Friday, 27 October 2023

आजमगढ़ जिला मजिस्ट्रेट ने 10 अपराधियों को किया जिला बदर मुबारकपुर व मेंहनगर से 2-2 तथा थाना सिधारी, निजामाबाद, देवगांव, रौनापार, अतरौलिया व फूलपुर से 1-1 अपराधी शामिल


 आजमगढ़ जिला मजिस्ट्रेट ने 10 अपराधियों को किया जिला बदर



मुबारकपुर व मेंहनगर से 2-2 तथा थाना सिधारी, निजामाबाद, देवगांव, रौनापार, अतरौलिया व फूलपुर से 1-1 अपराधी शामिल



उत्तर प्रदेश आजमगढ़ पुलिस अधीक्षक आजमगढ़ अनुराग आर्य द्वारा अपराध नियंत्रण में चलाये जा रहे विशेष अभियान के अन्तर्गत गोवध में सक्रिय अपराधियों पर गुण्डा अधिनियम के अन्तर्गत कार्यवाही की गयी है, जिसमें जिला मजिस्ट्रेट आजमगढ़ द्वारा 10 अपराधियों को 19 अक्टूबर से 6 माह के लिए जिला बदर किया गया है। थाना मुबारकपुर व मेंहनगर से 02-02 तथा थाना सिधारी, निजामाबाद, देवगांव, रौनापार, अतरौलिया व फूलपुर से 01-01 अपराधी जिलाबदर हुए है।


जिलाबदर हुए 10 अपराधियों का विवरण निम्नवत है-


1. अखिलेश पाल पुत्र जग्गू पाल निवासी भागमलपुर उर्फ धनकपुर थाना सिधारी जनपद आजमगढ़। (एनडीपीएस) 

2. फैय्याज पुत्र अब्दुल मजीद निवासी चिवटही थाना मुबारकपुर जनपद आजमगढ़। (चोरी)

 3. खलील उर्फ खलिर्लुरहमान पुत्र अनवर निवासी मु0 पुरासोफी थाना मुबारकपुर जनपद आजमगढ़। (लूट) 

4. रहमान पुत्र स्व0 तकी निवासी परसहा थाना निजामाबाद जनपद आजमगढ़। (गोवध)

 5. दीपक राजभर पुत्र लल्लन राजभर निवासी कोटा बुंजुर्ग बेलगहना थाना देवगांव जनपद आजमगढ़। (छेड़खानी) 

6. सत्यम सिंह उर्फ छोटू सिंह पुत्र सुनील सिंह निवासी कटहन थाना मेंहनगर जनपद आजमगढ़। (छेड़खानी)

 7. सोहन पासी पुत्र प्रसिद्ध पासी निवासी वीरपुर थाना मेंहनगर जनपद आजमगढ़। (हत्या)

 8. आजाद पुत्र झूरी राम निवासी बरडीहा थाना रौनापार जनपद आजमगढ़। (नकबजनी) 

9. रवि सिंघानिया पुत्र रामवृक्ष निवासी बढ़या थाना अतरौलिया जनपद आजमगढ़। (दुष्कर्म) 

10. गंगादीन सोनकर पुत्र प्यारे लाल सोनकर निवासी जगदीशपुर थाना फूलपुर जनपद आजमगढ़। (आबकारी अधि0)।

उत्तर प्रदेश में देर रात कई आईएएस अधिकारियों का हुआ तबादला अक्षत वर्मा बने वाराणसी के नए नगर आयुक्त


 उत्तर प्रदेश में देर रात कई आईएएस अधिकारियों का हुआ तबादला


अक्षत वर्मा बने वाराणसी के नए नगर आयुक्त


लखनऊ उत्तर प्रदेश में आईएएस के तबादले किए गए हैं। गुरुवार देर रात आईएएस अफसरों के तबादले किए गए। तबादला होकर आईएएस अक्षत वर्मा वाराणसी के नये नगर आयुक्त बनाये गए। इसी साल मार्च में अक्षत वर्मा का तबादला रद किया गया था। सीतापुर के मुख्य विकास अधिकारी के पद से स्थानांतरित कर सीडीओ प्रयागराज बनाए गए अक्षत वर्मा का तबादला रद कर दिया गया था और अक्षत वर्मा सीतापुर के सीडीओ बने रहे। 


अब अक्षत वर्मा का तबादला करके उन्हें वाराणसी नगर आयुक्त बनाया। इनके अलावा गुरुवार को हुए तबादले में पुलकित गर्ग को वीसी वाराणसी विकास प्राधिकरण बनाया गया। वहीं वाराणसी में नगर आयुक्त रहे शिपू गिरी को विशेष सचिव उच्च शिक्षा बनाया गया है। साथ ही सत्यप्रकाश, अपर आयुक्त आबकारी से नगर आयुक्त झांसी के पद पर भेजे गये हैं। पांच दिन पहले भी योगी सरकार ने आईएएस और पीसीएम अधिकारियों के ट्रांसफर किए थे।


यूपी सरकार ने पिछले हफ्ते तीन आइएएस और एक पीसीएस अधिकारी का तबादला कर दिया था। आईएएस अधिकारियों में आजमगढ़ के मुख्य विकास अधिकारी (सीडीओ) श्रीप्रकाश गुप्ता को विशेष सचिव चिकित्सा शिक्षा बनाया गया। इनके अलावा आगरा के ज्वाइंट मजिस्ट्रेट रहे परीक्षित खटाना को सीडीओ आजमगढ़ नियुक्त किया गया है। अपर आयुक्त मेरठ मंडल महेंद्र प्रसाद को विशेष कार्याधिकारी नोएडा प्राधिकरण के पद पर तैनात किया गया है। वहीं पीसीएस अधिकारी प्रभाकर सिंह को एसडीएम सोनभद्र से एसडीएम कुशीनगर के पद पर भेजा गया है।

लखनऊ ज्योति-आलोक विवाद, ज्योति मौर्या पर लगे भ्रष्टाचार के आरोपों को लेकर मंडलायुक्त ने भेजी रिपोर्ट ज्योति के पति आलोक ने लगाये भ्रष्टाचार के गंभीर आरोप


 लखनऊ ज्योति-आलोक विवाद, ज्योति मौर्या पर लगे भ्रष्टाचार के आरोपों को लेकर मंडलायुक्त ने भेजी रिपोर्ट



ज्योति के पति आलोक ने लगाये भ्रष्टाचार के गंभीर आरोप


उत्तर प्रदेश लखनऊ पति के आरोपों के बाद चर्चा में आईं पीसीएस अधिकारी ज्योति मौर्या को राहत मिली है। उनके खिलाफ जारी जांच में भ्रष्टाचार के आरोपों की पुष्टि नहीं हुई है। इस संबंध में प्रयागराज के मंडलायुक्त ने रिपोर्ट शासन को भेज दी है। रिपोर्ट के परीक्षण के बाद जांच प्रक्रिया बंद हो जाएगी। ज्योति के पति आलोक ने उनके ऊपर भ्रष्टाचार के गंभीर आरोप लगाए थे। उन्होंने इसकी शिकायत नियुक्ति विभाग से भी की थी। पूरे मामले को गंभीरता से लेते हुए शासन ने प्रयागराज के मंडलायुक्त को जांच सौंकर रिपोर्ट मांगी थी। मंडलायुक्त ने जांच के लिए अपर आयुक्त की अध्यक्षता में कमेटी बनाई थी।


कमेटी ने आलोक को साक्ष्यों के साथ बुलाया गया था। इस बीच आलोक ने अपनी शिकायत ही वापस ले ली। सूत्रों के मुताबिक मंडलायुक्त ने शासन को रिपोर्ट भेज दी है। रिपोर्ट में कहा गया है कि ज्योति के खिलाफ भ्रष्टाचार के सुबूत नहीं मिले हैं। ये भी कहा गया है कि पति ने भी शिकायत वापस ले ली है। हालांकि उनके आरोपों की जांच की गई जिसकी पुष्टि नहीं हुई।

अलीगढ़ ट्रैफिक इंस्पेक्टर को पीटने वाले कथित पार्टी के कार्यकर्ताओं पर 15 घंटे में चार्जशीट दायर आज न्यायालय में पेश किया जाएगा


 अलीगढ़ ट्रैफिक इंस्पेक्टर को पीटने वाले कथित पार्टी के कार्यकर्ताओं पर 15 घंटे में चार्जशीट दायर


आज न्यायालय में पेश किया जाएगा



उत्तर प्रदेश अलीगढ़ ट्रैफिक इंस्पेक्टर को पीटने की घटना के मुकदमे में पुलिस ने महज 15 घंटे में चार्जशीट दायर कर दी। जिन दो आरोपियों को हिरासत में लिया गया है, उनके खिलाफ यह चार्जशीट दायर की गई है। अज्ञातों के खिलाफ विवेचना जारी है। वहीं, दोनों आरोपियों को 27 अक्तूबर को न्यायालय में पेश किया जाएगा। 25 अक्तूबर की रात हुई घटना में ट्रैफिक इंस्पेक्टर कमलेश कुमार के साथ मारपीट करते हुए उनके कपड़े तक फाड़ दिए गए। इसी मामले में पुलिस ने तड़के चार बजे मुकदमा दर्ज किया। शाम सात बजे विवेचना पूर्ण करते हुए दोनों आरोपियों के खिलाफ चार्जशीट दायर कर दी। हालांकि देर शाम तक उन दोनों आरोपियों को छुड़ाने के तमाम राजनीतिक प्रयास होते रहे। मगर सफल नहीं हुए। अब 27 अक्तूबर को उन्हें मजिस्ट्रेट के समक्ष पेश किया जाएगा।


मिली जानकारी के अनुसार इस घटना को लेकर रात में टीआई ने कहा कि मेरे ऊपर झूठा आरोप लगाया गया है। मैंने अपने जीवन में शराब की एक बूंद आज तक नहीं पी। मैं सिर्फ बाइक माडीफाइड साइलेंसर पर चेक कर रहा था। उन्होंने अपने साथी बुला लिए। फिर मेरे साथ इंस्पेक्टर बन्नादेवी व सीओ की मौजूदगी में मारपीट की घटना कथित पार्टी के कार्यकर्ताओं ने की है। मेरे कपड़े फाड़ दिए और मारपीट की गई। मुझ पर झूठे आरोप लगाकर बदनाम किया जा रहा है। इस घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव ने भी संज्ञान लिया है। उन्होंने सोशल मीडिया पर ही इस वीडियो को लेकर अपनी प्रतिक्रिया देते हुए कहा है कि सूबे में पुलिस ही सुरक्षित नहीं है।


 सपा अध्यक्ष की प्रतिक्रिया आने के बाद सपा के पूर्व विधायक जमीरउल्लाह ने कहा कि ये चंद लोग लगातार पुलिस को शहर में निशाना बना रहे हैं। अब से पहले अब तक ये दस घटनाएं कर चुके हैं। जिसमें एसपी सिटी, कोतवाली थाने तक में अभद्रता शामिल है। अपने शहर में जब पुलिस ही सुरक्षित नहीं है तो बाकी समाज की सुरक्षा की जिम्मेदारी कौन लेगा। अब तो लोगों को खुद ही अपनी सुरक्षा का जिम्मा उठाना होगा। इस घटना में पुलिस अगर सत्ता के दबाव में लीपापोती करती है तो यह जानबूझकर व दबाव में किया गया काम होगा।

उत्तर प्रदेश 63 तहसीलदारों को योगी सरकार का तोहफा पीसीएस में प्रमोट, बनाए गए एसडीएम


 उत्तर प्रदेश 63 तहसीलदारों को योगी सरकार का तोहफा



पीसीएस में प्रमोट, बनाए गए एसडीएम



लखनऊ उत्तर प्रदेश की योगी सरकार ने दिवाली से पहले राज्य के 63 तहसीलदारों को तोहफा दिया है। इनका प्रमोशन हो गया है। इन्हें प्रमोट करके एसडीएम बना दिया गया है। इन्हें ग्रेड पे 5400 और वेतनमान 56100-177500 रुपये मिलेगा। विशेष सचिव नियुक्ति मदन सिंह गर्ब्याल ने गुरुवार को इस संबंध में आदेश जारी किया। पदोन्नति पाकर पीसीएस बनने वालों को दो साल की परिवीक्षा अवधि में रखा जाएगा। तहसीलदारों को पदोन्नति देने के लिए 18 अक्तूबर 2023 को उत्तर प्रदेश लोक सेवा आयोग प्रयागराज ने चयन समिति की बैठक में पदोन्नति देने पर सहमति बनी थी।


मिली जानकारी के मुताबिक प्रशासन द्वारा जारी प्रमोशन लिस्ट में सत्येंद्र सिंह, प्रवीण कुमार प्रथम, भगत सिंह, सुभाष चंद्र द्वितीय, संदीप कुमार त्रिपाठी, शशांक शेखर राय, जयेंद्र सिंह, सुरेंद्र प्रताप सिंह, भूपेंद्र सिंह, हरिश्चंद्र, आनंद कुमार तिवारी, फूलचंद्र यादव, रवि शंकर यादव, नुपुर सिंह, प्रसून कश्यप, सुनील कुमार द्वितीय, अजीत कुमार, अभिषेक कुमार, प्रवीण कुमार द्वितीय, विकास धर, गजेंद्र पाल सिंह, संजय कुमार अग्रहरि, अहमद फरीद खान, राम प्रसाद त्रिपाठी, राम नयन सिंह, संगीता पांडेय, नीलम उपाध्याय, पुष्पेंद्र कुमार, राजकुमार गुप्ता, राजेश प्रताप सिंह, अजय कुमार शर्मा, विवेक कुमार सिंह भदौरिया, नीरज कुमार द्विवेदी, दुर्गेश सिंह, बृजेंद्र उपाध्याय, राहुल सिंह, अमित कुमार त्रिपाठी, श्याम नारायण शुक्ला, आशीष कुमार सिंह, विवेक कुमार शुक्ला, शशिविंद कुमार द्विवेदी, अजय कुमार यादव, अरुण कुमार गिरि, संजीव कुमार यादव, विनोद कुमार गुप्ता, अमर चंद्र वर्मा और दीपक कुमार गुप्ता का नाम शामिल है।


 इसके अलावा निधि पांडेय, अरुण कुमार, प्रवीण कुमार द्वितीय, निधि भारद्वाज, अश्वनी कुमार, लाल कृष्ण, नवनीता राय, वंदना मिश्रा, सुनीता गुप्ता, प्रज्ञा सिंह, विवेकशील यादव, सर्वेश कुमार सिंह, दीपक कुमार चौधरी, राजेश कुमार विश्वकर्मा को भी प्रोन्नति मिली है। इन सभी को उत्तर प्रदेश सिविल सेवा (कार्यकारी शाखा) साधारण वेतनमान में डिप्टी कलेक्टर के पद पर वेतन बैंड-3 के वेतनमान रुपये 15600-39100 ग्रेड पे 5400 (सातवें आयोग में पुनरीक्षित वेतन मैट्रिक्स के लेवल-10 में रुपये 56100-177500) में उनके वर्तमान तैनाती के जनपद/विभाग में डिप्टी कलेक्टर/समकक्ष पद पर पदोन्नत करते हुय उन्हें कार्यभार गहण करने की तिथि से दो साल की परिवीक्षा अवधि पर रखा जाएगा।

Thursday, 26 October 2023

उत्तर प्रदेश सावधान! बिजली को लेकर पावर कॉरपोरेशन कर रहा है यह तैयारी हर माह करीब 50.90 रुपया प्रति यूनिट फायदा मिलेगा


 उत्तर प्रदेश सावधान! बिजली को लेकर पावर कॉरपोरेशन कर रहा है यह तैयारी



हर माह करीब 50.90 रुपया प्रति यूनिट फायदा मिलेगा




लखनऊ, उत्तर प्रदेश के बिजली उपभोक्ताओं के लिए राहतभरी खबर है। ईंधन अधिभार शुल्क कम होगा। इसके लिए पावर कॉरपोरेशन ने नियामक आयोग में प्रथम तिमाही का प्रस्ताव दाखिल कर दिया है। इसमें 18 से 69 पैसे प्रति यूनिट कमी करने का प्रस्ताव दिया गया है। इससे बिना मीटर वालों को हर माह करीब 50.90 रुपया प्रति यूनिट फायदा मिलेगा।


वर्ष 2023-24 में पावर कॉरपोरेशन ने 30108 मिलियन यूनिट बिजली बेचने की दर से टैरिफ प्लान तय किया था, लेकिन 29858 मिलियन यूनिट ही बिजली दी गई। आकलन के दौरान लाइन लॉस आदि कम करने पर उपभोक्ताओं पर 26420 मिलियन यूनिट बिजली खर्च हुई। ऐसे में पावर कॉरपोरेशन ने वर्ष 2023-24 प्रथम तिमाही को लेकर विद्युत नियामक आयोग में प्रस्ताव दाखिल किया है। इसके तहत अप्रैल, मई, जून में उपभोक्ताओं से लिए गए ईंधन अधिभार शुल्क को अगले तीन माह तक लौटाना होगा, जिसकी कुल कीमत 1055 करोड़ है। ऐसे में उपभोक्ताओं को 18 से 69 पैसे प्रति यूनिट तक कम ईंधन अधिभार शुल्क लिया जाएगा। ग्रामीण क्षेत्र में बिना मीटर वाले घरेलू उपभोक्ताओं से अभी 500 रुपया प्रति किलो वाट प्रति माह की दर से शुल्क लिया जाता है। इसमें प्रति माह 50.90 रुपया प्रति किलोवाट की कमी की जाएगी। इसी तरह किसानों को प्रति हार्स पावर 48.43 रुपया कम दर पर शुल्क देना होगा।


इसके पहले जुलाई 2023 में 61 पैसा प्रति यूनिट के हिसाब से ईंधन अधिभार का प्रस्ताव दिया गया था, जिसका उपभोक्ता परिषद ने विरोध किया। आपत्तियां दाखिल की, जिसके बाद पावर कॉरपोरेशन पीछे हट गया। अब जारी प्रस्ताव में ईंधन अधिकार शुल्क के एवज में 35 पैसे प्रति यूनिट कमी के लिए अलग-अलग श्रेणी वार प्रस्ताव दाखिल किया गया है। परिषद के अध्यक्ष अवधेश कुमार वर्मा ने बुधवार को नियामक आयोग के अध्यक्ष अरविंद कुमार व सदस्य संजय कुमार सिंह से मुलाकात की। घटाए गए दर पर दिए गए प्रस्ताव को स्वीकार करने की मांग की ताकि उपभोक्ताओं को अगले तीन माह तक फायदा मिल सके। वर्मा ने बताया कि विद्युत उपभोक्ताओं का बिजली निगमों पर पहले से ही करीब 33122 करोड़ रुपया बकाया चल रहा है। ऐसे में ईंधन अधिभार शुल्क व अन्य शुल्क किसी भी कीमत पर नहीं बढ़ाई जानी चाहिए।


श्रेणी वार उपभोक्ता प्रस्तावित ईंधन अधिभार कमी

घरेलू बीपीएल-18 पैसे प्रति यूनिट

घरेलू सामान्य-26 से 34 पैसे प्रति यूनिट

व्यवसायिक-34 से 48 पैसे प्रति यूनिट

किसान-13 से 30 पैसे प्रति यूनिट

नान इंडस्ट्रील बल्कलोड-46 से रुपया 69 प्रति यूनिट

भारी उद्योग-33 से 38 पैसे प्रति यूनिट

बांदा मासूम ने दी मां की हत्या की गवाही वारदात का ऐसा सच....अफसर भी हैरान!


 बांदा मासूम ने दी मां की हत्या की गवाही



वारदात का ऐसा सच....अफसर भी हैरान!



उत्तर प्रदेश बांदा जिले में शराब पीने को लेकर हुए विवाद में पत्नी की गला दबाकर हत्या कर दी। आरोपी पति ने खुद अपने ससुरालियों को फोन करके पेट दर्द से मौत होना बताया। मौके पर पहुंचे मायके पक्ष के सामने मृतका के दो मासूम पुत्रों ने अपने पिता की पूरी करतूत बता दी।

बच्चों ने बताया कि पापा ने मां को गला दबाकर मार डाला है। मासूम बच्चों के बताने पर पुलिस ने आरोपी पति को घटनास्थल से गिरफ्तार किया है। भाई की तहरीर पर पति समेत छह लोगों के खिलाफ थाने में हत्या की रिपोर्ट दर्ज की गई है। जांच की जा रही है।


गिरवां थाना क्षेत्र के ऐला गांव के मुंगुस का पुरवा निवासी शिव देवी (27) की मंगलवार की रात पति किशोर कुमार उर्फ बबलू ने रिश्तेदार के साथ बाथरूम में गला दबाकर हत्या कर दी। इसके बाद साले अजय को फोन पर बताया कि पेट दर्द से शिव देवी की मौत हो गई है।


शाम सात बजे जब मायके वाले आए तो देखा कि शिवदेवी का शव बाथरूम में पड़ा था। भाई अजय के मुताबिक कि जब उसने भांजे प्रेम (6) और अतुल (4) से पूछा तो बताया कि मां की उसके पिता ने गला दबाकर हत्या कर दी है। उनके साथ दूध वाला बाबा भी था।


इसकी सूचना पुलिस को दी। पुलिस ने आरोपी पति को गिरफ्तार कर लिया। भाई अजय का कहना है कि जीजा किशोर शराब का लती है। शराब पीने से मना करने पर अक्सर झगड़ा होता था। घटना वाले दिन भी जीजा शराब के नशे में था। किशोर अपने घर में ही आटा चक्की लगाए है।


शिवदेवी चार बहन और तीन भाइयों में सबसे छोटी थी। घटना के संबंध में गिरवां थाना इंस्पेक्टर संदीप तिवारी ने बताया कि भाई अजय की तहरीर पर आरोपी पति समेत छह ससुरालियों के खिलाफ हत्या की रिपोर्ट दर्ज की गई है। शव का पोस्टमार्टम कराया गया है।