आजमगढ़ कप्तानगंज पुलिस मुठभेड़ में गोकशी गिरोह का हिस्ट्रीशीटर बदमाश गोली लगने से घायल, गिरफ्तार
12 मई की गोकशी घटना में था वांछित, पुलिस पर फायरिंग के बाद जवाबी कार्रवाई में दबोचा गया, एक साथी फरार
उत्तर प्रदेश के आजमगढ़ जनपद के कप्तानगंज थाना क्षेत्र में शुक्रवार तड़के पुलिस और गोकशी में संलिप्त बदमाशों के बीच हुई मुठभेड़ में एक शातिर गोतस्कर घायल हो गया, जबकि उसका एक साथी अंधेरे का फायदा उठाकर मौके से फरार हो गया। घायल बदमाश के कब्जे से पुलिस ने एक अवैध तमंचा, दो खोखा कारतूस तथा एक मोटरसाइकिल बरामद की है। गिरफ्तार अभियुक्त गोवध, चोरी और गैंगस्टर एक्ट समेत कई गंभीर मामलों में वांछित और हिस्ट्रीशीटर बताया जा रहा है। पुलिस के अनुसार वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक आजमगढ़ डॉ. अनिल कुमार के निर्देशन तथा अपर पुलिस अधीक्षक ग्रामीण एवं क्षेत्राधिकारी बूढ़नपुर के पर्यवेक्षण में थाना कप्तानगंज पुलिस बीती रात क्षेत्र में अपराध नियंत्रण, वाहन चेकिंग और गश्त कर रही थी। इसी दौरान पुलिस को सूचना मिली कि 12 मई 2026 को ग्राम कुशमहरा स्थित सीएचसी छितुवा के पीछे प्रतिबंधित पशु के अवशेष मिलने की घटना में शामिल दो बदमाश बाइक से धरौली मोड़ कूड़ाघर की तरफ आ रहे हैं और पुनः किसी गोकशी की घटना को अंजाम देने की फिराक में हैं।
सूचना मिलते ही थानाध्यक्ष कप्तानगंज के नेतृत्व में पुलिस टीम ने तत्काल घेराबंदी की। पुलिस को देखकर बदमाशों ने खुद को घिरता देख पुलिस टीम पर जानलेवा फायरिंग शुरू कर दी। पुलिस द्वारा आत्मसमर्पण की चेतावनी देने के बावजूद बदमाश फायरिंग करते रहे। इसके बाद पुलिस ने आत्मरक्षार्थ जवाबी कार्रवाई की, जिसमें एक बदमाश के दाहिने पैर में गोली लग गई। घायल होने के बाद पुलिस ने उसे मौके पर ही पकड़ लिया, जबकि उसका साथी फरार हो गया। गिरफ्तार घायल अभियुक्त की पहचान आरिफ उर्फ फुसी पुत्र यूनुस निवासी सारैन थाना अहरौला, जनपद आजमगढ़ के रूप में हुई है। वहीं फरार बदमाश की पहचान आजाद पुत्र फिरोज निवासी मेहियापार थाना अहरौला के रूप में की गई है। घायल आरिफ को उपचार के लिए सदर अस्पताल भेजा गया है।
पुलिस पूछताछ में आरिफ ने बताया कि वह अपने साथियों के साथ मिलकर प्रतिबंधित पशुओं को पकड़कर सुनसान स्थानों पर ले जाते थे और वहां उनका वध कर मांस की बिक्री करते थे। घटना के बाद पशुओं के अवशेष नदी, नालों या खेतों में फेंक देते थे अथवा जमीन में गाड़ देते थे ताकि पुलिस को भनक न लग सके। पुलिस से बचने के लिए गिरोह लगातार अपने ठिकाने बदलता रहता था। पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार आरिफ उर्फ फुसी पर गोवध निवारण अधिनियम, चोरी, गैंगस्टर एक्ट और अन्य गंभीर धाराओं में कई मुकदमे दर्ज हैं। थाना कप्तानगंज में उसके खिलाफ गोवध निवारण अधिनियम के तहत पहले से मुकदमा दर्ज था। मुठभेड़ के बाद पुलिस ने उसके खिलाफ पुलिस पर फायरिंग और आर्म्स एक्ट की धाराओं में नया मुकदमा भी दर्ज किया है। घटनास्थल पर फील्ड यूनिट टीम ने पहुंचकर निरीक्षण किया और साक्ष्य संकलन की कार्रवाई की। पुलिस फरार अभियुक्त की तलाश में लगातार दबिश दे रही है।

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