Sunday, 20 August 2023

आजमगढ़ जीयनपुर भूमि बैनामा करने के नाम 28 लाख 66 हजार की धोखाधड़ी


 आजमगढ़ जीयनपुर भूमि बैनामा करने के नाम 28 लाख 66 हजार की धोखाधड़ी



उत्तर प्रदेश आजमगढ़ जीयनपुर कोतवाली क्षेत्र में भूमि बैनामा करने के नाम पर 28 लाख 66 हजार रुपये की धोखाधड़ी करने का मामला प्रकाश में आया है। पीड़ित के दबाव बनाने पर आरोपी ने दो लाख रुपये वापस किए। इसके बाद गाली गलौज कर रहे है और जान माल की धमकी दे रहे हैं। पीड़ित की तहरीर पर पुलिस रिपोर्ट दर्ज कर जांच कर रही है।


जहरूद्दीनपुर गांव निवासी अबरार नसीर ने एसपी को तहरीर देकर आरोप लगाया कि मसोना गांव निवासी अशोक राय के कहने पर जमीन बैनामा कराने की नीयत से एक लाख 50 हजार रुपये नकद सहित कुल 28 लाख 66 हजार रुपये उनके पुत्र देवाशीष राय, शंकर, अजीत जायसवाल आदि के खाते में विभिन्न तारीखों में खाते से खाते मे रुपये ट्रांसफर किया। रुपये देने के बाद जमीन बैनामा करने को कहा तो आनाकानी करने लगे।


 जमीन का बैनाम न करने पर अबरार नसीर ने अपना पैसा मांगा तो दो लाख रुपये खाते में भेज दिए। शेष और रुपये मंगा तो एक दो महीने में वापस करने की बात कहते हुए टाल मटोल करने लगे। रुपये मांगने उनके घर मसोना गया तो रुपये वापस देने से मना कर दिए। गाली गलौज और मारने पीटने तथा जान से मारने की धमकी देने लगे।


 शनिवार को जीयनपुर कोतवाली में तहरीर के आधार पर जांच करने के उपरांत जीयनपुर पुलिस ने अशोक राय, देवाशीष राय, रानू राय निवासी मसोना व गौरीशंकर, अजीत जायसवाल के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर जांच कर रही है। कोतवाल यादवेंद्र पांडेय ने बताया कि कुल पांच लोगों के खिलाफ धोखाधड़ी करने एव मारपीट आदि के तहत मुकदमा दर्ज किया गया है।

मऊ भाजपा प्रत्याशी दारा सिंह चौहान पर प्रचार के दौरान फेंकी गई स्याही


 मऊ भाजपा प्रत्याशी दारा सिंह चौहान पर प्रचार के दौरान फेंकी गई स्याही


उत्तर प्रदेश मऊ घोसी विधानसभा उपचुनाव के लिए रविवार को प्रचार करने गए भाजपा प्रत्याशी दारा सिंह चौहान के साथ एक घटना घट गई। दारा सिंह चौहान थाना सराय लखांशी क्षेत्र के अदरी गांव में प्रचार करने पहुंचे थे। जैसे ही दारा सिंह अपनी कार से उतरे तो किसी ने उन पर स्याही फेंक दी। स्याही उनकी आंखों में भी चली गई। भाजपा प्रत्याशी पर स्याही फेंके जाने के बाद वहां अफरा-तफरी का माहौल हो गया। स्याही दारा सिंह के अलावा आसपास खड़े अन्य लोगों के कपड़ों पर भी गिरी है। काली स्याही फेंकने वाले मौके से फरार हो गए, जबकि थाना कोपागंज पुलिस टीम ने दो संदिग्धों को हिरासत में लेते हुए कड़ी पूछताछ में जुटी हुई है। उधर स्याही फेंकने की घटना के बाद पूर्व मंत्री दारा सिंह चौहान चुनाव प्रचार से बैरंग वापस हो गए। 


भाजपा व एनडीए प्रत्याशी के ऊपर चुनाव प्रचार के दौरान स्याही फेंकने की घटना से जहां राजनीतिक सरगर्मी तेज हो गई है, वहीं जिला प्रशासन द्वारा प्रत्याशियों के चुनाव प्रचार के दौरान सुरक्षा व्यवस्था चौकस कर दिया गया है। भारतीय जनता पार्टी एवं एनडीए गठबंधन के प्रत्याशी दारा सिंह चौहान द्वारा नामांकन के बाद से ही चुनावी सरगर्मी काफी तेज हो गई थी। रविवार को पूर्व मंत्री दारा सिंह चौहान मऊ जिले के कोपागंज ब्लाक के अदरी स्थित एक कॉलेज में जन चौपाल के बाद वापस दूसरे चुनाव कार्यक्रम में जा रहे थे। इसी दौरान अभी वह अदरी चट्टी पर पहुंचे थे कि वहां पहले से भाजपा कार्यकर्ता जो कि उनके स्वागत मे खड़े थे। उनको देखकर दारा सिंह चौहान गाड़ी से उतरकर स्वागत ही करा रहे थे कि तभी दो युवकों ने उनके ऊपर काली स्याही फेंक दिया। काली स्याही फेंकने के बाद वह मौके से फरार हो गए। 


पूर्व मंत्री के ऊपर काली स्याही फेंकने की घटना के बाद अफरा-तफरी मच गई। वहीं पूर्व मंत्री दारा सिंह चौहान चुनाव कार्यक्रम को स्थगित करते हुए बैरंग वापस हो गए। पुलिस टीम दो संदिग्धों को हिरासत में लेकर पूछताछ में जुटी हुई है। पूर्व मंत्री के ऊपर काली स्याही फेंकने की घटना के बाद से राजनीतिक सरगर्मी काफी बढ़ गई है।


बता दें कि दारा सिंह भाजपा से इस्तीफा देकर सपा में शामिल हुए थे। 2022 के विधानसभा चुनाव में दारा सिंह ने घोसी विधानसभा सीट से चुनाव जीता था। दारा सिंह ने अब सपा से इस्तीफा देकर फिर भाजपा में शामिल हो गए। साथ ही दारा सिंह ने विधानसभा की सदस्यता से भी इस्तीफा दे दिया। इसके बाद घोसी विधानसभा सीट को रिक्त कर दिया गया है। सितंबर में इस सीट पर उपचुनाव होने हैं, जिसको लेकर दारा सिंह प्रचार-प्रसार के लिए क्षेत्र में निकले हैं। स्याही फेंके जाने के सवाल पर दारा सिंह ने समाजवादी पार्टी के कार्यकर्ताओं पर आरोप मड़ा है। 


दारा सिंह का कहना है कि घोसी उपचुनाव भाजपा जीत रही है इसी वजह से बौखलाहट में सपा ने अपने गुंडो से स्याही फिंकवाई है। दारा सिंह ने समाजवादी पार्टी के उम्मीदवार पर हत्यारा होने का भी आरोप लगाया है। उन्होंने कहा, प्रधानमंत्री मोदी और सीएम योगी के कामों पर घोसी की जनता कमल के फूल पर मुहर लगाने जा रही है, जिसे समाजवादी पार्टी देख नहीं पा रही है। बतादें कि सपा से इस्तीफा देकर भाजपा में आए दारा सिंह ने घोसी विधानसभा सीट के लिए 16 अगस्त को नामांकन किया था। घोसी विधानसभा सीट पर पांच सितंबर को उपचुनाव होंगे, जबकि आठ सितंबर को रिजल्ट आएगा।

बांदा पूर्व विधायक ने ससुराल पहुंचकर पत्नी को पीटा कार से की कुचलने की कोशिश


 बांदा पूर्व विधायक ने ससुराल पहुंचकर पत्नी को पीटा


कार से की कुचलने की कोशिश



उत्तर प्रदेश के बांदा की तिंदवारी विधानसभा से पूर्व विधायक बृजेश प्रजापति ने देर रात पीजीआई थाना क्षेत्र में स्थित ससुराल पहुंच कर उपद्रव किया। कार से गेट में टक्कर मारते हुए पत्नी को कुचलने का प्रयास किया। विरोध पर उग्र होकर पत्नी को बुरी तरह से पीटा। यहां तक बीच-बचाव करने पर ससुराल वालों को भी नहीं बख्शा। पुलिस कर्मियों से भी उलझ गए। जिस पर पूर्व विधायक को हिरासत में लेकर उनके खिलाफ शांतिभंग करने की धारा में कार्रवाई की गई है।


कुम्हारमंडी निवासी शालिनी प्रजापति की शादी वृंदावन सेक्टर- चार निवासी सपा नेता बृजेश कुमार प्रजापति से हुई है। शालिनी के मुताबिक ब्रजेश नशा करने का आदी है। वह कई बार मारपीट कर चुका है। पति की हरकतों से उब कर ही वह चार साल से कुम्हारमंडी स्थित अपने मायके में रह रही है। इसके बाद भी बृजेश ने पीछा नहीं छोड़ा। आए दिन किसी न किसी बहाने से परेशान करता रहा। शुक्रवार रात करीब 12 बजे शालिनी अपने बच्चों व मायके वालों के साथ घर में थी। तभी गेट में कुछ टकराने की आवाज सुनाई पड़ी। कमरे से निकलने पर उन्हें कार में बृजेश बैठा दिखाई पड़ा। उसने गेट में कई बार टक्कर मारी।


मिली जानकारी के मुताबिक शालिनी का आरोप है कि उसका शोर सुनकर घर के अन्य सदस्य भी बाहर आ गए। शालिनी के मुताबिक बृजेश को रोकने के लिए वह गेट पर जा पहुंची। उसके साथ बच्चे व अन्य लोग भी आ गये। घर में घुसने से रोके जाने पर ब्रजेश ने पत्नी-बच्चों को कार से कुचलने का प्रयास किया। शालिनी की तहरीर पर पुलिस ने ब्रजेश पर एफआईआर दर्ज कर ली है।

वाराणसी देसी छोरे पर आया गोरी मेम का दिल, बनारस आकर की शादी विदेशी बहू को देखने उमड़े लोग


 वाराणसी देसी छोरे पर आया गोरी मेम का दिल, बनारस आकर की शादी


विदेशी बहू को देखने उमड़े लोग


उत्तर प्रदेश वाराणसी सात समंदर पार मैं तेरे... ये गाना आपने जरूर सुना होगा और इस गाने को सही रूप में अनुसरण किया एक विदेशी युवती ने जो देसी गबरू से शादी करने बनारस पहुंच गई। हिंदू रीति रिवाज से त्रिलोचन महादेव मंदिर में सात फेरे लिए। इस विवाह को देखने बहुत सारे लोग जमा हुए थे। खासतौर पर दुल्हन को देखने बहुत भीड़ थी। दुल्हन भले ही विदेशी हो, लेकिन शादी वैदिक मंत्रों के बीच संपन्न हुआ। शनिवार को परिजनों व क्षेत्रीय लोगों ने नव दंपती को आशीर्वाद दिया। दुल्हन ने कहा कि उसे भारतीय संस्कृति से बेहद प्यार है।


विदेशी मैम से रेस्टोरेंट में मुलाकात, फिर प्यार और अब शादी। ये कहानी है वाराणसी के करखियांव निवासी अखिलेश विश्वकर्मा की। अखिलेश कतर एयरवेज में केबिन क्रू (फ्लाइट अटेंडेंट) हैं। अखिलेश ने बताया कि फरवरी 2022 में कतर में एक रेस्टोरेंट में बर्थडे पार्टी के दौरान 30 वर्षीय तानिया पॉवलिको से मुलाकात हुई। यह मुलाकात धीरे-धीरे दोस्ती और फिर प्यार में बदल गई।


दोनों ने आगे की जिंदगी साथ गुजारने का फैसला लिया। इस रिश्ते को आगे बढ़ाने के लिए अखिलेश और तानिया ने अपने- अपने परिजनों के सामने शादी का प्रस्ताव रख दिया। खास बात यह है कि दोनों के परिजन भी आसानी से मान गए। इसके बाद दोनों ने बीते एक मार्च को जॉर्जिया में कोर्ट मैरिज कर साथ रहने लगे। भारतीय परंपरा से लगाव होने के कारण उन्होंने दोबारा हिंदू रीति रिवाज से शादी करने का फैसला किया था।


ये वक्त भी आया। दोनों कुछ दिन पहले ही वाराणसी के करखियांव स्थित घर पहुंचे। शुक्रवार को वाराणसी-जौनपुर बॉर्डर पर स्थित त्रिलोचन महादेव मंदिर में परिजनों की मौजूदगी के बीच हिंदू विधि विधान से अग्नि कुंड के साथ फेरे लिए और सात जन्मों के लिए एक हो गए। लाल जोड़े में दुल्हन बनी तानिया पॉवलिको की खुशी का ठिकाना नहीं था।

अखिलेश ने बताया कि तानिया पॉवलिको का जन्म इटली में हुआ। पढ़ाई फिलीपींस में की। अब उसका परिवार अमेरिका में रहता है। हालांकि तानिया फिलीपींस में रहती है। वो वहां इंग्लिश टीचर है। बताया कि उसकी पत्नी हिंदी बोलना सीख रही है। तानिया को भारतीय संस्कृति से प्यार है। यहां की परंपराओं के बारे में जानकर और मेरे परिवार से मिलकर बेहद खुश है।

Saturday, 19 August 2023

उत्तर प्रदेश में 9 आईपीएस अधिकारियों का हुआ तबादला


 उत्तर प्रदेश में 9 आईपीएस अधिकारियों का हुआ तबादला


लखनऊ यूपी शासन शनिवार की दोपहर को 9 अधिकारियों का तबादला कर दिया है। डीजीपी मुख्यालय की तरफ से आईपीएस अफसरों के ट्रांसफर की सूची जारी की गई है। इसमें कानपुर कमिश्नर और एडीजी आगरा जोन का भी तबादला हुआ है। वी पी जोगदंड को पुलिस आयुक्त, पुलिस कमिश्नरेट कानपुर से अपर पुलिस महानिदेशक महिला एवं बाल सुरक्षा संगठन लखनऊ ट्रांसफर कर दिया गया है।


 राजीव कृष्णा को अपर पुलिस महानिदेशक आगरा जोन से अपर पुलिस महानिदेशक सतर्कता अधिष्ठान लखनऊ बनाया गया है। ऐसे ही अनुपम कुलश्रेष्ठ को अपर पुलिस महानिदेशक यातायात एवं सड़क सुरक्षा से अपर पुलिस महानिदेशक आगरा जोन, डॉ.आर के स्वर्णकार को अपर पुलिस महानिदेशक, यूपी पुलिस भर्ती एवं प्रोन्नति से पुलिस आयुक्त पुलिस कमिश्नरेट कानपुर भेजा गया है। 


मोहित अग्रवाल को अपर पुलिस महानिदेशक तकनीकी सेवायें से अपर पुलिस महानिदेशक एटीएस लखनऊ, नवीन अरोरा को अपर पुलिस महानिदेशक एटीएस से अपर पुलिस महानिदेशक तकनीकी सेनायें लखनऊ, बीडी पॉल्सन को सचिव, गृह, से अपर पुलिस महानिदेशक यातायात एवं सड़क सुरक्षा, संजीव गुप्ता को पुलिस महानिरीक्षक कानून एवं व्यवस्था लखऊ से सचिव, गृह और एल आर कुमार को पुलिस उपमहानिरीक्षक सतर्कता अधिष्ठान से पुलिस उपमहानिरीक्षक कानून एवं व्यवस्था पद पर तबादला किया गया है।

आजमगढ़ अतरौलिया संदिग्ध हालात में शिक्षिका की मौत, पति हिरासत में ससुराल पक्ष पर हत्या का आरोप


 आजमगढ़ अतरौलिया संदिग्ध हालात में शिक्षिका की मौत, पति हिरासत में


ससुराल पक्ष पर हत्या का आरोप



उत्तर प्रदेश आजमगढ़ अतरौलिया थाना क्षेत्र के बूढ़नपुर नगर पंचायत क्षेत्र में शुक्रवार को दिन में विद्यालय से घर लौटी 31 वर्षीय शिक्षिका की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। घटना की जानकारी पाकर मौके पर पहुंचे मृतका के पिता द्वारा ससुराल पक्ष पर बेटी की हत्या कर साक्ष्य मिटाने का आरोप लगाने पर पुलिस मृतका के पति को हिरासत में लेकर पूछताछ कर रही है। शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है।


देवगांव कोतवाली क्षेत्र के निवासी एवं पेशे से अधिवक्ता नागेन्द्र सिंह ने अपनी पुत्री विद्या (31) की शादी अतरौलिया थाना क्षेत्र में बूढ़नपुर बाजार निवासी रवि रंजन सिंह के साथ की थी। विद्या सिंह गाजीपुर जिले प्राथमिक शिक्षक पद पर तैनात थी। एक सप्ताह पूर्व वह अपने ससुराल क्षेत्र में स्थित प्राथमिक विद्यालय पर स्थानांतरित होकर आई थी।


 शुक्रवार को दिन में शिक्षिका विद्या विद्यालय से घर लौटी और फोन पर अपनी मां से बात की। कुछ देर बाद शिक्षिका का शव उसके कमरे में फांसी के फंदे से लटका मिला। बेटी की मौत की सूचना पाकर मायके वाले भी मौके पर पहुंच गए। मृतका के पिता ने ससुराल पक्ष पर बेटी की हत्या कर साक्ष्य छिपाने के लिए शव को फंदे से लटका देने का आरोप लगाते हुए अतरौलिया थाने में तहरीर दी। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज कर पूछताछ के लिए मृतका के पति को हिरासत में ले लिया है। मृतका के 13 माह का एक पुत्र बताया गया है। शनिवार को पोस्टमार्टम के बाद शव का शहर के राजघाट श्मशान पर अंतिम संस्कार कर दिया गया।

रामपुर यूपी पुलिस के ये अफसर हैं रियल लाइफ दंबग बॉडी देखते ही अपराधी की कांप जाती है रूह


 रामपुर यूपी पुलिस के ये अफसर हैं रियल लाइफ दंबग


बॉडी देखते ही अपराधी की कांप जाती है रूह


उत्तर प्रदेश रामपुर इनसे मिलिए, ये हैं रीयल लाइफ के चुलबुल पांडे....! अब तक 62 इंटरनेशनल गेम्स में 17 गोल्ड मैडल जीतने वाले यूपी पुलिस के ‘दबंग’ डीएसपी अनुज चौधरी आजकल रामपुर के स्वार में बतौर सीओ तैनात हैं। उत्तराखंड के सीमावर्ती इस इलाके में अवैध खनन और बेशकीमती लकड़ी की तस्करी रोकने के लिए उन्हें खासतौर पर तैनात किया गया है।


 मूल रूप से मुजफ्फनगर के बढेडी गांव के रहने वाले अनुज चौधरी अंतर्राष्ट्रीय पहलवान रहे हैं। दंगल से गोरखपुर हॉस्टल तक का सफर तय कर कुश्ती का ककहरा सीखा। 84 किलोग्राम भार वर्ग में वह 13 साल तक राष्ट्रीय चैंपियन रहे। प्रो कुश्ती लीग के वह ब्रांड एंबेसेडर भी रहे हैं, इसके अलावा उन्हें मॉडलिंग का शौक है। यह बात अलग है कि वह यूपी पुलिस के दबंग डीएसपी हैं और आजकल रामपुर जनपद के स्वार में सीओ के पद पर तैनात हैं। 2004 में एक साजिश के तहत दूसरे को अर्जुन अवार्ड दिए जाने से खफा अनुज चौधरी दिल्ली के जंतर मंतर पर धरने पर भी बैठ गए थे। तत्कालीन खेल मंत्री सुनील दत्त ने खुद धरने पर पहुंचकर उनका अनशन तुड़वाया और अगले वर्ष 2005 में उन्हें अर्जुन अवार्ड दिया गया था।


अनुज चौधरी को दर्जनभर कुश्ती प्रतियोगिताओं में स्वर्ण पदक मिल चुका है। वह देश ही नहीं नहीं विदेश में भी कुश्ती प्रतियोगिताओं में भाग ले चुके हैं। बताते हैं कि उन्होंने जर्मनी, अमेरिका, पौलेंड, दक्षिणी कोरिया, ईरान, थाइलेंड, नेपाल, स्पेन, कनाडा, बुल्गारिया और मिस्र में भी कुश्ती लड़ी हैं। आज वह पहलवानी की बदौलत ही पुलिस विभाग में अफसर हैं। अनुज चौधरी गांव में जाते हैं तो लोग उनकी कद काठी को निहारते रहते हैं। वह अक्सर थाने और गांव में मीटिंग लेते हैं, जिसमें युवाओं को पढ़ाई के साथ ही खेल में सक्रिय रहने के लिए प्रेरित करते हैं। अपनी मिसाल देते हैं कि हमने पढ़ाई के साथ ही पहलवानी की और खेल कोटे से ही पुलिस अधिकारी बन गए। तमाम युवाओं को खेलों में आगे आना चाहिए। उनसे प्रेरणा लेकर कई गांवों में युवा पहलवानी के दांवपेच आजमा रहे हैं।


पिछले दिनों सीओ अनुज चौधरी का एक वीडियो सोशल मीडिया पर खूब वायरल हुआ था, जिसमें उन्होंने सपा के फायरब्रांड नेता आजम खां को चुलबुल पांडे स्टाइल में जवाब दिए थे। दरअसल, उस वक्त अनुज चौधरी सीओ सिटी थे और बापू मॉल पर फोर्स के साथ थे, तभी आजम खां की गाड़ी को उन्होंने रुकवाया था। जिस पर आजम ने कहा- मासाल्लाह पर्सनालिटी अच्छी है.... अखिलेश जी का अहसान याद है, इस पर अनुज चौधरी ने जवाब दिया था-अहसान कैसा, हम पहलवान थे, अर्जुन अवॉर्ड मिला है।


कॉमनवेल्थ गेम्स में साउथ अफ्रीका, कनाडा और इंग्लैंड में- तीन बार गोल्ड मेडल, दो बार सिल्वर मेडल। मिस्र में हुए इब्राहिम मुस्तफा गोल्ड कप में स्वर्ण पदक विजेता। साउथ एशिया कुश्ती चैंपियशिप में स्वर्ण पदक, एशिया चैंपियनशिप में रजत और कांस्य पदक। राष्ट्रीय चैंपियनशिप और नेशनल गेम्स में अब 17 गोल्ड मेडल। इंडिया पुलिस गेम्स में पांच स्वर्ण पदक, यूपी सरकार से लक्ष्मण पुरस्कार विजेता। यूपी सरकार से मान्यवर कांशीराम पुरस्कार, 2005 में केंद्र सरकार से अर्जुन पुरस्कार। शेर-ए-हिंद, भरत कुमार समेत कई अन्य अवार्ड से भी सम्मानित।