Saturday, 2 August 2025

बरेली युवती को चोर समझकर पीटा हाथ जोड़कर बोली- प्लीज पहले पुलिस को बुलाओ... भीड़ ने एक न सुनी


 बरेली युवती को चोर समझकर पीटा



हाथ जोड़कर बोली- प्लीज पहले पुलिस को बुलाओ... भीड़ ने एक न सुनी



उत्तर प्रदेश के बरेली के किला थाना क्षेत्र के मोहल्ला बारादरी में शुक्रवार रात भीड़ ने एक युवती की पिटाई कर दी। युवती ने लोगों से हाथ जोड़कर रहम की भीख मांगी। कहा कि वह नेपाल की निवासी है और नोएडा से नौकरी के सिलसिले में बरेली आई है। यहां एक परिचित युवक रात में उसे अपने घर ले आया। युवक के साथ उसका फुफेरा भाई भी घर में मौजूद था। इसी दौरान किसी की कॉल आने पर युवती मोबाइल फोन लेकर छत पर चली गई, तभी ड्रोन व चोर की अफवाह में गश्त लगाते घूम रहे मोहल्ले के लोगों ने चोर-चोर का शोर मचा दिया। गुस्साईं भीड़ ने युवती को पकड़ लिया। उसे नीचे ले आए। चोटी पकड़कर युवती को पीटना शुरू कर दिया। वहां मौजूद किसी शख्स ने उसका वीडियो भी बना लिया। युवती हाथ जोड़कर रहम की भीख मांगती है। कहती है कि प्लीज पहले पुलिस को बुलाओ, लेकिन भीड़ ने उसकी एक न सुनी।


 वीडियो में एक युवक उसकी चोटी पकड़े दिखाई दे रहा है। यह वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल रहा है। किला थाना प्रभारी सुरेश चंद्र गौतम ने बताया कि युवती को जिला अस्पताल में भर्ती कराया है। उसने तहरीर दी है। मामले में रिपोर्ट दर्ज की जाएगी। वीडियो देखकर आरोपियों की पहचान की जाएगी।

Friday, 1 August 2025

आजमगढ़ तरवां डॉक्टर द्वारा इंजेक्शन लगाते ही छात्रा की हुई मौत गुस्साए परिजनों और ग्रामीणों ने अस्पताल में किया हंगामा, लापरवाही का लगाया आरोप


 आजमगढ़ तरवां डॉक्टर द्वारा इंजेक्शन लगाते ही छात्रा की हुई मौत



गुस्साए परिजनों और ग्रामीणों ने अस्पताल में किया हंगामा, लापरवाही का लगाया आरोप



उत्तर प्रदेश के आजमगढ़ जनपद के तरवां थाना क्षेत्र के लौरी गांव की 12 वर्षीय छात्रा अंशिका की शुक्रवार को तरवां 100 शैया अस्पताल में इलाज के दौरान मौत हो गई। अंशिका अपने पिता मदन के साथ पैर के फोड़े का इलाज कराने आई थी। आरोप है कि डॉ. आरएस मौर्य द्वारा लगाए गए इंजेक्शन के बाद उसकी हालत बिगड़ गई और कुछ ही देर में उसकी मृत्यु हो गई।



घटना के बाद गुस्साए परिजनों और ग्रामीणों ने अस्पताल में हंगामा शुरू कर दिया। सैकड़ों लोग अस्पताल पहुंचे और डॉक्टर पर लापरवाही का आरोप लगाया। सूचना पर तरवां, देवगांव, गंभीरपुर, जहानागंज और मेंहनगर पुलिस मौके पर पहुंची। सीओ लालगंज भूपेश पांडेय और नायब तहसीलदार मनोज गिरी ने लोगों को समझा-बुझाकर चार घंटे बाद हंगामा शांत कराया। पुलिस ने डॉक्टर को सुरक्षित थाने पहुंचाया और शव को पोस्टमॉर्टम के लिए भेजा।


गुस्साए ग्रामीणों ने परमानपुर चौराहे पर सड़क जाम कर दी, जिसे सीओ के हस्तक्षेप के बाद हटा लिया गया। अंशिका अपने भाई में इकलौती बहन थी। उसकी मां संगीता का रो-रोकर बुरा हाल है।


तरवां थानाध्यक्ष चंद्र दीप ने बताया कि अंशिका के पिता मदन ने डॉक्टर के खिलाफ तहरीर दी है। मामले की जांच शुरू कर दी गई है और जांच के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।

आजमगढ़ मेहनगर फर्जी सिम बेचने वाला POS एजेंट गिरफ्तार, 6 जियो सिम बरामद अन्य व्यक्तियों की आईडी पर फर्जी सिम एक्टिवेट कर 2-3 हजार रुपये में बेचता था आरोपी


 आजमगढ़ मेहनगर फर्जी सिम बेचने वाला POS एजेंट गिरफ्तार, 6 जियो सिम बरामद



अन्य व्यक्तियों की आईडी पर फर्जी सिम एक्टिवेट कर 2-3 हजार रुपये में बेचता था आरोपी



उत्तर प्रदेश के आजमगढ़ जिले में वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक हेमराज मीना के निर्देशन में साइबर अपराध पर अंकुश लगाने के लिए चलाए जा रहे अभियान के तहत साइबर क्राइम थाना पुलिस ने मेहनगर कस्बे से एक PoS एजेंट (सिम विक्रेता) को गिरफ्तार किया है। अभियुक्त के कब्जे से 1 जियो एक्टिवेटेड सिम और 5 अनएक्टिवेटेड जियो सिम बरामद की गई हैं।



साइबर क्राइम थाना प्रभारी निरीक्षक देवेंद्र प्रताप सिंह के नेतृत्व में उप-निरीक्षक योगेंद्र प्रसाद यादव और साइबर सेल की टीम को मुखबिर से सूचना मिली कि मेहनगर कस्बे में जियो स्टोर पर फर्जी सिम एक्टिवेट कर बेची जा रही हैं। जांच के दौरान पुलिस ने जियो स्टोर के डिस्ट्रीब्यूटर साहिल कुमार, पुत्र रमेश प्रसाद, निवासी धरनीपुर, रानीपुर, आजमगढ़ को सिंचाई विभाग कार्यालय के पास से गिरफ्तार किया।


 पूछताछ में साहिल ने बताया कि वह अन्य व्यक्तियों की आईडी पर फर्जी सिम एक्टिवेट कर 2-3 हजार रुपये में बेचता था। उसने नेटवर्क की समस्या का बहाना बनाकर ग्राहकों से अतिरिक्त फिंगरप्रिंट लेकर सिम एक्टिवेट की और उन्हें बेचा।


गिरफ्तारी करने वाली टीम में उप-निरीक्षक योगेंद्र कुमार यादव, हेड कांस्टेबल सुखनंदन सिंह यादव, कांस्टेबल सभाजीत मौर्य, रामश्रय यादव और साइबर सेल के हेड कांस्टेबल ओमप्रकाश जायसवाल शामिल थे।

Thursday, 31 July 2025

आजमगढ़ बाजार में बेची जा रही थीं मंडलीय जिला अस्पताल की दवाएं एनसीबी ने लिया एक्शन, फार्मासिस्ट समेत 2 पर मुकदमा दर्ज


 आजमगढ़ बाजार में बेची जा रही थीं मंडलीय जिला अस्पताल की दवाएं



एनसीबी ने लिया एक्शन, फार्मासिस्ट समेत 2 पर मुकदमा दर्ज


उत्तर प्रदेश के आजमगढ़ जिले में नारकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो (एनसीबी) गोरखपुर की टीम ने बुधवार को दोपहर में कार्रवाई करते हुए दवाओं को बाजार में बेचकर मुनाफा कमाने वाले गिरोह का खुलासा किया है। मरीजों का हक छीनकर दवा व्यापारी और झोलाछाप मिलीभगत कर फजीर्वाड़ा कर रहे थे। एनसीबी ने दवा बेचने वाले एक आरोपी को गिरफ्तार कर लिया। वहीं, शहर कोतवाली में जिला मंडलीय जिला चिकित्सालय के फार्मासिस्ट रामानंद यादव व एक बाहरी व्यक्ति प्रमोद कुमार सिंह के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया है। आरोपी के पास से भारी मात्रा में सरकारी दवाएं मिली हैं।



ड्रग इंस्पेक्टर सीमा वर्मा ने बताया कि एनसीबी गोरखपुर की टीम ने बुधवार की दोपहर जिला अस्पताल के बाहर छापा मारा था। टीम ने प्रमोद कुमार सिंह नाम के एक व्यक्ति को सरकारी दवाओं के साथ पकड़ लिया। टीम उसे पूछताछ करने के लिए कोतवाली में लाई। आरोपी प्रमोद कुमार सिंह ने बताया कि वह मंडलीय जिला चिकित्सालय के फार्मासिस्ट रामानांद यादव से दवा लेता था। इसके बाद उसे कुछ मेडिकल हाल व झोलाछाप के यहां सप्लाई करता था। पूरी जानकारी होने पर टीम ने उन्हें इसकी सूचना दी। वह मौके पर पहुंची और शहर कोतवाली में मंडलीय जिला अस्पताल के फार्मासिस्ट और एक बाहरी व्यक्ति के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया। 


ड्रग इंस्पेक्टर ने बताया कि यह फजीर्वाड़ा लंबे समय से चल रहा था और इससे सरकारी स्वास्थ्य व्यवस्था की साख पर गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं। जांच एजेंसियां अब यह पता लगाने में जुटी हैं कि इस नेटवर्क में और कौन-कौन शामिल हैं। साथ ही यह भी जांच की जा रही है कि इन दवाओं की सप्लाई किन-किन इलाकों में और किस माध्यम से की जा रही थी। पकड़ी गई दवाओं की कीमत करीब 50 हजार रुपये है। उन्होंने बताया कि अब तक यह कितने लाख की दवाओं को बेच चुके इसका पता लगाया जा रहा है।

आजमगढ़ फूलपुर शव दफनाने को लेकर 2 समुदायों में तनाव, पुलिस बल तैनात विवादित भूमि पर प्रशासन का फैसला, सरकारी कब्रिस्तान में हुआ अंतिम संस्कार, प्रशासन की मध्यस्थता से शांति


 आजमगढ़ फूलपुर शव दफनाने को लेकर 2 समुदायों में तनाव, पुलिस बल तैनात



विवादित भूमि पर प्रशासन का फैसला, सरकारी कब्रिस्तान में हुआ अंतिम संस्कार, प्रशासन की मध्यस्थता से शांति




उत्तर प्रदेश के आजमगढ़ जनपद के फूलपुर तहसील के नेवादा शेखवलिया गांव में गुरुवार को एक शव को कब्रिस्तान में दफनाने को लेकर दो समुदायों के बीच विवाद उत्पन्न हो गया। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए प्रशासन और पुलिस ने त्वरित कार्रवाई कर मामला शांत कराया। भारी पुलिस बल की मौजूदगी में कोई अप्रिय घटना नहीं हुई।


विवाद का कारण ग्राम शेखवलिया की गाटा संख्या 308, 317 और 329 थी, जो राजस्व अभिलेखों में पहले कब्रिस्तान के रूप में दर्ज थी, लेकिन वर्तमान में ‘जंगल झाड़ी’ के रूप में चिह्नित है। एसडीएम अशोक कुमार ने विवादित भूमि पर शव दफनाने की अनुमति नहीं दी और शव को ग्राम नेवादा के सरकारी कब्रिस्तान में दफनाने का निर्देश दिया। परिजनों ने निर्देशों का पालन करते हुए शव को वहां सुपुर्द-ए-खाक करने की तैयारी में लग गए।




बताते चलें कि फूलपुर तहसील क्षेत्र के नेवादा शेखवलिया गांव में बुधवार रात निधन हुए अरशद की माता के शव को दफनाने को लेकर गुरुवार सुबह तनाव की स्थिति बन गई। परिजन शव को गांव के निकट कब्रिस्तान में दफनाने की तैयारी कर रहे थे, जब दूसरे पक्ष ने आपत्ति जताई। उनका दावा था कि उक्त भूमि विवादित है और राजस्व अभिलेखों में ‘झाड़ी’ के रूप में दर्ज है। दूसरी ओर, ग्राम प्रधान ओबैदुल्लाह और नसीम अहमद ने दावा किया कि 1940 और 1967 के मुंसिफ हवेली न्यायालय के आदेशों के आधार पर यह भूमि कब्रिस्तान के रूप में उपयोग होती रही है।


तनाव की सूचना पर एसडीएम फूलपुर , सीओ फूलपुर , कोतवाल फूलपुर और क्षेत्रीय लेखपाल पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। राजस्व अभिलेखों की जांच में पाया गया कि विवादित भूमि अब ‘जंगल झाड़ी’ के रूप में दर्ज है। प्रशासन ने शव को सरकारी कब्रिस्तान में दफनाने का निर्देश दिया, जिसका पालन किया गया।

 

एसडीएम ने बताया कि दोनों पक्षों को समझा-बुझाकर स्थिति को नियंत्रित किया गया। विवादित भूमि पर कोई गतिविधि न करने का निर्देश दिया गया है, और स्थिति पूरी तरह शांत है। एहतियातन पुलिस बल तैनात रखा गया है।

आजमगढ़ फूलपुर जंगली जानवर का आतंक, 10 बकरियों को बनाया शिकार भेड़िया या तेंदुआ की आंशका, गांव में दहशत का माहौल

आजमगढ़ फूलपुर जंगली जानवर का आतंक, 10 बकरियों को बनाया शिकार



भेड़िया या तेंदुआ की आंशका, गांव में दहशत का माहौल


उत्तर प्रदेश के आजमगढ़ जिले के फूलपुर तहसील के सरैया भटपुरवा गांव की नट बस्ती में बुधवार रात एक जंगली जानवर ने शकील नट की 7 बकरियों को मार डाला। चार दिन पहले भी बदरेश की 3 बकरियों की इसी तरह मौत हुई थी। लगातार हमलों से ग्रामीणों में भय व्याप्त है।


ग्रामीणों का अनुमान है कि हमलावर जानवर भेड़िया या तेंदुआ हो सकता है। पीड़ित शकील नट ने पुलिस और लेखपाल को सूचना दी। हल्का लेखपाल विशाल सिंह ने मौके पर जांच की और ग्रामीणों को सतर्क रहने की सलाह दी। उपजिलाधिकारी ने बताया कि पशु चिकित्सक की पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई होगी।

 

आजमगढ़ बरदह दलित परिवार पर हमला, महिला को किया अर्द्धनग्न, लूटपाट और आगजनी असलहों से लैस हमलावरों ने घर में घुसकर की मारपीट, सीसीटीवी में कैद हुई वारदात पुलिस ने 7 आरोपियों के खिलाफ दर्ज की रिपोर्ट, जांच शुरू


 आजमगढ़ बरदह दलित परिवार पर हमला, महिला को किया अर्द्धनग्न, लूटपाट और आगजनी


असलहों से लैस हमलावरों ने घर में घुसकर की मारपीट, सीसीटीवी में कैद हुई वारदात


पुलिस ने 7 आरोपियों के खिलाफ दर्ज की रिपोर्ट, जांच शुरू


उत्तर प्रदेश के आजमगढ़ जनपद के बरदह थाना क्षेत्र के अवदह खास गांव में मंगलवार रात भूमि विवाद को लेकर एक दलित परिवार पर हमला हुआ। असलहों से लैस हमलावरों ने घर में घुसकर परिवार के सदस्यों को पीटा, एक महिला को अर्द्धनग्न किया और घर में लूटपाट के बाद आगजनी की। पूरी घटना सीसीटीवी में कैद हो गई है। पुलिस ने सात आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।


पीड़िता शिवकुमारी, पत्नी उमेश चंद, ने बताया कि उनके पति ने दुलारगंज बाजार में यूनियन बैंक के पास जमीन खरीदकर मकान बनाया था, जिसे लेकर गांव के कुछ लोगों से विवाद चल रहा था। हमलावर मकान छोड़ने का दबाव बना रहे थे। मंगलवार रात करीब दो बजे रजवंत सिंह, बलवंत सिंह, दुश्यंत सिंह, विकास सिंह और तीन अन्य लोगों ने तमंचा, पिस्तौल, लाठी और कुल्हाड़ी लेकर उनके घर पर हमला बोल दिया।


हमलावरों ने सोते समय घर में घुसकर शिवकुमारी के बेटों राहुल, विशाल, विवेक और अन्य पर असलहा तान दिया। जातिसूचक गालियां देते हुए मारपीट की गई। शिवकुमारी जब बचाव के लिए भागीं तो उनकी साड़ी खींची गई, जिससे वह अर्द्धनग्न हो गईं। हमलावरों ने मंगलसूत्र, सोने की चेन और तीन लड़कियों के मोबाइल लूट लिए। घर में रखी पांच बाइक, टेंट का सामान और सीसीटीवी कैमरे तोड़े गए, साथ ही सामान में आग लगा दी गई। एक डीवीआर भी लूट लिया गया।