Tuesday, 17 February 2026

आजमगढ़ दीवानी न्यायालय में बम धमकी ईमेल प्रकरण में मुकदमा दर्ज, सुरक्षा बढ़ाई गई तमिलनाडु में ईडब्ल्यूएस आरक्षण के विरोध का जिक्र, अज्ञात ईमेल धारक के खिलाफ केस दर्ज


 आजमगढ़ दीवानी न्यायालय में बम धमकी ईमेल प्रकरण में मुकदमा दर्ज, सुरक्षा बढ़ाई गई


तमिलनाडु में ईडब्ल्यूएस आरक्षण के विरोध का जिक्र, अज्ञात ईमेल धारक के खिलाफ केस दर्ज


उत्तर प्रदेश के आजमगढ़ जनपद के दीवानी न्यायालय परिसर में 16 फरवरी 2026 को मिले बम धमकी वाले ईमेल के मामले में मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। मुख्य प्रशासनिक अधिकारी, जनपद न्यायालय आशुतोष कुमार सिंह की तहरीर पर सोमवार रात करीब 9 बजे संबंधित धाराओं में अज्ञात के खिलाफ केस दर्ज किया गया। बताया गया कि जनपद न्यायाधीश के अधिकृत ईमेल एड्रेस पर outlook.com से “सुन्निया दासन” नाम की आईडी से एक संदेश भेजा गया था।


 ईमेल में न्यायाधीश गण के विश्राम कक्ष में आईईडी विस्फोटक रखे जाने का दावा किया गया था। साथ ही 12:15 बजे दिन में विस्फोट होने का समय भी उल्लेखित था। संदेश में तमिलनाडु में ईडब्ल्यूएस आरक्षण लागू किए जाने के विरोध में बम रखने की बात लिखी गई थी। ईमेल की जानकारी मिलते ही न्यायालय प्रशासन और पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया। एहतियातन पूरे न्यायालय परिसर को तत्काल खाली करा लिया गया। सूचना पर पहुंचे दो बम निरोधक दस्तों ने सोमवार को कई घंटे तक सघन तलाशी अभियान चलाया, लेकिन कोई भी संदिग्ध वस्तु बरामद नहीं हुई। घटना के बाद न्यायालय परिसर की सुरक्षा व्यवस्था और कड़ी कर दी गई है। पुलिस ईमेल भेजने वाले अज्ञात व्यक्ति की पहचान करने के प्रयास में जुटी है। साइबर सेल की मदद से ईमेल के स्रोत और तकनीकी विवरण की जांच की जा रही है।


https://www.news9up.com/2026/02/blog-post_16.html

https://youtu.be/Ny4OHP5h8Aw?si=nXjA28iAEVJ8PZ-P

आजमगढ़ 27 साल पुराने मुबारकपुर शिया-सुन्नी दंगा हत्या कांड में 12 दोषियों को उम्रकैद जिला एवं सत्र न्यायाधीश जय प्रकाश पांडेय ने सुनाया फैसला, प्रत्येक पर 50 हजार का जुर्माना मोहर्रम जुलूस से लौटते समय हुई थी अली अकबर की हत्या, चार आरोपियों की मुकदमे के दौरान मृत्यु


 आजमगढ़ 27 साल पुराने मुबारकपुर शिया-सुन्नी दंगा हत्या कांड में 12 दोषियों को उम्रकैद



जिला एवं सत्र न्यायाधीश जय प्रकाश पांडेय ने सुनाया फैसला, प्रत्येक पर 50 हजार का जुर्माना


मोहर्रम जुलूस से लौटते समय हुई थी अली अकबर की हत्या, चार आरोपियों की मुकदमे के दौरान मृत्यु


उत्तर प्रदेश के आजमगढ़ जिले में 27 वर्ष पूर्व मुबारकपुर थाना क्षेत्र में शिया-सुन्नी विवाद के दौरान हुई हत्या के मामले में अदालत ने बड़ा फैसला सुनाया है। जिला एवं सत्र न्यायाधीश जय प्रकाश पांडेय की अदालत ने मंगलवार को दोषी करार दिए गए 12 आरोपियों को आजीवन कारावास की सजा सुनाई। इसके साथ ही प्रत्येक दोषी पर 50 हजार रुपये का आर्थिक दंड भी लगाया गया है। सजा के ऐलान को लेकर पहले से ही कोर्ट परिसर में गहमागहमी का माहौल रहा। किसी भी अप्रिय स्थिति से निपटने के लिए सुरक्षा व्यवस्था चाक-चौबंद रखी गई थी। उल्लेखनीय है कि बीते शुक्रवार को अदालत ने सभी 12 आरोपियों को हत्या का दोषी ठहराया था और सजा के बिंदु पर सुनवाई के लिए 17 फरवरी 2026 की तिथि निर्धारित की थी। 


अभियोजन पक्ष के अनुसार वादी नासिर हुसैन ने 30 अप्रैल 1999 को मुबारकपुर थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई थी। अपनी तहरीर में उन्होंने बताया कि उनके चाचा अली अकबर, निवासी पूरा ख्वाजा, 27 अप्रैल 1999 से लापता थे। अली अकबर के पुत्र जैगम ने 28 अप्रैल को गुमशुदगी की सूचना दी थी। 30 अप्रैल को अली अकबर की सिर कटी लाश राजा भाट के पोखरे से बरामद की गई। विवेचना में सामने आया कि मोहर्रम के जुलूस से लौटते समय सुन्नी समुदाय के कुछ लोगों ने मारपीट कर उनकी हत्या कर दी थी। पुलिस ने मामले में हुसैन अहमद, मोहम्मद अयूब फैजी, फहीम अख्तर, असरार अहमद, मोहम्मद याकूब, अली जहीर, इरशाद, मोहम्मद असहद, अफजल, अलाउद्दीन, दिलशाद तथा वसीम सहित कुल 12 आरोपियों के खिलाफ चार्जशीट दाखिल की थी।


 मुकदमे के दौरान हाजी मोहम्मद सुलेमान, नजीबुल्लाह, हमीदुल्लाह उर्फ झीनक और हाजी अब्दुल खालिक की मृत्यु हो गई। अभियोजन की ओर से डीजीसी फौजदारी प्रियदर्शी पियूष त्रिपाठी एवं एडीजीसी दीपक कुमार मिश्रा ने नौ गवाहों को न्यायालय में परीक्षित कराया। दोनों पक्षों की दलीलें सुनने के बाद अदालत ने सभी 12 आरोपियों को अली अकबर की हत्या का दोषी करार देते हुए आजीवन कारावास की सजा सुनाई। करीब तीन दशक पुराने इस बहुचर्चित मामले में आए फैसले को न्यायिक दृष्टि से अहम माना जा रहा है।


https://www.news9up.com/2026/02/27-12-17-4.html

आजमगढ़ सिधारी अंग्रेजी बीयर की दुकान का ताला तोड़कर चोरी, 61 हजार से अधिक नकदी पार सीसीटीवी का डीवीआर भी उठा ले गए चोर, पुलिस कर रही मामले की पड़ताल


 आजमगढ़ सिधारी अंग्रेजी बीयर की दुकान का ताला तोड़कर चोरी, 61 हजार से अधिक नकदी पार


सीसीटीवी का डीवीआर भी उठा ले गए चोर, पुलिस कर रही मामले की पड़ताल


उत्तर प्रदेश के आजमगढ़ जनपद के थाना सिधारी क्षेत्र में स्थित सफुद्दीनपुर की एक कम्पोजिट शॉप (अंग्रेजी बीयर) में बीती 13/14 फरवरी की रात अज्ञात चोरों ने ताला तोड़कर करीब 61 हजार रुपये से अधिक की नकदी पर हाथ साफ कर दिया। घटना की सूचना मिलने के बाद पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।


 प्राप्त जानकारी के अनुसार रामजतन जायसवाल पुत्र स्व. रूपनारायण, निवासी मड़या जयराम रैदोपुर, थाना कोतवाली, जनपद आजमगढ़, उक्त दुकान के मैनेजर हैं। उन्होंने थाना सिधारी में दी गई तहरीर में बताया कि रात में अज्ञात चोर दुकान का ताला तोड़कर अंदर घुस गए और गल्ले में रखे 61,249 रुपये नकद उठा ले गए। इसके साथ ही दुकान में लगा सीसीटीवी कैमरे का डीवीआर भी चुरा ले गए, जिससे घटना के साक्ष्य मिटाने की आशंका जताई जा रही है। मामले की जांच उपनिरीक्षक धर्मेन्द्र कुमार शर्मा द्वारा की गई। जांच के उपरांत प्रकरण में मुकदमा पंजीकृत किया जाना उचित प्रतीत होने की संस्तुति की गई है। थाना सिधारी पुलिस ने बताया कि तहरीर के आधार पर आवश्यक कानूनी कार्रवाई की जा रही है तथा अज्ञात चोरों की तलाश शुरू कर दी गई है।

Monday, 16 February 2026

आजमगढ़ दीवानी कचहरी में बम की सूचना से हड़कंप, परिसर खाली कराया गया पुलिस प्रशासन ने तत्काल कार्रवाई करते हुए वकीलों, वादकारियों और कर्मचारियों को बाहर निकाला बम निरोधक दस्ता और डॉग स्क्वायड ने शुरू की सघन जांच, संदिग्ध वस्तुओं की तलाशी जारी


 आजमगढ़ दीवानी कचहरी में बम की सूचना से हड़कंप, परिसर खाली कराया गया



पुलिस प्रशासन ने तत्काल कार्रवाई करते हुए वकीलों, वादकारियों और कर्मचारियों को बाहर निकाला


बम निरोधक दस्ता और डॉग स्क्वायड ने शुरू की सघन जांच, संदिग्ध वस्तुओं की तलाशी जारी


उत्तर प्रदेश के आजमगढ़ जिले में सोमवार को आजमगढ़ दीवानी कचहरी में बम होने की सूचना से अचानक अफरा-तफरी मच गई। सूचना मिलते ही पुलिस प्रशासन सक्रिय हो गया और एहतियातन पूरे कचहरी परिसर को खाली करा लिया गया।


 प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार सूचना मिलते ही अदालत परिसर में मौजूद वकीलों, वादकारियों और कर्मचारियों को तत्काल बाहर निकालकर सुरक्षित स्थान पर पहुंचाया गया। सुरक्षा के मद्देनजर मुख्य द्वारों को सील कर दिया गया और आम लोगों की आवाजाही पर रोक लगा दी गई। मौके पर भारी पुलिस बल तैनात कर दिया गया है।


 बम निरोधक दस्ता और डॉग स्क्वायड की टीम ने पूरे परिसर में सघन जांच शुरू कर दी है। हर कक्ष, रिकॉर्ड रूम और वाहन पार्किंग क्षेत्र की बारीकी से तलाशी ली जा रही है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि फिलहाल जांच जारी है और स्थिति नियंत्रण में है। किसी भी प्रकार की अफवाह से बचने की अपील की गई है। जांच पूरी होने के बाद ही स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।



https://youtu.be/Ny4OHP5h8Aw?si=nXjA28iAEVJ8PZ-P


https://www.news9up.com/2026/02/blog-post_17.html

लखनऊ, 2027 के लिए भाजपा की मास्टर स्टोक की तैयारी दलित वोटरों को साधने के लिए नई सोशल इंजीनियरिंग शुरू इन 15 महापुरुषों का कैलेंडर किया तैयार, मायावती को लेकर ...

लखनऊ, 2027 के लिए भाजपा की मास्टर स्टोक की तैयारी



दलित वोटरों को साधने के लिए नई सोशल इंजीनियरिंग शुरू


इन 15 महापुरुषों का कैलेंडर किया तैयार, मायावती को लेकर ...


उत्तर प्रदेश लखनऊ, वर्ष 2027 के विधानसभा चुनावों में सत्ता बरकरार रखने की तैयारी में जुटी भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) दलित वोटरों को लेकर विशेष रणनीति पर काम कर रही है। वर्ष 2024 के लोकसभा चुनावों में दलित मतदाताओं का झुकाव विपक्ष की ओर जाने के संकेत मिलने के बाद पार्टी ने नए सिरे से सोशल इंजीनियरिंग की कवायद तेज कर दी है। भाजपा की रणनीति के केंद्र में दलित महापुरुषों की विरासत और समाज के लोगों से निरंतर संवाद को रखा गया है। पार्टी ने कांशीराम, संत रविदास, संत गाडगे, डॉ. भीमराव अंबेडकर, ज्योतिबा फुले, सावित्रीबाई फुले, उदा देवी, झलकारी बाई, वीरा पासी, लखन पासी, रमाबाई अंबेडकर और अहिल्याबाई होल्कर सहित करीब 15 दलित एवं वंचित समाज के महापुरुषों का वार्षिक कैलेंडर तैयार किया है। इन महापुरुषों की जयंती और पुण्यतिथि पर प्रदेश भर में कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। 


उद्देश्य यह है कि इन आयोजनों के माध्यम से समाज के लोगों से बार-बार संपर्क स्थापित किया जाए और संवाद को मजबूत किया जाए। भाजपा दलित वोटरों के दरवाजे तक पहुंचकर उन्हें दोबारा अपने पाले में लाने की कोशिश कर रही है। लोकसभा चुनाव 2024 में भाजपा का प्रदर्शन 62 सीटों से घटकर 33 सीटों तक सिमट गया था। आरक्षित सीटों पर पार्टी का प्रदर्शन अपेक्षाकृत कमजोर रहा। जहां 2014 और 2019 में भाजपा ने आरक्षित सीटों पर बेहतर प्रदर्शन किया था, वहीं 2024 में समाजवादी पार्टी (सपा) ने सात आरक्षित सीटों पर जीत दर्ज की। भाजपा को आठ सीटें मिलीं, जबकि कांग्रेस और आजाद समाज पार्टी को एक-एक सीट हासिल हुई।


 विधानसभा की 403 सीटों में 86 सीटें आरक्षित हैं, जिनमें 84 अनुसूचित जाति और दो अनुसूचित जनजाति के लिए निर्धारित हैं। 2017 के विधानसभा चुनाव में भाजपा ने 71 आरक्षित सीटें जीती थीं, जो 2022 में घटकर 60 रह गईं। वहीं सपा का आंकड़ा सात से बढ़कर 16 तक पहुंच गया। बहुजन समाज पार्टी (बसपा) भले ही पिछले एक दशक में राजनीतिक रूप से कमजोर हुई हो, लेकिन मायावती की अपील अब भी उनके समर्थक वोटरों में प्रभावी मानी जाती है। यही कारण है कि भाजपा एक ओर दलित समाज को अपने साथ जोड़ने की रणनीति पर काम कर रही है, तो दूसरी ओर मायावती पर सीधे हमले से परहेज करती दिखती है। सपा और कांग्रेस पर आक्रामक रुख अपनाने के बावजूद भाजपा मायावती के प्रति नरम रुख रखती आई है, ताकि उनके समर्थक मतदाताओं में किसी प्रकार की नाराजगी न पनपे। बसपा की सक्रियता में आई कमी से दलित राजनीति में बने वैक्युम को भरने की दिशा में भाजपा अपनी रणनीति को आगे बढ़ा रही है।

 

संभल एसओजी की पूरी टीम निलंबित, कबाड़ी से वसूली के आरोप सही पाए गए 30 हजार रुपये लेने और धातु रोकने का आरोप, सीओ जांच में शिकायत की पुष्टी कई बड़े मामलों में नाकाम रही थी निलंबित हुई एसओजी टीम


 संभल एसओजी की पूरी टीम निलंबित, कबाड़ी से वसूली के आरोप सही पाए गए


30 हजार रुपये लेने और धातु रोकने का आरोप, सीओ जांच में शिकायत की पुष्टी 


कई बड़े मामलों में नाकाम रही थी निलंबित हुई एसओजी टीम


उत्तर प्रदेश के संभल जनपद में बड़ी प्रशासनिक कार्रवाई करते हुए पुलिस अधीक्षक कृष्ण कुमार बिश्नोई ने एसओजी (स्पेशल ऑपरेशन ग्रुप) की पूरी टीम को निलंबित कर दिया है। निलंबित किए गए पुलिसकर्मियों में प्रभारी समेत कुल आठ लोग शामिल हैं। टीम पर एक कबाड़ी से 30 हजार रुपये वसूलने और उसका कबाड़ा रोकने का आरोप था, जो जांच में सही पाया गया। मामले की शिकायत मिलने पर एसपी ने संभल के सीओ आलोक कुमार भाटी से जांच कराई। प्राथमिक जांच में आरोपों की पुष्टि होने के बाद रविवार को निलंबन की कार्रवाई की गई। जानकारी के अनुसार, मुरादाबाद के बिलारी निवासी कबाड़ी जफरूद्दीन अपने बेटे आस मोहम्मद के साथ 2 फरवरी की रात करीब 9 बजे मोबाइल की प्लेट का कबाड़ लेकर संभल के लाडम सराय की ओर जा रहे थे। आरोप है कि रास्ते में एसओजी टीम ने पिता-पुत्र को रोककर संभल कोतवाली क्षेत्र की चौधरी सराय पुलिस चौकी पर ले गई। बताया जाता है कि बिचौलियों के हस्तक्षेप के बाद पिता-पुत्र को छोड़ने के एवज में 30 हजार रुपये वसूले गए। साथ ही मोबाइल प्लेट गलाकर निकाली गई धातु से भरा कट्टा भी टीम ने अपने पास रोक लिया। 


पीड़ितों का आरोप है कि जब 3 फरवरी को उन्होंने टीम से संपर्क कर धातु लौटाने की मांग की तो कट्टा वापस करने के लिए 40 हजार रुपये की अतिरिक्त मांग की गई, जबकि कट्टे में लगभग 40 हजार रुपये मूल्य की ही धातु थी। इसके बाद मामला एसपी तक पहुंचा। जांच में शिकायत सही पाए जाने पर प्रभारी एसआई मोहित चौधरी, हेड कांस्टेबल कुलवंत, अरशद तथा कांस्टेबल अजनबी, आयुष, विवेक, बृजेश और हिरेश को निलंबित कर दिया गया है। एसपी ने एसओजी का नया प्रभारी बोबिंद्र शर्मा को नियुक्त किया है। 


गौरतलब है कि निलंबित एसओजी टीम पूर्व में भी कई बड़े मामलों में अपेक्षित सफलता नहीं दिला सकी थी। जुनावई थाना क्षेत्र में भाजपा नेता गुलफाम सिंह की हत्या का मुख्य आरोपी टीम की गिरफ्त में नहीं आ सका और उसने बदायूं की अदालत में आत्मसमर्पण कर दिया था। धनारी थाना क्षेत्र में दो भाइयों की हत्या के आरोपी ने भी लंबे समय तक फरार रहने के बाद कोर्ट में सरेंडर किया था। वहीं कैलादेवी थाना क्षेत्र में सात वर्षीय बच्ची के लापता होने के मामले में भी टीम कोई ठोस सुराग नहीं जुटा सकी थी।

Sunday, 15 February 2026

आजमगढ़ सिधारी दबंगई सब्जी विक्रेता पर फायरिंग, बाल-बाल बचा दुकानदार बेलनाडीह मोड़ पर रविवार शाम हुई घटना, आरोपी फरार, सिधारी पुलिस जांच में जुटी, आरोपी की तलाश जारी


 आजमगढ़ सिधारी दबंगई सब्जी विक्रेता पर फायरिंग, बाल-बाल बचा दुकानदार



बेलनाडीह मोड़ पर रविवार शाम हुई घटना, आरोपी फरार, सिधारी पुलिस जांच में जुटी, आरोपी की तलाश जारी



उत्तर प्रदेश के आजमगढ़ जनपद में रविवार शाम एक सनसनीखेज घटना सामने आई। सिधारी थाना क्षेत्र के बेलनाडीह मोड़ पर एक दबंग युवक ने सब्जी व किराना विक्रेता को निशाना बनाकर फायरिंग कर दी। गनीमत रही कि दुकानदार बाल-बाल बच गया। घटना के बाद इलाके में दहशत का माहौल है।


 जानकारी के अनुसार बेलनाडीह निवासी सोनू मद्धेशिया की बेलनाडीह मोड़ पर सब्जी व किराना की दुकान है। आरोप है कि गांव के ही राणा सिंह पुत्र दुर्गविजय सिंह ने दुकान को लक्ष्य कर फायर झोंक दिया। वारदात के बाद आरोपी मौके से फरार हो गया। सूचना मिलते ही सिधारी पुलिस मौके पर पहुंची और जांच-पड़ताल शुरू कर दी। पुलिस आरोपी की तलाश में जुटी है। घटना रविवार की शाम करीब छह बजे की बताई जा रही है। पुलिस का कहना है कि मामले की जांच कर आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।