Tuesday, 18 April 2023

प्रयागराज अतीक के वकील के घर के पास बम से हमला दहशत में इलाके के लोग, जांच में जुटी पुलिस


 प्रयागराज अतीक के वकील के घर के पास बम से हमला


दहशत में इलाके के लोग, जांच में जुटी पुलिस


उत्तर प्रदेश प्रयागराज माफिया अतीक अहमद और अशरफ के हत्याकांड के बाद प्रयागराज से एक और सनसनीखेज खबर सामने आ रही है। अतीक अहमद के वकीलों में से एक के घर के पास मंगलवार को एक गली में देसी बम फेंका गया। इस घटना से लोगों में दहशत का माहौल है।


 बताया जा रहा है कि दहशत फैलाने के उद्देश्य से बम फेंका गया है, जिसमें किसी के हताहत होने की खबर नहीं है। कर्नलगंज पुलिस मामले की जांच में जुटी है। जानकारी के मुताबिक, प्रयागराज के कटरा गोबर गली में देसी बम फेंका गया है। इलाके में छोटू यादव नाम का शख्स रहता है उसी से हर्षित सोनकर नाम के लड़के का विवाद हुआ था। आरोप है कि हर्षित ने ही छोटू को निशाना बनाकर बम चलाया, विजय मिश्रा का इस विवाद से कोई लेना-देना नहीं है।


 पुलिस इलाके के चप्पे-चप्पे पर नजर रखे हुए है। साथ ही वहां की आवाजाही पर रोक लगा दी गई है। कर्नलगंज पुलिस स्टेशन के एसएचओ राम मोहन राय का कहना है कि अतीक के वकील दयाशंकर मिश्रा निशाने पर नहीं थे और यह घटना दो युवकों के बीच दुश्मनी का नतीजा थी। हालांकि, वकील ने दावा किया कि यह भय और आतंक पैदा करने की कोशिश थी।

आजमगढ़ फेसबुक पर विदेशी महिला बन ठगी करने वाले गैंग के 3 सदस्य गिरफ्तार साइबर क्राइम पुलिस ने बिहार के नालंदा से दबोचा


 आजमगढ़ फेसबुक पर विदेशी महिला बन ठगी करने वाले गैंग के 3 सदस्य गिरफ्तार


साइबर क्राइम पुलिस ने बिहार के नालंदा से दबोचा


उत्तर प्रदेश आजमगढ़ साइबर क्राइम पुलिस ने फेसबुक पर विदेशी महिला बनकर लोगो से दोस्ती कर महंगे गिफ्ट व करोड़ो रुपये देने के बहाने 18 लाख की साइबर ठगी करने वाले गैंग के 03 साइबर अपराधियों को नालन्दा बिहार से गिरफ्तार किया है। इसके साथ ही पुलिस ने बैंक खातो में मौजूद 11 लाख रु0 फ्रीज़ किया और 05 मोबाइल फ़ोन भी बरामद किया है। पुलिस के अनुसार, सिधारी थाना क्षेत्र के राजेश कुमार ने 19 अक्टूबर 2022 को शिकायत किया कि फेसबुक पर विदेशी महिला लूसी चार्लोट ने दोस्ती कर 25,000 यूके पौंड व महंगे उपहार देने के नाम पर मुझसे करीब 18 लाख रूपये की धोखाधड़ी कर ली। इस तहरीर पर पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ सुसंगत धाराओं में मुकदमा दर्ज कर विवेचना शुरू की। विवेचना से नवादा व नालन्दा बिहार अंतर्राज्यीय साइबर गैंग के 5 आरोपियों का नाम प्रकाश में आया था।


जिसमे एक आरोपी सौरभ कुमार निवासी वारिसलिनगंज को पूर्व में गिरफ्तार किया गया था। जबकि मौके पर चार आरोपी फरार होने में कामयाब हो गए थे। रविवार को फरार आरोपी रिपेश कुमार उर्फ़ बिट्टू पुत्र रंजय कुमार निवासी ग्राम सुन्दरपुर, दिलीप कुमार पुत्र नीरू राउत निवासी ग्राम मायापुर व रौशन कुमार उर्फ़ कारू पुत्र स्व0 उदय नारायण प्रसाद निवासी ग्राम पांची को गिरफ्तार किया गया। जबकि एक आरोपी रिपान्शु कुमार पुत्र मुद्रिका प्रसाद निवासी मिरबिघा चकवे थाना वारिसलिन गंज फरार हो गया। पूछताछ में ज्ञात हुआ कि रिपेश कुमार उर्फ़ बिट्टू थाना कतरी सराय जिला नालंदा बिहार जो पूर्व में साइबर अपराध में जेल जा चुका है, जो विदेशी महिला बनकर गिफ्ट फ्रॉड व फाइनेंस के नाम पर अपने साथी दिलीप कुमार, रौशन व रिपंशु कुमार के साथ मिलकर विदेशी महिला बनकर फेसबुक पर दोस्ती कर यूके पौंड व महंगे उपहार देने के नाम पर अधिवक्ता शुल्क, कस्टम शुल्क, फाइल शुल्क इत्यादि के नाम पर करीब 18 लाख रूपये की साइबर धोखाधड़ी की गयी थी। 


गिरफ्तार करने वाले टीम में प्रभारी निरीक्षक विमल प्रकाश राय, सब इंस्पेक्टर प्रमोद कुमार, मुख्य आरक्षी मनीष सिंह, का0 सभाजीत मौर्या, का० संजय कुमार व महिपाल यादव शामिल रहे।

प्रयागराज चिट्ठी आएगी हड़कंप मचाएगी सीलबंद लिफाफे में कैद अतीक-अशरफ की हत्या का राज सीएम योगी और सीजेआई के पास पहुंचेगी


 प्रयागराज चिट्ठी आएगी हड़कंप मचाएगी


सीलबंद लिफाफे में कैद अतीक-अशरफ की हत्या का राज


सीएम योगी और सीजेआई के पास पहुंचेगी


प्रयागराज अतीक अहमद और उसके भाई अशरफ हत्याकांड ने न केवल यूपी बल्कि देश की राजनीति को गरमा दिया है। दोनों की हत्या को लेकर विपक्ष सरकार पर हमलावर है तो सरकार मामले के लिए जांच टीम गठित कर चुकी है। इस बीच चर्चा है कि जल्द ही अशरफ की एक गुप्त चिट्ठी मुख्य न्यायधीश और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के पास पहुंच सकती है, इसमें उसका नाम है जिसने अशरफ और अतीक पर हमला करवाया। दरअसल इस बात को और मजबूती तब मिली जब अतीक के वकील विजय मिश्रा ने कहा कि जल्द ही योगी आदित्यनाथ के पास एक सीलबंद चिट्ठी पहुंचेगी। इसमें अतीक और अशरफ को मरवाने वाले का नाम लिखा होगा। अशरफ मुझसे बोला था अगर उसकी हत्या हो जाती है तो यह बंद लिफाफा चीफ जस्टिस और सीएम योगी आदित्यनाथ के  पास पहुंच जाएगा।


बीते 29 मार्च को अशरफ को पुलिस एक मुकदमे की पेशी के दौरान प्रयागराज में थी। इसके बाद वह वापस आधी रात को बरेली जिला पहुंचता है। इस दौरान अशरफ ने पत्रकारों से कहा था कि एक पुलिस अधिकारी ने उसको धमकी दी है कि अगले दो सप्ताह में हत्या कर दी जाएगी। ऐसा हुआ तो उस अधिकारी का नाम लिखा बंद लिफाफा अदालत के सामने खुलेगा। हाईकोर्ट का आदेश है कि किसी भी केस की सुनवाई वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए कराई जा सकती है। फिर भी उसे और उसके भाई को जेल से निकाला गया। जेल में हत्या की आशंका को लेकर अशरफ ने कहा था कि मुझे जेल में नहीं बल्कि बाहर खतरा है और अंत में हुआ भी वही।


उमेश पाल हत्याकांड में पूछताछ के लिए रिमांड पर लिए गए माफिया अतीक अहमद और अशरफ ही हत्या पुलिस की लापरवाही का नतीजा मानी जा रही है। उसकी तरफ से हर कदम पर चूक हुई। साबरमती जेल से माफिया अतीक और बरेली जेल से लाए गए अशरफ को कस्टडी रिमांड पर लिए जाने के बाद सुरक्षा की अनदेखी से कई सवाल खड़े हो गए हैं। रिमांड के दौरान जहां, माफिया और उसके भाई के वकील को भी सौ मीटर दूर रहने की इजाजत कोर्ट ने दी थी, वहां मेडिकल मुआयने से पहले अस्पताल गेट पर मीडियाकर्मियों को सवाल करने की छूट कैसे दी गई? इसका जवाब ढूंढ़ा जा रहा है।


जिस माफिया अतीक की पेशी के दौरान सुरक्षा में एक हजार से अधिक पुलिस-पीएसी और आरएएफ के जवान लगाए जा रहे थे, जेल से बायोमीट्रिक लॉक वाली प्रिजन वैन में लाया जाता था, उसे दो दिन से धूमनगंज पुलिस थाने की साधारण जीप में लेकर घूमती रही। इतना ही नहीं उमेश पाल हत्याकांड में प्रयुक्त असलहों की बरामदगी के लिए कसारी-मसारी के जंगल में भी पुलिस अतीक-अशरफ को लेकर जीप से ही टहलती देखी गई। इस दौरान एक ही हथकड़ी की चेन में दोनों भाइयों के हाथ बांध कर घुमाया जाता रहा। सीजेएम कोर्ट ने दोनों की रिमांड मंजूर करते हुए अपने आदेश में लिखा है कि न्यायिक अभिरक्षा से विवेचक की पुलिस कस्टडी में लेने से पहले और फिर पुलिस अभिरक्षा से न्यायिक अभिरक्षा में सौंपते समय दोनों का चिकित्सकीय परीक्षण और कोरोना जांच कराई जाएगी। लेकिन, तीन दिन से लगातार रात को पुलिस चिकित्सकीय परीक्षण के लिए लेकर अतीक-अशरफ को पहुंचती रही।


ऐसे में बार-बार चिकित्सकीय परीक्षण कराने की वजहों को लेकर भी सवाल खड़े हो रहे हैं। बिना औचित्य के कॉल्विन अस्पताल में चिकित्सकीय परीक्षण के लिए माफिया अतीक और उसके भाई को लेकर जाने के सवाल पर धूमनगंज के इंस्पेक्टर राजेश कुमार मौर्य का कहना था कि उनकी तबीयत खराब हो गई थी। जबकि अस्पताल के गेट पर शूटआउट से चंद सेकंड पहले तक अतीक सहज तरीके से बात करता नजर आ रहा था।

Monday, 17 April 2023

आजमगढ़ किशोरी का अपहरण कर जबरन कराई शादी दो महिलाओं सहित तीन को पुलिस ने किया गिरफ्तार सभी के खिलाफ होगी गैंगस्टर एक्ट में कार्रवाई-पुलिस अधीक्षक


 आजमगढ़ किशोरी का अपहरण कर जबरन कराई शादी


दो महिलाओं सहित तीन को पुलिस ने किया गिरफ्तार


सभी के खिलाफ होगी गैंगस्टर एक्ट में कार्रवाई-पुलिस अधीक्षक


आजमगढ़ जिले में नाबालिग लड़की का अपहरण करके उसे बेचकर जबरन शादी कराने का मामला प्रकाश में आया है। इस मामले में पुलिस ने तीन आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है। शहर कोतवाली क्षेत्र के एक गांव में स्थित ननिहाल में रहने वाली नाबालिग लड़की का एक अप्रैल को अपहरण हो गया था। 12 अप्रैल को लड़की के मामा के नंबर पर लड़की ने ही फोन किया तो मामा पुलिस के साथ अलीगढ़ पहुंचकर उसे बरामद किया लड़की का शनिवार को कोर्ट में बयान हुआ और तीन लोगों पर मुकदमा दर्ज कराया गया। पुलिस ने रविवार को तीनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। 


महराजगंज थाना क्षेत्र की रहने वाली एक नाबालिग लड़की शहर कोतवाली के एक गांव स्थित अपने ननिहाल में रह कर पढ़ती थी। एक अप्रैल को वह गायब हो गई। परिजनों ने बलरामपुर चौकी पर गुमशुदगी दर्ज कराई 12 अप्रैल को लड़की ने मामा को फोन कर बताया कि उनके घर में किराये पर रहने वाली सुशीला देवी व दूसरी महिला मुन्नी देवी उसे लेकर अलीगढ़ आई और उसका विवाह करा दिया। मामा ने पुलिस से संपर्क किया और शहर कोतवाली पुलिस के साथ अलीगढ़ जाकर नाबालिग को बरामद कर ले आए। शनिवार को उसका कोर्ट में बयान हुआ। और परिजनों की तहरीर पर शहर कोतवाली में मुन्नी देवी, सुशीला देवी और अलीगढ़ के नेवादा के रहने वाले राहुल सिंह के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया। शहर कोतवाली पुलिस ने रविवार को ही तीनों नामजद अभियुक्तों को हाफिजपुर से गिरफ्तार कर लिया।


इस मामले में पुलिस अधीक्षक अनुराग आर्य ने बताया कि लड़की की खरीद- फरोख्त की गई है। मामले में 3 लोगों को गिरफ्तार किया गया है जांच जारी है अन्य लोगों का नाम प्रकाश में आएगा तो उनकी भी गिरफ्तारी की जाएगी। बताया कि तीनों मिलकर एक गैंग के रूप में काम कर रहे थे। इन सभी के खिलाफ गैंगस्टर एक्ट के तहत कार्रवाई की जाएगी।

आजमगढ़ कप्तानगंज एक ही चिता पर जली माता-पिता और बेटी की लाश घर के इकलौते बेटे ने ही उतारा था मौत के घाट


 आजमगढ़ कप्तानगंज एक ही चिता पर जली माता-पिता और बेटी की लाश


घर के इकलौते बेटे ने ही उतारा था मौत के घाट


उत्तर प्रदेश आजमगढ़ जिले का धंधारी गांव तिहरे हत्याकांड के गम से उबर नहीं सका है। माता-पिता और छोटी बहन की कुल्हाड़ी से गर्दन काटकर हत्या करने वाला युवक फरार है। वह दो बहनों का इकलौता भाई है। गांव के लोग घटनास्थल के मंजर को याद कर सिहर जा रहे हैं। रविवार देर शाम पोस्टमार्टम के बाद शवों का राजघाट पर अंतिम संस्कार किया गया। माता-पिता और बेटी की चिताएं जब एक साथ जलीं तो वहां मौजूद हर शख्स रो उठा। मृतक के बड़े भाई ने शवों को मुखाग्नि दिया। वहीं भाई के हाथों जीवित बच गई एक और बहन का तो रो-रोकर बुरा हाल है। 


कप्तानगंज थाना क्षेत्र के धंधारी गांव निवासी भानू प्रताप सिंह गांव के बाहर सड़क के किनारे मकान बनाकर परिवार के साथ रहते थे। उन्होंने शनिवार को पुत्र राजन सिंह (20) को किसी बात पर डांटा था। इस बात से वह क्षुब्ध हो गया। उसने शनिवार की रात ही पिता भानू प्रताप सिंह (48), मां सुनीता देवी (45) और बहन राशि सिंह (13) वर्ष को कुल्हाड़ी से वार करके मार डाला।

वारदात को अंजाम देने के बाद वह घर से फरार हो गया। आबादी से दूर सड़क किनारे मकान होने के कारण किसी को रात में परिवार वालों की चीख-पुकार सुनाई नहीं दी। सुबह गांव वाले टहलने निकले तो भानू प्रताप के घर पर सन्नाटा पसरा था। घर का दरवाजा खुला हुआ था। कुछ लोग परिवार के सदस्यों का हाल जानने भीतर गए और वहां का दृश्य देखकर स्तब्ध रह गए। सूचना पर पहुंची पुलिस ने शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। 


भानू प्रताप के बड़े भाई भूपति सिंह की तहरीर पर राजन के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया गया। देर शाम पोस्टमार्टम के बाद शवों का राजघाट पर एक ही चिता पर अंतिम संस्कार कर दिया गया। भूपति सिंह ने ही शवों को मुखाग्नि दी। शनिवार रात इस खौफनाक घटना के समय एक पुत्री रिश्तेदारी में गई थी। जिसके चलते वो कलयुगी भाई के हाथों बच गई। उसका रो-रोकर बुरा हाल है। वहीं आरोपी युवक अभी पुलिस के हत्थे नहीं चढ़ा है। उसकी तलाश में पुलिस की दो टीम लगी हुई है।

आजमगढ़ निजामाबाद थाने से नहीं मिला न्याय, पीड़ित मां पहुंची एसपी दरबार जानलेवा हमले मामले में आरोपियों पर स्थानीय पुलिस द्वारा कार्रवाई न करने का लगाया आरोप


 आजमगढ़ निजामाबाद थाने से नहीं मिला न्याय, पीड़ित मां पहुंची एसपी दरबार


जानलेवा हमले मामले में आरोपियों पर स्थानीय पुलिस द्वारा कार्रवाई न करने का लगाया आरोप


उत्तर प्रदेश आजमगढ़ निज़ामाबाद थाना क्षेत्र के फरिहा गांव की निवासिनी रफ़ीकुन निशा पत्नी स्वर्गीय मुश्ताक ने पुलिस अधीक्षक को ज्ञापन सौंप न्याय की गुहार लगाई। महिला ने प्रार्थना पत्र के माध्यम से आरोप लगाया कि निजामाबाद थाना पुलिस द्वारा मेरे एकलौते पुत्र मोहम्मद सलीम पर जानलेवा हमला करने वाले आरोपियों पर कोई कार्यवाही नही की जा रही है।


पीड़िता ने आरोप लगाया कि मेरा इकलौता बेटा मोहम्मद सलीम एक माह पूर्व बुलेट लिया था जिसे हमारे देवर वकील अहमद का नाती फरहान पुत्र इमरान आये दिन चलाने के लिये माँगता था लेकिन मेरा बेटा उसको बुलेट देने से इनकार करता रहा, उसने कई बार मेरे बेटे से कहा कि चलाने को दो, नहीं तो न बुलेट रहेगी और न ही तुम। इस बीच 10 अप्रैल को 3 बजे सलीम अफ़्तारी की दावत के लिए अपनी खाला के यहाँ बस्ती गांव थाना सरायमीर के लिये निकला, जिस की जानकारी पड़ोसी फरहान को थी, जैसे ही मेरा बेटा सलीम लखनऊ-बलिया मार्ग फ़रीदाबाद पहुँचा था कि पहले से घात लगाये फरहान पुत्र इमरान व आबाद पुत्र शमशाद अपनी चार पहिया वाहन से ज़ोरदार टक्कर मार दिये और मेरे बेटे को मरा समझाकर वहां से भाग गये। गंभीर अवस्था में मोम्मद सलीम को प्राइवेट अस्पताल में भर्ती कराया गया है।


 इस मामले में निजामाबाद थाने में तहरीर दी गयी लेकिन घटना के पांच दिन बीत जाने के बाद भी थाने द्वारा कोई कार्रवाई नहीं की गयी। अन्ततः हार मानकर पुलिस अधीक्षक कार्यालय में आकर प्रार्थना पत्र दिया गया है। अगर यहां भी न्याय नहीं मिलेगा तो मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से मिलकर न्याय की गुहार लगाई जायेगी।

जालौन बीए की छात्रा की बीच बाजार गोली मारकर हत्या कॉलेज से पेपर देकर लौटते समय बाइक सवार बदमाशों ने कनपटी में मारी गोली


 जालौन बीए की छात्रा की बीच बाजार गोली मारकर हत्या


कॉलेज से पेपर देकर लौटते समय बाइक सवार बदमाशों ने कनपटी में मारी गोली


उत्तर प्रदेश के जालौन जिले में सोमवार को बीए प्रथम वर्ष की छात्रा की सरेआम गोली मारकर हत्या का सनसनीखेज मामला सामने आया है। मिली जानकारी के अनुसार बीए प्रथम वर्ष की छात्रा 21 वर्षीय रोशनी पुत्री मान सिंह अहिरवार, एट के राम लखन महाविद्यालय में पेपर देकर अपने गांव ऐधा वापस पैदल जा रही थी। उसी दौरान एट के कोटरा रोड बाजार में बाइक सवार दो युवकों ने कनपटी से सटाकर गोली मार दी और भाग गए। छात्रा की मौके पर ही मौत हो गई। इस घटना से क्षेत्र में हड़कंप मच गया। 


घटना की जानकारी मिलते ही संबंधित थाने की पुलिस मौके पर पहुंची और छानबीन में जुट गई। युवती की मौत की खबर सुनते ही परिजनों में कोहराम मच गया।