Friday, 2 January 2026

आजमगढ़ मेहनाजपुर हत्याकांड का 24 घंटे के अंदर पुलिस ने किया खुलासा मुख्य आरोपी पुलिस मुठभेड़ में गोली लगने से हुआ घायल


 आजमगढ़ मेहनाजपुर हत्याकांड का 24 घंटे के अंदर पुलिस ने किया खुलासा



मुख्य आरोपी पुलिस मुठभेड़ में गोली लगने से हुआ घायल



उत्तर प्रदेश के आजमगढ़ जिले में मेहनाजपुर थाना क्षेत्र में पुलिस और 31 दिसंबर 2025 की रात हुई अखिलेश सोनकर हत्याकांड के वांछित आरोपी के बीच मुठभेड़ हो गई। चेकिंग के दौरान आरोपी ने पुलिस पर फायरिंग शुरू कर दी, जिसके जवाब में आत्मरक्षा में की गई कार्रवाई में आरोपी के पैर में गोली लगी और वह घायल हो गया। पुलिस ने उसे मौके से गिरफ्तार कर लिया। 


मिली जानकारी के अनुसार, मेहनाजपुर थाने की पुलिस मानिकपुर मोड़ पर संदिग्ध वाहनों और व्यक्तियों की चेकिंग कर रही थी। तभी हत्याकांड में वांछित आरोपी वरुण यादव उर्फ शेरू पुलिस को देखकर भागने लगा। खुद को घिरता देख उसने पुलिस टीम पर ताबड़तोड़ फायरिंग कर दी। पुलिस ने आत्मरक्षा में जवाबी फायरिंग की, जिसमें आरोपी के पैर में गोली लगी और वह वहीं गिर पड़ा। 


गिरफ्तार आरोपी की पहचान जौनपुर जिले के चंदवक थाना क्षेत्र के उचहुआ गांव निवासी वरुण यादव उर्फ शेरू के रूप में हुई है। थाना प्रभारी मनीष पाल ने बताया कि 31 दिसंबर 2025 की रात वरुण यादव ने अपने साथियों के साथ मिलकर अखिलेश सोनकर की गोली मारकर हत्या कर दी थी। घटना के बाद से वह फरार था। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए मात्र 24 घंटे के अंदर हत्याकांड का खुलासा किया और मुख्य आरोपी को मुठभेड़ में गिरफ्तार कर लिया। घायल आरोपी को इलाज के लिए नजदीकी अस्पताल भेजा गया है, जहां उसकी हालत स्थिर बताई जा रही है। पुलिस मामले में आगे की कानूनी कार्रवाई कर रही है।

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आजमगढ़ शहर कोतवाली, युवक का संदिग्ध हालात में शव मिलने से हड़कंप शरीर पर चोट के निशान, परिजनों ने जताई हत्या की आशंका


 आजमगढ़ शहर कोतवाली, युवक का संदिग्ध हालात में शव मिलने से हड़कंप


शरीर पर चोट के निशान, परिजनों ने जताई हत्या की आशंका



उत्तर प्रदेश के आजमगढ़ जिले के शहर कोतवाली क्षेत्र के मोजरापुर गांव स्थित पूर्वांचल एक्सप्रेस-वे की सर्विस लेन पर शुक्रवार की सुबह एक युवक का शव मिलने से इलाके में सनसनी फैल गई। सूचना पर पहुंची पुलिस ने मौके की जांच-पड़ताल कर शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। मृतक की पहचान मोजरापुर गांव निवासी 26 वर्षीय सत्यम यादव के रूप में हुई है। 


परिजनों के अनुसार सत्यम घर पर रहकर अपने भाइयों के साथ रेलवे भर्ती परीक्षा की तैयारी कर रहा था। रोज की तरह शुक्रवार की भोर करीब चार बजे वह शौच के लिए घर से निकला था, लेकिन काफी देर तक वापस नहीं लौटा। करीब छह बजे किसी राहगीर ने सत्यम को सड़क किनारे अचेत अवस्था में पड़े देखा और इसकी सूचना परिजनों को दी। मौके पर पहुंचे परिजन उसे आनन-फानन में जिला अस्पताल ले गए, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। 


परिजनों का आरोप है कि सत्यम के सिर और पीठ पर चोट के निशान थे, साथ ही उसका एक पैर भी टूटा हुआ था, जिससे उन्हें हत्या की आशंका है। युवक की मौत की खबर मिलते ही परिवार में कोहराम मच गया और परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। इस बावत शहर कोतवाली प्रभारी ने बताया कि प्रथमदृष्टया घटना मार्ग दुर्घटना प्रतीत हो रही है, परिजनों की तरफ से अभी कोई तहरीर नहीं प्राप्त हुई है, शव पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है।

आजमगढ़ कंधरापुर विवाहिता की संदिग्ध परिस्थतियों में हुई मौत घर के कमरे में मिला शव, मायके पक्ष पहुंचा गांव, 4 साल की बेटी को छोड़ गई मां


 आजमगढ़ कंधरापुर विवाहिता की संदिग्ध परिस्थतियों में हुई मौत



घर के कमरे में मिला शव, मायके पक्ष पहुंचा गांव, 4 साल की बेटी को छोड़ गई मां



उत्तर प्रदेश के आजमगढ़ जनपद के कंधरापुर थाना क्षेत्र के भैसौड़ा गांव में शुक्रवार को उस समय शोक की लहर दौड़ गई, जब एक युवा विवाहिता का शव घर के कमरे में पाया गया। घटना की सूचना मिलते ही परिजनों में कोहराम मच गया और पूरे गांव में मातम छा गया। 


मृतका की पहचान खुशबू सरोज (लगभग 24 वर्ष) पत्नी चंदन सरोज के रूप में हुई है। परिजनों के अनुसार खुशबू का शव घर के कमरे में मिला, जिसके बाद तत्काल पुलिस को सूचना दी गई। मौके पर पहुंचे कंधरापुर थाने के उप निरीक्षक प्रमोद मद्धेशिया पुलिस टीम के साथ घटनास्थल पर पहुंचे और आवश्यक कार्रवाई करते हुए शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए जिला चिकित्सालय भेज दिया। बताया गया कि मृतका का मायका मेहनगर थाना क्षेत्र के धरनीपुर गांव में है। घटना की जानकारी मिलते ही मायके पक्ष के लोग भी भैसौड़ा गांव पहुंच गए। परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। 


जानकारी के अनुसार खुशबू का परिवार दिल्ली में रहता था और वह कुछ दिन पहले ही अपने पति के साथ गांव आई थी। इस घटना का सबसे मार्मिक पहलू यह है कि खुशबू अपने पीछे चार साल की मासूम बेटी को छोड़ गई है। अचानक हुई इस घटना से परिवार पूरी तरह सदमे में है और बच्ची की हालत देखकर गांव के लोग भी भावुक हो उठे। फिलहाल विवाहिता की मौत के कारणों का स्पष्ट पता नहीं चल सका है। पुलिस का कहना है कि मामले की हर पहलू से जांच की जा रही है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद आगे की विधिक कार्रवाई की जाएगी। गांव में हर कोई स्तब्ध है और लोग इस दुखद घटना को लेकर तरह-तरह की चचार्एं कर रहे हैं।

आजमगढ़ फूलपुर कब्रिस्तान व डीह स्थान को लेकर विवाद, प्रशासन ने निर्माण कार्य रुकवाया पुलिस व राजस्व टीम मौके पर पहुंची, किया स्थलीय निरीक्षण, दोनों पक्ष बुलाए गए थाने


 आजमगढ़ फूलपुर कब्रिस्तान व डीह स्थान को लेकर विवाद, प्रशासन ने निर्माण कार्य रुकवाया



पुलिस व राजस्व टीम मौके पर पहुंची, किया स्थलीय निरीक्षण, दोनों पक्ष बुलाए गए थाने


उत्तर प्रदेश के आजमगढ़ जिले के फूलपुर थाना क्षेत्र के ग्राम चमावा में कब्रिस्तान और डीह स्थान के निर्माण को लेकर उत्पन्न विवाद की सूचना पर पुलिस व प्रशासनिक अमला सक्रिय हो गया। प्रभारी निरीक्षक भारी पुलिस बल के साथ तथा नायब तहसीलदार राजस्व कर्मियों के साथ मौके पर पहुंचे और विवादित स्थल का स्थलीय निरीक्षण किया। 


जानकारी के अनुसार ग्राम चमावा में गाटा संख्या 238 मिलजुमला भूमि के अंतर्गत साढ़े सात विस्वा भूमि दर्ज है, जिसमें तीन विस्वा डीह स्थान तथा तीन विस्वा सार्वजनिक कब्रिस्तान के नाम सरकारी अभिलेखों में दर्ज है। हालांकि, भूमि की न तो स्पष्ट सीमा तय है और न ही चौहद्दी का उल्लेख अभिलेखों में दर्ज है। इसी को लेकर हिंदू पक्ष द्वारा डीह बाबा की मूर्ति स्थापित कर निर्माण कार्य कराया जा रहा था। निर्माण कार्य की जानकारी होने पर गांव निवासी आफताब आलम पुत्र जमील द्वारा उपजिलाधिकारी फूलपुर को प्रार्थना पत्र देकर कब्रिस्तान की भूमि का सीमांकन कर अलग कराने की मांग की गई। वहीं, मुस्लिम पक्ष के लोगों ने 112 नंबर पर फोन कर कब्रिस्तान में निर्माण की सूचना दी। सूचना मिलते ही तहसील व थाना पुलिस मौके पर पहुंची और स्थिति का जायजा लिया। जांच के दौरान यह स्पष्ट हुआ कि उक्त भूमि मुस्लिम कब्रिस्तान नहीं बल्कि सार्वजनिक कब्रिस्तान है, जिसमें अल्पसंख्यक समुदाय की कब्रें स्थित हैं।


 मौके पर तत्काल समाधान न निकल पाने के कारण दोनों पक्षों के पांच-पांच लोगों को थाना बुलाया गया, ताकि आपसी बातचीत से मामला सुलझाया जा सके। तब तक के लिए डीह स्थान का निर्माण कार्य रुकवा दिया गया। नायब तहसीलदार राजाराम ने बताया कि भूमि अभिलेखों में कब्रिस्तान और डीह स्थान दोनों दर्ज हैं, केवल दिशा और सीमांकन का बंटवारा किया जाना है। आपसी सहमति बनने के बाद कब्रिस्तान और डीह स्थान को अलग-अलग चिन्हित कर दिया जाएगा। उन्होंने स्पष्ट किया कि किसी प्रकार का अवैध कब्जा नहीं किया जा रहा है और प्रशासन स्थिति पर नजर बनाए हुए है।