Thursday, 5 January 2023

आजमगढ़ डीएम ने पूर्व मंत्री हीरालाल गौतम का 3 शस्त्र लाइसेंस किया निरस्त


 आजमगढ़ डीएम ने पूर्व मंत्री हीरालाल गौतम का 3 शस्त्र लाइसेंस किया निरस्त


उत्तर प्रदेश आजमगढ़ हत्या के मामले में आजीवन कारावास की सजा भुगत रहे पूर्व मंत्री हीरालाल गौतम के नाम जारी तीन असलहों के शस्त्र लाइसेंस निरस्त कर दिए गए।


मिली जानकारी के मुताबिक सरायमीर थाना क्षेत्र के खानपुर दोस्तपुर ग्राम निवासी हीरालाल गौतम पुत्र रामजश बसपा कार्यकाल में प्रदेश के मंत्री पद पर आसीन रहे। वर्ष 2011 में ब्लाक प्रमुख चुनाव के दौरान सरायमीर क्षेत्र के  ग्राम इसरौली दलित बस्ती के समीप चुनावी रंजिश के चलते फौजदार की हत्या कर दी गई थी बसपा सरकार के कार्यकाल में इस मामले में आरोपित पूर्व मंत्री हीरालाल गौतम को पुलिस विवेचना के दौरान क्लीन चिट मिल गई।


 इसके बाद मृतक पक्ष ने फैसले के खिलाफ न्यायालय की शरण लिया। बताते हैं कि मामले की सुनवाई के दौरान इस घटना के मुख्य आरोपी ने न्यायालय में पूर्व मंत्री की सहभागिता को स्वीकार किया जिसके चलते अदालत ने पूर्व मंत्री व अन्य आरोपियों के खिलाफ आजीवन कारावास की सजा सुनाई तभी से पूर्व मंत्री जिला कारागार में निरुद्ध हैं। 


अब इस मामले में आरोपी रहे सजायाफ्ता हीरालाल गौतम के नाम तीन शस्त्र रायफल, रिवाल्वर एवं बन्दूक के लाइसेंस जारी होने की जानकारी प्रशासन को मिली। जिलाधिकारी विशाल भारद्वाज ने अभियोजन पक्ष के बहस एवं तर्कों के आधार पर शस्त्र लाइसेंसी अभियुक्त हीरालाल गौतम के तीनों शस्त्रों के लाइसेंस को निरस्त कर दिया।

आजमगढ़ महिला को आत्महत्या करने के लिए बना रहा था दबाव आपत्तिजनक फोटो और वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल करने की दे रहा था धमकी विभा पाण्डेय, निरीक्षक साइबर क्राइम थाना आजमगढ़ व् विवेचना में शामिल टीम ने आरोपी को किया गिरफ्तार


 आजमगढ़ महिला को आत्महत्या करने के लिए बना रहा था दबाव


आपत्तिजनक फोटो और वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल करने की दे रहा था धमकी


विभा पाण्डेय, निरीक्षक साइबर क्राइम थाना आजमगढ़ व् विवेचना में शामिल टीम ने आरोपी को किया गिरफ्तार


उत्तर प्रदेश आजमगढ़ साइबर क्राइम थाना परिक्षेत्र आजमगढ़ में 4 जनवरी की सुबह एक महिला द्वारा सूचना दी गयी कि किसी अज्ञात व्यक्ति ने मेरे मोबाइल नंबर पर वर्चुअल व्हाट्सअप नंबर से अश्लील व अभद्र मैसेज किया जा रहा है तथा 10 दिन में आत्महत्या न करने पर आपत्तिजनक फोटो व वीडियो को सोशल मीडिया पर वायरल करने की बार-बार धमकी दे रहा है। वादिनी की सूचना पर मामले में मुकदमा दर्ज कर कार्रवाई शुरू कर दी गयी।


मामले का अनावरण व अभियुक्त की गिरफ्तारी करने के लिए अपर पुलिस महानिदेशक, साइबर क्राइम मुख्यालय लखनऊ, एवं पुलिस अधीक्षक अनुराग आर्य के निर्देशानुसार तकनीकी संसाधनों का प्रयोग करते हुए विवेचना के मध्य साइबर क्राइम थाना परिक्षेत्र आजमगढ़ टीम द्वारा अभिसूचना संकलन करके कार्यवाही प्रारम्भ की गयी जिसमें विवेचना के दौरान सूरज सोनकर पुत्र दीपचंद सोनकर ग्राम सरैया थाना देवगावं जनपद आजमगढ़ का नाम प्रकाश में आया।


 आज विभा पाण्डेय, निरीक्षक साइबर क्राइम थाना आजमगढ़ व् विवेचना में शामिल टीम ने अभियुक्त सूरज सोनकर पुत्र दीपचंद सोनकर को उसके घर के पास से रात को करीब 9 बजे गिरफ्तार कर लिया गया। उसके पास से अपराध में प्रयुक्त मोबाइल फोन बरामद किया गया। 


पूछताछ में अभियुक्त ने बताया कि मैंने गूगल से साइबर एक्सपर्ट का नंबर लेकर 1000 रूपये में वर्चुअल व्हाट्सएप नंबर बनवाया था तथा यूट्यूब से सिखकर वीपीएन का इस्तेमाल करता था ताकि पुलिस हमे ट्रेस न कर सके।

आजमगढ़ देवगांव 25 हजार रू का इनामी कुल्लू कंकाली मुठभेड़ में घायल


 आजमगढ़ देवगांव 25 हजार रू का इनामी कुल्लू कंकाली मुठभेड़ में घायल



उत्तर प्रदेश आजमगढ़ प्रभारी निरीक्षक देवगांव गजानंद चौबे अपने हमराहियों के साथ रूद्रपुर चेवार तिराहे पर मौजूद थे, जहां पर निरीक्षक रुद्रभान पाण्डेय व0उ0नि0 रत्नेश कुमार दूबे पुलिस बल के साथ गस्त करते हुए आकर मिले। कुछ देर बाद देवगांव की तरफ से स्वाट टीम प्रभारी उ0नि0 विनय कुमार दूबे पुलिस बल के साथ आकर मिले। इन लोगों द्वारा जनपद में घटित घटनाओं में फरार चल रहे अभियुक्तो की गिरफ्तारी के संबंध में आपस में बातचीत चल रही थी। इस दौरान मुखबिर के जरिए सूचना मिली कि अन्तर्जनपदीय इनामी अपराधी बिना नम्बर लगी चोरी की पिकअप वाहन के साथ केराकत-देवगांव मार्ग पर करिया गोपालपुर की तरफ से गड़ौली होकर बुढ़ऊ बाबा आकर अपने साथियों के साथ मिलकर बकरी/भैंस चोरी करने की फिराक में है। सूचना पर स्वाट टीम गड़ौली में घेराबंदी करने चली गयी और प्र0नि0 देवगांव मय हमराह के साथ जयगुरुदेव आश्रम जाने वाले रास्ते के पास मोड़ पर आने जाने वाले गाड़ीयों को रोककर चेक करने लगे कि कुछ देर बाद स्वाट टीम द्वारा बताया गया कि एक सफेद रंग की पिकअप गाड़ी बुढ़ऊ बाबा की तरफ जा रही है।


इस सूचना पर सरकारी वाहन को आड़ी तिरछी खड़ी कर रोड़ ब्लाक कर गड़ौली की तरफ से आने वाले पिकअप वाहन का इन्तेजार करने लगे। कुछ देर में एक चार पहिया गाड़ी आती हुई दिखाई पड़ी। पुलिस टीम को देखकर चालक गाड़ी रोककर पीछे की तरफ जाने लगा। पीछे से स्वाट टीम के आने व प्रभारी देवगांव द्वारा गाड़ी की तरफ बढ़ने पर ड्राइवर पिकअप को बाये तरफ ग्राम सारंगपुर की ओर जाने वाले कच्चे रास्ते पर मोड़ कर भागने लगा खराब रास्ते के कारण पिकअप वाहन फंस गया।


ड्राइविंग सीट पर बैठा व्यक्ति गाड़ी से उतर कर भागने लगा, पुलिस बल द्वारा चारो तरफ से घेरने का प्रयास किया गया तो भाग रहे व्यक्ति ने जान से मारने की नियत से पुलिस टीम पर फायर किया। आत्मसमर्पण की चेतावनी देने पर पुलिस टीम को पुनः जान से मारने की नियत से अपने तमंचे से एक राउण्ड फायर किया। थाना प्रभारी देवगांव व निरीक्षक रूद्रभान पाण्डेय द्वारा आत्मरक्षार्थ जवाबी कार्यवाही में एक-एक राउण्ड फायर किया गया जिसमें बदमाश कराहते हुए जमीन पर गिर गया। पुलिस टीम द्वारा आवश्यक बल प्रयोग कर करीब 8:55 बजे पकड़ लिया गया।


अभियुक्त से पूछताछ करने पर अपना नाम कुन्न उर्फ कुल्लू कंकाली पुत्र करिया निवासी मोहम्मदपुर थाना गंभीरपुर आजमगढ़ बताया।


मौके पर खड़ी पिकअप गाड़ी के संबंध में पूछने पर बताया कि यह पिकअप मैं अपने साथी अजीम पुत्र मुन्ना ग्राम कस्बा देवगांव थाना देवगांव जनपद आजमगढ़, रिजवान पुत्र झिनकू निवासी खेता सराय थाना खेता सराय जनपद जौनपुर, कल्लू उर्फ दिलनवाज पुत्र फैय्याज उर्फ गुड्डू ग्राम अब्बू सईदपुर थाना गंभीरपुर आजमगढ़, हारुन पुत्र मुख्तार निवासी मोहम्मदपुर कोहड़उरा थाना गंभीरपुर आजमगढ़, नईम पुत्र शकील ग्राम कस्बा देवगांव थाना देवगांव जनपद आजमगढ़ व सैफ पुत्र इमरान निवासी सरायमीर थाना सरायमीर जनपद आजमगढ़ के साथ मिलकर जौनपुर से चुराये थे। पुलिस के अनुसार अभियुक्त कई चोरी की घटनाओं में शामिल रहा है। उसके ऊपर दर्जनों मामले दर्ज है।

बांदा साढ़े तीन कि0मी0 घसीटता ले गया डंपर स्कूटी समेत जिंदा जली महिला


 बांदा साढ़े तीन कि0मी0 घसीटता ले गया डंपर


स्कूटी समेत जिंदा जली महिला


बांदा नए साल पर दिल्ली के कंझावला में हुई दर्दनाक घटना के बाद बुधवार को यूपी के बांदा जिले में रूह कंपाने वाली घटना सामने आई है। गिट्टी भरे डंपर ने स्कूटी सवार कृषि विश्वविद्यालय की कनिष्ठ महिला बाबू को कुचल दिया। डंपर में फंसी स्कूटी के घिसटने से आग लग गई। इससे महिला का शव, स्कूटी और डंपर जल गए। घटना बुधवार शाम करीब पौने सात बजे शहर मुख्यालय से करीब पांच किलोमीटर दूर मवई बुजुर्ग बाईपास के पास हुई।


बताया जा रहा है की कृषि विश्वविद्यालय की कनिष्ठ बाबू पुष्पा सिंह (32) पत्नी स्व. रंजीत कुमार स्कूटी से सब्जी खरीदकर मवई बुजुर्ग चौराहा जा रही थीं। विश्वविद्यालय गेट के पास पीछे से आए डंपर ने उन्हें कुचल दिया। स्कूटी डंपर के नीचे फंस गई। चालक लगभग साढ़े तीन किलोमीटर घसीट ले गया। इसी बीच डंपर के अगले हिस्से में आग लग गई। इस पर चालक वाहन छोड़कर भाग निकला। शव और स्कूटी पूरी तरह जल गए।


डंपर का अगला हिस्सा भी जल गया। सूचना पर पहुंचे फायर कर्मियों ने आग पर काबू पाया। कुछ ही देर में एएसपी लक्ष्मी निवास मिश्र, सीओ सिटी अंबुजा त्रिवेदी, कोतवाली इंस्पेक्टर श्यामबाबू शुक्ला समेत आसपास थानों की फोर्स पहुंच गई। कृषि विश्वविद्यालय के प्रवक्ताओं की शिनाख्त के बाद पुलिस ने शव पोस्टमार्टम के लिए भेजा। प्रोफेसरों ने बताया कि वर्ष 2020 में सहायक लेखाकार पद पर तैनात रहे रंजीत कुमार की मृत्यु हो गई थी। उन्हीं के स्थान पर पुष्पा की नियुक्ति हुई थी।


वह मूलरूप से गोमती नगर (लखनऊ) की थीं। दो बच्चे हैं। उधर, घटना को लेकर छात्रों और ग्रामीणों में काफी गुस्सा था। छात्रों का कहना है कि भारी वाहन तेज रफ्तार से गुजरते हैं। पूर्व में भी कई हादसे हो चुके हैं। स्पीड ब्रेकर के साथ सुरक्षा के इंतजाम होने चाहिए।

आजमगढ़ कंधरापुर सिपाही ने राहगीर को मारी टक्कर, राहगीर की मौत ड्यूटी करके बाइक से वापस लौट रहा था सिपाही


 आजमगढ़ कंधरापुर सिपाही ने राहगीर को मारी टक्कर, राहगीर की मौत


ड्यूटी करके बाइक से वापस लौट रहा था सिपाही


उत्तर प्रदेश आजमगढ़ मद्धोपुर गांव के पास बुधवार रात बाइक सवार की टक्कर से राहगीर की मौत हो गई। बाइक को कंधरापुर थाने में तैनात सिपाही चला रहा था। हादसे में वो भी घायल हो गया। घायल सिपाही का अस्पताल में इलाज चल रहा है।


जानकारी के मुताबिक बिहार के बेगूसराय जिला निवासी अर्जुन साहनी (38) काम की तलाश में कंधरापुर थाना के मद्धोपुर गांव निवासी विमलेश के घर आया था। बुधवार रात करीब साढ़े आठ बजे वो पैदल ही कही जा रहा था। इसी दौरान ड्यूटी खत्म कर कंधरापुर थाने का सिपाही भानुप्रताप बाइक से अपने रूम पर जा रहा था। रास्ते मे सिपाही ने अर्जुन को धक्का मार दिया और खुद भी बाइक ले कर पलट गया।


दोनों घायलो को जिला अस्पताल लाया गया। जहां डॉक्टरों ने अर्जुन को मृत घोषित कर दिया। पुलिस ने शव पोस्टमार्टम के लिए भिजवाया। घायल सिपाही का अस्पताल में इलाज चल रहा है।

Wednesday, 4 January 2023

आजमगढ़ पुलिस ने 7 गैंगस्टरों को भेजा सलाखों के पीछे एसपी अनुराग के फैसले से भूमिगत हुए अपराधी


 आजमगढ़ पुलिस ने 7 गैंगस्टरों को भेजा सलाखों के पीछे



एसपी अनुराग के फैसले से भूमिगत हुए अपराधी



उत्तर प्रदेश आजमगढ़ नए साल के मौके पर पुलिस अधीक्षक अनुराग आर्य का जो तेवर दिखा उसने जनपदवासियों को राहत पहुंचाने का एहसास जरूर कराया। एसपी द्वारा अपराधियों पर अंकुश लगाने के लिए चलाए गए अभियान में संगठित गिरोह बनाकर गंभीर वारदातों को अंजाम देने वाले कई दर्जन अपराधियों के खिलाफ गैंगस्टर एक्ट की कार्रवाई की गई। अब इसका सुखद परिणाम यह कि बदमाशों की टोह में लगी पुलिस भी अपने काम को बखूबी अंजाम तक पहुंचाने में जुट गई है। 


पुलिस ने गैंगस्टर एक्ट में पाबंद सात गैंगस्टरों को सलाखों के पीछे पहुंचा दिया। गिरफ्तार किए गए अपराधियों में प्रहलाद यादव पुत्र शिवचन्द यादव, परशुराम यादव पुत्र बहादुर यादव, जगदीप यादव पुत्र रामबदन निवासीगण ग्राम शहाबुद्दीनपुर तथा, वंशराज उर्फ बसयी यादव पुत्र छोटू यादव निवासी ग्राम तुर्क पड़री थाना बिलरियागंज को मधनापार तिराहे के पास से बुधवार की सुबह हिरासत में लिया गया। 


वहीं नकली शराब के अवैध कारोबार में लिप्त गैंग के सदस्यों में शामिल किशोर कुमार पुत्र परशुराम प्रसाद निवासी ग्राम वेलहाडीह ( लोहानपुर) थाना तरवां व मनोज कुमार पुत्र हरिप्रसाद निवासी ग्राम जमुखा थाना मेंहनाजपुर को मेंहनगर क्षेत्र के सिंहपुर कस्बा से बुधवार की सुबह गिरफ्तार किया गया। गिरफ्तार आरोपी गाजीपुर जिले के खानपुर थाना अंतर्गत पटना ग्राम निवासी शराब माफिया अमित कुमार उर्फ भैयालाल निषाद गैंग के सक्रिय सदस्य बताए गए हैं। 


इसी क्रम में सरायमीर थाने की पुलिस ने पवई थाना क्षेत्र के ग्राम नसोपुर (भानीपुर) निवासी गैंग लीडर अमित उर्फ अमृतलाल यादव को क्षेत्र के सिकरौर बाजार से बुधवार की सुबह गिरफ्तार किया है।

आजमगढ़ 2022 में पुलिस ने कितने अभियुक्तों को किया गिरफ्तार, देखे थानेवार आंकड़े भी किए गए जारी


 आजमगढ़ 2022 में पुलिस ने कितने अभियुक्तों को किया गिरफ्तार, देखे थानेवार आंकड़े भी किए गए जारी


उत्तर प्रदेश आजमगढ़ नए साल की शुरूआत के साथ ही पुलिस महकमा एक के बाद एक कर वर्ष 2022 का लेखाजोखा प्रस्तुत कर रहा है। इसी के तहत बुधवार को एसपी अनुराग आर्य ने पूरे साल किए गए गिरफ्तारियों का विवरण प्रस्तुत किया। 


एसपी के आकड़ों के अनुसार 2022 में सर्वाधिक 290 अभियुक्तों की गिरफ्तारी देवगांव कोतवाली पुलिस द्वारा की गई। वहीं सबसे कम 19 की गिरफ्तारी तहबरपुर पुलिस ने किया। वहीं अपराध के आधार पर गिरफ्तारियों की बात की जाए तो सर्वाधिक 954 आबकारी व एनडीपीएस के अभियुक्तों की गिरफ्तारी की गई। एसपी अनुराग आर्य ने बताया कि वर्ष 2022 में पुलिस महकमा अपराध पर लगाम लगाने की कवायद में लगातार जुटा रहा। डकैती, लूट, हत्या, दुष्कर्म, पाक्सो सहित दुष्कर्म, दहेज हत्या, गैंगेस्टर, हत्या के प्रयास, नकबजनी, चोरी, गौवध, अपहरण, 07 सीएल एक्ट, धोखाधड़ी व 409 भादवि, पुलिस मुठभेड़, आबकारी व एनडीपीएस एक्ट, आर्म्स एक्ट तथा अन्य अपराधों पर लगाम की कवायद में पुलिस लगातार प्रयास में जुटी रही। 


पूरे साल में ताबड़तोड़ कार्रवाई करते हुए पुलिस विभाग द्वारा इन सभी अपराधों में अपराधियों की नकेल कसने की कवायद पुलिस जुटी रही। जिसका परिणाम रहा कि भारी संख्या मे अभियुक्तों को जेल की सलाखों के पीछे भेजने का काम पुलिस ने किया।


मिली जानकारी के अनुसार एसपी अनुराग आर्य द्वारा बुधवार को प्रस्तुत किए गए आकड़ों के अनुसार 2022 सर्वाधिक 954 लोगों की आबकारी व एनडीपीएस एक्ट में गिरफ्तारी की गई। डकैती में वांछित सात तो लूट में वांछित 100 अभियुक्त गिरफ्तार किए गए। 


हत्या के मामलों में 128 अभियुक्तों को जेल की सलाखों के पीछे पुलिस ने भेजा। दुष्कर्म में 98 तो पाक्सो सहित दुष्कर्म में 108 को जेल की सलाखों के पीछे पुलिस ने भेजा। दहेज हत्या के मामलों में 61 की गिरफ्तारी की गई। गैंगेस्टर में वांछित 335 अभियुक्त पकड़े गए। धारा 304/306/307/308 में कुल 404 को पकड़ कर पुलिस ने जेल भेजा। नकबजनी व चोरी के मामलों के 364 आरोपी जेल भेजे गए। गौवध के मामले में 146 का चालान कर जेल भेजा गया। अपहरण के मामलों में 204, 07 सीएलए एक्ट में 32, धोखाधड़ी व 409 भादवि में 150 अभियुक्त जेल की सलाखों के पीछे पहुंचे। मुठभेड़ में 100, आर्म्स एक्ट में 466 व अन्य अपराधों में 677 की गिरफ्तारी की गई।


एसपी द्वारा प्रस्तुत थानावार आकड़ों में देवगांव कोतवाली पुलिस सर्वाधिक 290 अपराधियों की गिरफ्तारी कर शीर्ष पर रहा तो वहीं तहबरपुर मात्र 19 अपराधियों को 2022 में जेल की सलाखों के पीछे भेज कर फिसड्डी साबित हुआ। 


रौनापार थाना पुलिस ने 288,

 जीयनपुर कोतवाली पुलिस 268, 

गंभीरपुर पुलिस ने 255, 

शहर कोतवाली व रानी की सराय पुलिस ने 234,

 बरदह थाना ने 227, 

सिधारी ने 222 अपराधियों को जेल की सलाखों के पीछे भेजा।


 फूलपुर कोतवाली पुलिस ने 186, 

पवई थाना पुलिस ने 178,

 मुबारकपुर ने 177, 

बिलरियागंज ने 175,

 दीदारगंज पुलिस ने 171,

 जहानागंज ने 163, 

महराजगंज व अतरौलिया ने 156, 

सरायमीर ने 156, 

निजामाबाद ने 143,

 अहरौला ने 132, 

मेंहनगर ने 108 अपराधियों को जेल की सलाखों के पीछे पहुंचाया। 


तरवां थाना द्वारा 108,

 कंधरापुर थाना द्वारा 103, 

कप्तानगंज थाना  द्वारा 94,

 मेहनाजपुर थाना द्वारा 43 अपराधियों को गिरफ्तार किया गया।