कार्य करने से बचें, क्योंकि बारिश के दौरान तार टूटने, पेड़ों की डालियों के संपर्क में आने अथवा अन्य तकनीकी कारणों से करंट प्रवाहित होने का खतरा बना रहता है। उपखंड अधिकारी (एसडीओ) सुजीत कुमार ने बताया कि यदि कहीं बिजली का तार टूटा हुआ दिखाई दे, फॉल्ट हो या कोई अन्य तकनीकी खराबी नजर आए तो लोग स्वयं उसे छूने या ठीक करने का प्रयास न करें। ऐसी स्थिति में तत्काल संबंधित विद्युत कर्मी या निकटतम विद्युत उपकेंद्र को सूचना दें, ताकि समय रहते खराबी दूर कर किसी भी संभावित दुर्घटना को रोका जा सके।


 उन्होंने बताया कि फूलपुर क्षेत्र के सभी विद्युत उपकेंद्रों से अवर अभियंताओं और लाइनमैनों द्वारा व्हाट्सएप संदेशों के माध्यम से लोगों को विद्युत सुरक्षा के प्रति जागरूक किया जा रहा है। साथ ही चौक-चौराहों और गांवों में पहुंचकर भी ग्रामीणों को सुरक्षा संबंधी जानकारी दी जा रही है। विभाग की टीम स्टे वायर, ट्रांसफार्मर और अन्य विद्युत प्रतिष्ठानों का नियमित निरीक्षण भी कर रही है, ताकि संभावित खामियों को समय रहते दूर किया जा सके। विद्युत विभाग ने लोगों से अपील की है कि बरसात के दौरान सतर्क रहें और किसी भी प्रकार की विद्युत खराबी की सूचना तत्काल विभाग को दें। विभाग का कहना है कि जनसहयोग से ही विद्युत दुर्घटनाओं पर प्रभावी नियंत्रण संभव है।

आजमगढ़ निजामाबाद ऐतिहासिक शीतला धाम के मार्ग पर जलभराव से श्रद्धालु परेशान, मरम्मत की उठी मांग कीचड़ और पानी से होकर मंदिर पहुंचने को मजबूर श्रद्धालु, प्रशासन से शीघ्र सड़क दुरुस्त कराने की अपील


 आजमगढ़ निजामाबाद ऐतिहासिक शीतला धाम के मार्ग पर जलभराव से श्रद्धालु परेशान, मरम्मत की उठी मांग



कीचड़ और पानी से होकर मंदिर पहुंचने को मजबूर श्रद्धालु, प्रशासन से शीघ्र सड़क दुरुस्त कराने की अपील




उत्तर प्रदेश के आजमगढ़ जिले में निजामाबाद में ऐतिहासिक शक्तिपीठ के रूप में प्रसिद्ध मां शीतला धाम जाने वाले मार्ग पर जलभराव और कीचड़ के कारण श्रद्धालुओं को भारी कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है। बरसात के दिनों में मंदिर तक पहुंचने का रास्ता पूरी तरह से कीचड़युक्त हो गया है, जिससे दर्शन-पूजन के लिए आने वाले श्रद्धालुओं को परेशानी झेलनी पड़ रही है। स्थानीय लोगों ने शासन-प्रशासन से शीघ्र मार्ग की मरम्मत कराने की मांग की है। हिंदू धार्मिक मान्यताओं के अनुसार मां शीतला को स्वास्थ्य की अधिष्ठात्री देवी माना जाता है। चेचक, खसरा जैसी महामारियों से राहत की कामना को लेकर श्रद्धालु माता के दरबार में धार और फूल अर्पित करते हैं। मान्यता है कि माता की कृपा से रोगों से मुक्ति मिलती है और परिवार में सुख-समृद्धि व आरोग्यता बनी रहती है। मरीज के स्वस्थ होने पर परिवारजन हलुआ-पूड़ी का भोग लगाकर माता का आशीर्वाद प्राप्त करते हैं।


 शीतला धाम में वासंतिक और शारदीय नवरात्र के अलावा पूरे वर्ष श्रद्धालुओं का आवागमन बना रहता है। प्रतिदिन सुबह और शाम पूजा-अर्चना तथा कीर्तन होता है। दूर-दराज और अन्य राज्यों में रहने वाले क्षेत्र के लोग भी परिवार के मांगलिक कार्यों के बाद वर्ष में एक बार माता के दर्शन के लिए अवश्य पहुंचते हैं। पौराणिक मान्यताओं के अनुसार, राजा दक्ष के यज्ञ में माता गौरा के आत्मदाह के बाद भगवान शिव जब उनका शरीर लेकर जा रहे थे, तब उनके रक्त की कुछ बूंदें निजामाबाद की इस धरती पर गिरी थीं। तभी से यह स्थान मां शीतला के शक्तिपीठ के रूप में विख्यात माना जाता है और पूर्वांचल के प्रमुख देवी मंदिरों में इसकी विशेष पहचान है। श्रद्धालुओं का कहना है कि इतने प्रसिद्ध धार्मिक स्थल तक पहुंचने के लिए उन्हें पानी और कीचड़ से होकर गुजरना पड़ रहा है। उन्होंने प्रशासन से मांग की है कि श्रद्धालुओं की सुविधा को देखते हुए मंदिर मार्ग की शीघ्र मरम्मत कराई जाए, ताकि दर्शन के लिए आने वाले लोगों को किसी प्रकार की परेशानी का सामना न करना पड़े।