Monday, 21 September 2026

आजमगढ़ बिलरियागंज 50 हजार का इनामी गैंगस्टर रब्बानी गिरफ्तार


 आजमगढ़ बिलरियागंज 50 हजार का इनामी गैंगस्टर रब्बानी गिरफ्तार




उत्तर प्रदेश के आजमगढ़ जनपद के बिलरियागंज थाना पुलिस ने सोमवार को ₹50 हजार के इनामी गैंगस्टर अभियुक्त रब्बानी को गिरफ्तार किया। पुलिस के अनुसार आरोपी संगठित गिरोह बनाकर चोरी की घटनाओं को अंजाम देता था। उसे सियरहा अंडरपास से कंधरापुर जाने वाली सड़क पर घेराबंदी कर पकड़ा गया।


 पुलिस के मुताबिक, रब्बानी पुत्र फिरोज, निवासी अयूब नगर कस्बा बिलरियागंज, की गिरफ्तारी के लिए पहले वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक आजमगढ़ ने 5 सितंबर को ₹25 हजार का इनाम घोषित किया था। बाद में आजमगढ़ परिक्षेत्र के पुलिस उपमहानिरीक्षक के आदेश पर 16 सितंबर को इनाम की राशि बढ़ाकर ₹50 हजार कर दी गई। पुलिस के अनुसार बिलरियागंज थाने में मोबाइल चोरी के मामले में वर्ष 2024 में मुकदमा अपराध संख्या 276/2024 संबंधित धारा के तहत दर्ज हुआ था। इन मामलों की विवेचना के दौरान आरोपियों की गिरफ्तारी के साथ कुल छह चोरी के मोबाइल फोन बरामद किए गए थे। इन मामलों में आरोप पत्र न्यायालय भेजा जा चुका है। आपराधिक गतिविधियों के आधार पर रब्बानी और उसके साथियों के खिलाफ 26 मई 2026 को गैंग चार्ट अनुमोदित हुआ। इसके बाद बिलरियागंज थाने में गैंगस्टर एक्ट के तहत मुकदमा संख्या 143/2026 दर्ज किया गया।


 पुलिस का कहना है कि सोमवार सुबह जैगहा चौराहा और आसपास संदिग्ध व्यक्तियों व वाहनों की चेकिंग के दौरान सूचना मिली कि रब्बानी महाराष्ट्र/मुंबई से वापस आया है और एक्सप्रेस-वे के नीचे से कंधरापुर जाने के लिए वाहन का इंतजार कर रहा है। सूचना पर पुलिस टीम ने सियरहा अंडरपास के पास घेराबंदी की। पुलिस को देखकर आरोपी ने भागने का प्रयास किया, लेकिन उसे पकड़ लिया गया। गिरफ्तारी सुबह करीब 6:46 बजे बताई गई है। पुलिस के अनुसार रब्बानी के खिलाफ चोरी, आबकारी, आयुध अधिनियम और गैंगस्टर एक्ट समेत कुल सात मुकदमे दर्ज हैं। आरोपी की उम्र करीब 31 वर्ष बताई गई है। पुलिस ने उसके खिलाफ अग्रिम विधिक कार्रवाई शुरू कर दी है।

आजमगढ़ मेंहनगर युवक ने फंदे से लटककर की आत्महत्या 4 साल पहले पत्नी से हुआ था विच्छेद, तनाव में बताया जा रहा था युवक


 आजमगढ़ मेंहनगर युवक ने फंदे से लटककर की आत्महत्या



4 साल पहले पत्नी से हुआ था विच्छेद, तनाव में बताया जा रहा था युवक



उत्तर प्रदेश के आजमगढ़ जनपद के मेंहनगर थाना क्षेत्र के दौलतपुर गांव में रविवार रात 35 वर्षीय युवक ने घर में फंदे से लटककर आत्महत्या कर ली। घटना की जानकारी सोमवार सुबह होने पर परिजनों में कोहराम मच गया। सूचना पर पहुंची पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। दौलतपुर गांव निवासी रिंकू मौर्य (35) प्लंबर मिस्त्री का काम करता था। परिजनों के अनुसार रविवार रात वह घर के पक्के मकान में था। इसी दौरान उसने पंखे के हुक में रस्सी के सहारे फंदा लगाकर आत्महत्या कर ली। सोमवार सुबह उसके पिता ओमप्रकाश मौर्य ने शव देखा तो उनके होश उड़ गए।


 पिता के मुताबिक रिंकू की शादी करीब 10 वर्ष पूर्व हुई थी। करीब चार वर्ष पहले पत्नी से उसका विच्छेद हो गया था। पत्नी अपने साथ एक पुत्र को लेकर चली गई थी। इसके बाद से रिंकू तनाव में रहता था। वह तीन भाइयों में दूसरे नंबर पर था। घटना की सूचना मिलने पर मेंहनगर पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर आवश्यक विधिक कार्रवाई पूरी की। पुलिस ने शव पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। पुलिस मामले की जांच कर रही है।

Sunday, 20 September 2026

आजमगढ़ में 6 शस्त्र लाइसेंस निरस्त हर्ष फायरिंग से लेकर आपराधिक मामलों तक पर जिलाधिकारी न्यायालय की कार्रवाई


 आजमगढ़ में 6 शस्त्र लाइसेंस निरस्त



हर्ष फायरिंग से लेकर आपराधिक मामलों तक पर जिलाधिकारी न्यायालय की कार्रवाई


उत्तर प्रदेश के आजमगढ़ जनपद में शस्त्र लाइसेंसों की समीक्षा के दौरान जिलाधिकारी न्यायालय ने लोक सुरक्षा और लोकशांति के दृष्टिगत छह शस्त्र लाइसेंस निरस्त कर दिए। भारतीय शस्त्र अधिनियम-1959 की धारा 17(3) के तहत 15 सितंबर 2026 को पारित आदेशों में आपराधिक अभियोग, शस्त्रों के उपयोग, पुलिस आख्या और लाइसेंस की शर्तों से जुड़े तथ्यों का परीक्षण किया गया। वहीं, एक अन्य मामले में लाइसेंसी की मृत्यु हो जाने के कारण लाइसेंस को स्वतः समाप्त मानते हुए कार्रवाई पूरी की गई। पुलिस के अनुसार, यह कार्रवाई वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डॉ. अनिल कुमार के निर्देशन में शस्त्र लाइसेंसों की समीक्षा और आपराधिक गतिविधियों में संलिप्त व्यक्तियों के विरुद्ध चल रही कार्रवाई के क्रम में की गई है। 


थाना गंभीरपुर क्षेत्र के ग्राम कमरावां निवासी मो. आरिफ पुत्र अब्दुल वहाब के राइफल संख्या 75-0941, लाइसेंस संख्या 418/2005 और रिवॉल्वर संख्या 6696, लाइसेंस संख्या 270 के दोनों लाइसेंस निरस्त किए गए हैं। आदेश में उनके खिलाफ वर्ष 2012 और 2018 के विभिन्न आपराधिक मामलों का उल्लेख है। इनमें पॉक्सो एक्ट से संबंधित मामला विशेष न्यायालय पॉक्सो में विचाराधीन बताया गया है। पुलिस आख्या में शस्त्र खरीदने के बाद कुल 150 कारतूस खरीदे जाने और तीन कारतूस अवशेष होने का भी उल्लेख किया गया। आदेश के अनुसार हर्ष फायरिंग और शस्त्र लाइसेंस की शर्तों के उल्लंघन को लोक सुरक्षा एवं लोकशांति से जुड़ा आधार मानते हुए दोनों लाइसेंस निरस्त किए गए। 


थाना कोतवाली क्षेत्र के पुरा जोधी निवासी मनजीत उर्फ रंजीत सिंह पुत्र स्व. यदुनन्दन सिंह का एनपीबी राइफल संख्या AB-972506 और लाइसेंस संख्या 148/98 भी निरस्त किया गया है। उनके विरुद्ध लखनऊ के जानकीपुरम थाने में वर्ष 2020 में धारा 307 आईपीसी और आयुध अधिनियम की धारा 30 के तहत मुकदमा दर्ज होने का उल्लेख है। पुलिस आख्या के मुताबिक मामला विचाराधीन है और संबंधित राइफल 30 मई 2020 से थाना जानकीपुरम में जमा है।


 थाना महराजगंज के सिकन्दरपुर निवासी मो. फैसल पुत्र मो. हम्माद का एनपीबी राइफल लाइसेंस भी निरस्त किया गया है। आदेश में उनके खिलाफ वर्ष 2018 और 2022 के चार आपराधिक मामलों का उल्लेख है। इनमें हत्या के प्रयास, लूट, सरकारी कार्य में बाधा और अन्य धाराओं के मुकदमे शामिल हैं। पुलिस आख्या में लाइसेंसी शस्त्र से संबंधित फायरिंग और कारतूसों के उपयोग का भी उल्लेख किया गया है। 


थाना बरदह क्षेत्र के मोहम्मदपुर फेटी निवासी अशरफ जुमा/जमो पुत्र रुस्तम अली का डीबीबीएल गन संख्या 7940 और लाइसेंस संख्या 6051 निरस्त किया गया। आदेश में वर्ष 1994 से 2020 तक दर्ज कई आपराधिक मामलों का उल्लेख है। इनमें हत्या के प्रयास, लूट, आयुध अधिनियम और गैंगस्टर एक्ट से संबंधित मामले भी शामिल हैं। पुलिस आख्या में कई अभियोग लंबित होने और उन्हें इतिहासशीटर के रूप में दर्ज किए जाने का उल्लेख किया गया। 


थाना निजामाबाद के बैसर संसारपुर निवासी जिलेदार यादव पुत्र बासुदेव यादव का एसबीबीएल गन संख्या N23189 और लाइसेंस संख्या 99/2002 भी निरस्त किया गया। उनके विरुद्ध वर्ष 2025 में बीएनएस की विभिन्न धाराओं में मुकदमा दर्ज होने तथा आरोप-पत्र न्यायालय भेजे जाने की जानकारी पुलिस आख्या में दी गई है। इसके अलावा पुलिस रिपोर्ट में वर्ष 2003 से 2025 तक कुल 125 कारतूस खरीदे जाने और 17 कारतूस शेष होने का उल्लेख किया गया। न्यायालय ने उपलब्ध अभिलेखों और तथ्यों का परीक्षण करने के बाद लोक सुरक्षा एवं लोकशांति के दृष्टिगत लाइसेंस निरस्त करने का आदेश दिया। 


थाना फूलपुर के विशेसा गांव निवासी असहद उर्फ चुन्नू शेख पुत्र हारून के रिवॉल्वर संख्या 115101254 और लाइसेंस संख्या 361/08 के संबंध में भी कार्रवाई की गई थी। उनके खिलाफ वर्ष 2016 में फूलपुर थाने में मुकदमा दर्ज होने का उल्लेख है। हालांकि कार्रवाई के दौरान उनकी 4 सितंबर 2024 को मृत्यु होने की पुष्टि हुई। इसके बाद जिलाधिकारी न्यायालय ने मृत्यु के कारण शस्त्र लाइसेंस को स्वतः समाप्त मानते हुए कार्यवाही समाप्त कर दी। साथ ही लाइसेंस पंजिका में ‘शस्त्र लाइसेंस निरस्त’ अंकित करने और भविष्य में इसका नवीनीकरण नहीं करने के निर्देश दिए गए। 


जिलाधिकारी न्यायालय के आदेश के अनुपालन में संबंधित शस्त्र लाइसेंसों को निरस्त किए जाने का अंकन लाइसेंस पंजिका में करने के निर्देश दिए गए हैं। संबंधित शस्त्र कार्यालय और पुलिस अधिकारियों को भी आवश्यक कार्रवाई के लिए निर्देशित किया गया है। पुलिस के अनुसार, शस्त्र लाइसेंस के दुरुपयोग, आपराधिक गतिविधियों में संलिप्तता और लोक सुरक्षा एवं लोकशांति प्रभावित करने वाले मामलों में नियमानुसार कार्रवाई आगे भी जारी रहेगी।

आजमगढ़ में पुलिस का वारंटियों पर शिकंजा, 9 NBW वारंटी गिरफ्तार मुबारकपुर, जहानागंज, कप्तानगंज, अतरौलिया और बरदह पुलिस ने की कार्रवाई


 आजमगढ़ में पुलिस का वारंटियों पर शिकंजा, 9 NBW वारंटी गिरफ्तार



मुबारकपुर, जहानागंज, कप्तानगंज, अतरौलिया और बरदह पुलिस ने की कार्रवाई


उत्तर प्रदेश के आजमगढ़ जिले में वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डॉ. अनिल कुमार के निर्देशन में गैर-जमानती वारंट (NBW) से संबंधित अभियुक्तों की गिरफ्तारी के लिए चलाए जा रहे अभियान के तहत रविवार को आजमगढ़ पुलिस ने कार्रवाई करते हुए नौ वारंटियों को गिरफ्तार किया। पुलिस के अनुसार, 20 सितंबर 2026 को जनपद के विभिन्न थानों की पुलिस ने न्यायालय से जारी गैर-जमानती वारंटों के अनुपालन में अभियान चलाया। इस दौरान कुल नौ NBW वारंटियों को गिरफ्तार किया गया। गिरफ्तार अभियुक्तों में मुबारकपुर, जहानागंज, कप्तानगंज, अतरौलिया और बरदह थाना क्षेत्रों से संबंधित वारंटी शामिल हैं।


 पुलिस का कहना है कि न्यायालय से जारी वारंटों के शत-प्रतिशत अनुपालन और वांछित अभियुक्तों की गिरफ्तारी के लिए अभियान लगातार जारी है। गिरफ्तार किए गए अभियुक्तों के खिलाफ नियमानुसार आवश्यक विधिक कार्रवाई की जा रही है। आजमगढ़ पुलिस के मुताबिक अपराध एवं अपराधियों के विरुद्ध प्रभावी कार्रवाई तथा कानून-व्यवस्था को सुदृढ़ बनाए रखने के लिए इस तरह के अभियान आगे भी जारी रहेंगे।

Saturday, 19 September 2026

आजमगढ़ फूलपुर, शराब के नशे में पोखरे में डूबा युवक, मौत वैसाडीह गांव में शाम को उतराता मिला शव, परिजनों ने कार्रवाई से किया इनकार


 आजमगढ़ फूलपुर, शराब के नशे में पोखरे में डूबा युवक, मौत



वैसाडीह गांव में शाम को उतराता मिला शव, परिजनों ने कार्रवाई से किया इनकार



उत्तर प्रदेश के आजमगढ़ जनपद में फूलपुर कोतवाली क्षेत्र के वैसाडीह गांव में शुक्रवार शाम पोखरे में डूबने से 25 वर्षीय युवक बिरेन्द्र चौहान की मौत हो गई। शाम करीब साढ़े सात बजे पोखरे में शव उतराता देखकर ग्रामीणों ने उसे बाहर निकाला। पहचान होने के बाद परिजनों को सूचना दी गई। बताया गया कि बिरेन्द्र तीन भाइयों में दूसरे नंबर का था और मेहनत-मजदूरी कर परिवार का भरण-पोषण करता था। 


ग्रामीणों के अनुसार वह शराब का सेवन करता था। शुक्रवार सुबह से ही उसने शराब पी रखी थी। शाम को वह वैसाडीह गांव के चौराहे के पास स्थित पोखरे में कूद गया। इसके बाद वह बाहर नहीं निकल सका और डूबने से उसकी मौत हो गई। ग्रामीण शव को घर ले गए, जहां परिजन अंतिम संस्कार की तैयारी में जुट गए। बिरेन्द्र के दोनों भाई रोजी-रोटी के सिलसिले में दिल्ली और पंजाब में रहते हैं। उसके पिता की पहले ही मृत्यु हो चुकी है। घर में उसकी मां और परिवार की महिलाएं हैं। युवक की मौत की खबर से परिवार में कोहराम मचा हुआ है।


 इस संबंध में प्रभारी निरीक्षक कोतवाली फूलपुर देवेंद्र प्रताप सिंह ने बताया कि ग्राम प्रधान की ओर से घटना की सूचना दी गई थी। परिजन किसी तरह की कार्रवाई नहीं चाहते हैं और उनकी ओर से कोई लिखित सूचना भी नहीं दी गई है। पुलिस के अनुसार युवक शराब के नशे में पोखरे में डूब गया।

Friday, 18 September 2026

आजमगढ़ गंभीरपुर, कक्षा 5 तक पढ़ा, फिर बना फर्जी CO, शराब का ठेका दिलाने के नाम पर ₹90 हजार ठगे डिप्टी एसपी की वर्दी पहनकर करता था वीडियो कॉल, 2 फर्जी पुलिस आईडी और कूटरचित ठेका आवंटन पत्र बरामद


 आजमगढ़ गंभीरपुर, कक्षा 5 तक पढ़ा, फिर बना फर्जी CO, शराब का ठेका दिलाने के नाम पर ₹90 हजार ठगे



डिप्टी एसपी की वर्दी पहनकर करता था वीडियो कॉल, 2 फर्जी पुलिस आईडी और कूटरचित ठेका आवंटन पत्र बरामद


उत्तर प्रदेश के आजमगढ़ जिले में गंभीरपुर थाना पुलिस और साइबर सेल की संयुक्त टीम ने खुद को पुलिस का सीओ अधिकारी बताकर शराब का ठेका दिलाने के नाम पर साइबर ठगी करने वाले आरोपी को गिरफ्तार किया है। पुलिस के अनुसार, कक्षा पांच तक पढ़े आरोपी ने डिप्टी एसपी की वर्दी पहनकर लोगों से वीडियो कॉल के जरिए संपर्क किया और खुद को पुलिस अधिकारी बताकर अपना प्रभाव जमाता था। आरोपी ने शराब का ठेका दिलाने के नाम पर एक व्यक्ति से ₹3.20 लाख की मांग की और ₹90 हजार नगद ले लिए थे। सिधारी थाना क्षेत्र के सादीसराय निवासी रविप्रकाश ने 17 सितंबर 2026 को गंभीरपुर थाने में शिकायत दी थी। आरोप है कि संजय नामक व्यक्ति ने स्वयं को पुलिस का सीओ अधिकारी बताते हुए शराब का ठेका दिलाने के नाम पर ₹3.20 लाख की मांग की। 30 अगस्त 2026 को उसने ₹90 हजार नगद ले लिए थे। शेष रकम 2 सितंबर 2026 तक देने की बात कही गई थी।


 पुलिस के मुताबिक, 1 सितंबर 2026 को आरोपी ने पुलिस की वर्दी पहनकर मोबाइल फोन से वीडियो कॉल की। संदेह होने पर वादी ने आरोपी के बारे में जानकारी की तो उसके पुलिस अधिकारी नहीं होने का पता चला। इसके बाद गंभीरपुर थाने में मु0अ0सं0 226/2026 संबंधित धारा के तहत मुकदमा दर्ज किया गया। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डॉ. अनिल कुमार के निर्देशन में 18 सितंबर 2026 को गंभीरपुर पुलिस और साइबर सेल की संयुक्त टीम ने मुखबिर की सूचना व आरोपी की लोकेशन के आधार पर रानीपुर रजमों मोड़ के पास से संजय पुत्र स्व. श्रीराम, निवासी मगरावा, थाना गंभीरपुर, उम्र करीब 40 वर्ष को दोपहर करीब 12:10 बजे गिरफ्तार कर लिया। उसके कब्जे से दो कूटरचित पुलिस अधिकारी पहचान पत्र, शराब ठेके का कूटरचित आवंटन पत्र, डिप्टी एसपी की पुलिस वर्दी का एक सेट और मोबाइल फोन बरामद किया गया। 


पुलिस के अनुसार, आरोपी डिप्टी एसपी की वर्दी पहनकर वीडियो कॉल करता था और खुद को पुलिस विभाग का अधिकारी बताकर लोगों को प्रभावित करता था। वह अपने कथित पद और प्रभाव का इस्तेमाल कर शराब का ठेका, नौकरी आदि दिलाने का भरोसा देता था और इसके नाम पर रकम हासिल करता था। मामले में पुलिस द्वारा आगे की विधिक कार्रवाई की जा रही है।

आजमगढ़ तहबरपुर दिनदहाड़े आभूषण की दुकान से गहना लेकर भागे बदमाश, ग्रामीणों ने पीछा कर 2 को दबोचा वायरल वीडियो में बैग से कथित तमंचा-पिस्टल और कारतूस मिलने का दावा, 2 आरोपी फरार


 आजमगढ़ तहबरपुर दिनदहाड़े आभूषण की दुकान से गहना लेकर भागे बदमाश, ग्रामीणों ने पीछा कर 2 को दबोचा



वायरल वीडियो में बैग से कथित तमंचा-पिस्टल और कारतूस मिलने का दावा, 2 आरोपी फरार



उत्तर प्रदेश के आजमगढ़ जनपद के तहबरपुर थाना क्षेत्र के मंझारी बाजार में गुरुवार को दिनदहाड़े आभूषण की दुकान से गहना लेकर भाग रहे बदमाशों का ग्रामीणों ने पीछा कर दो आरोपियों को पकड़ लिया। घटना के बाद मौके पर काफी देर तक अफरा-तफरी का माहौल रहा। बदमाशों के पकड़े जाने और ग्रामीणों द्वारा उनकी तलाशी लिए जाने के वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे हैं।


 स्थानीय लोगों के मुताबिक, चार बदमाश दो मोटरसाइकिलों से मंझारी बाजार पहुंचे थे। आरोप है कि बदमाश आनंद सेठ की आभूषण की दुकान पर गए और वहां से सोने की चेन लेकर भागने लगे। दुकान से बदमाशों के निकलते ही शोर मच गया। आवाज सुनकर आसपास के दुकानदार और ग्रामीण उनके पीछे दौड़ पड़े। बताया गया कि बदमाश भागते हुए पूर्वांचल एक्सप्रेसवे के पास तक पहुंच गए। पीछा कर रहे ग्रामीणों ने दो आरोपियों को पकड़ लिया, जबकि उनके दो साथी मौके से फरार हो गए। इसके बाद ग्रामीणों ने दोनों आरोपियों को घेर लिया और पुलिस को सूचना दी। सोशल मीडिया पर वायरल एक वीडियो में ग्रामीण पकड़े गए आरोपी के बैग की तलाशी लेते दिखाई दे रहे हैं। वीडियो में बैग से तमंचा, पिस्टल, बांका और कारतूस मिलने का दावा किया जा रहा है। हालांकि, वायरल वीडियो में दिखाई दे रही वस्तुओं की बरामदगी और उनकी वास्तविक स्थिति की आधिकारिक पुष्टि पुलिस जांच के बाद ही हो सकेगी।


 एक अन्य वीडियो में ग्रामीण खेतों में एक आरोपी का पीछा करते और उसे पकड़ते नजर आ रहे हैं। घटना की सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और पकड़े गए आरोपियों को अपने कब्जे में लेकर पूछताछ शुरू कर दी। शुक्रवार सुबह भी मंझारी बाजार में घटना की चर्चा होती रही। पुलिस फरार दोनों आरोपियों की तलाश कर रही है। साथ ही दुकान से ले जाए गए आभूषण की कीमत, आरोपियों की भूमिका और वायरल वीडियो में कथित असलहों की बरामदगी की भी जांच की जा रही है।