Monday, 2 November 2026

आजमगढ़ एडीजी नवीन अरोड़ा ने किया आजमगढ़ पुलिस का वार्षिक निरीक्षण, अपराध नियंत्रण और कानून-व्यवस्था की समीक्षा लंबित विवेचनाओं के समयबद्ध निस्तारण और जनशिकायतों को प्राथमिकता देने के निर्देश


 आजमगढ़ एडीजी नवीन अरोड़ा ने किया आजमगढ़ पुलिस का वार्षिक निरीक्षण, अपराध नियंत्रण और कानून-व्यवस्था की समीक्षा


लंबित विवेचनाओं के समयबद्ध निस्तारण और जनशिकायतों को प्राथमिकता देने के निर्देश


आजमगढ़, अपर पुलिस महानिदेशक, वाराणसी जोन, वाराणसी नवीन अरोड़ा ने सोमवार को जनपद आजमगढ़ का वार्षिक निरीक्षण-2026 किया। इस दौरान उन्होंने पुलिस कार्यालय की विभिन्न शाखाओं का निरीक्षण कर अभिलेखों, व्यवस्थाओं और कार्यप्रणाली की समीक्षा की। साथ ही पुलिस अधिकारियों को अपराध नियंत्रण, कानून-व्यवस्था बनाए रखने और लंबित मामलों के गुणवत्तापूर्ण निस्तारण के लिए आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।


वार्षिक निरीक्षण के दौरान पुलिस उपमहानिरीक्षक आजमगढ़ परिक्षेत्र आजमगढ़ सुनील कुमार सिंह और वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक आजमगढ़ डॉ0 अनिल कुमार सहित जनपद के अन्य पुलिस अधिकारी मौजूद रहे। पुलिस कार्यालय पहुंचने पर गार्द द्वारा अपर पुलिस महानिदेशक को सलामी दी गई। इसके बाद उन्होंने अपर पुलिस अधीक्षक नगर, अपर पुलिस अधीक्षक ग्रामीण, आंकिक शाखा, डीसीआरबी समेत विभिन्न शाखाओं का निरीक्षण किया। इस दौरान अभिलेखों के रखरखाव और कार्यों के समयबद्ध निस्तारण की स्थिति का जायजा लेते हुए संबंधित अधिकारियों एवं कर्मचारियों को आवश्यक निर्देश दिए।


पुलिस कार्यालय स्थित सभागार में जनपद के समस्त राजपत्रित अधिकारियों और थाना प्रभारियों के साथ समीक्षा गोष्ठी आयोजित की गई। इसमें अपराध नियंत्रण, कानून-व्यवस्था, विवेचनाओं की गुणवत्ता, लंबित अभियोगों और जनशिकायतों के निस्तारण की समीक्षा की गई। इसके अलावा वांछित एवं पुरस्कार घोषित अभियुक्तों की गिरफ्तारी, महिला एवं बाल सुरक्षा, साइबर अपराधों की रोकथाम और यातायात व्यवस्था जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर चर्चा हुई।


अपर पुलिस महानिदेशक ने अधिकारियों को गंभीर अपराधों में त्वरित कार्रवाई करने, अपराधियों के विरुद्ध प्रभावी अभियान चलाने तथा लंबित विवेचनाओं और अभियोगों का समयबद्ध एवं गुणवत्तापूर्ण निस्तारण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने आमजन की शिकायतों को गंभीरता से सुनकर प्राथमिकता के आधार पर उनका समाधान कराने पर भी जोर दिया।


समीक्षा गोष्ठी के बाद पुलिस लाइन आजमगढ़ में अपर पुलिस महानिदेशक ने जनप्रतिनिधियों से मुलाकात कर विभिन्न विषयों पर संवाद किया। इस दौरान उनकी समस्याएं और सुझाव सुने गए। उन्होंने जनहित एवं सुरक्षा से जुड़े मामलों में पुलिस प्रशासन की ओर से प्रभावी कार्रवाई का आश्वासन दिया।


इसके बाद गणमान्य नागरिकों, पीस कमेटी के सदस्यों और विभिन्न व्यापार संगठनों के पदाधिकारियों के साथ भी बैठक की गई। इसमें जनपद में शांति एवं सौहार्द बनाए रखने तथा सुरक्षा व्यवस्था को बेहतर बनाने के लिए आपसी सहयोग की अपील की गई। प्राप्त सुझावों और समस्याओं पर नियमानुसार कार्रवाई का भरोसा दिलाया गया।


कार्यक्रम के अंतिम चरण में अपर पुलिस महानिदेशक नवीन अरोड़ा ने जनपद के मीडिया प्रतिनिधियों के साथ प्रेस वार्ता की। उन्होंने वार्षिक निरीक्षण के दौरान की गई समीक्षा, पुलिस की कार्यप्रणाली, अपराध नियंत्रण, कानून-व्यवस्था तथा जनपद में संचालित विभिन्न पुलिस अभियानों और जनहितकारी कार्यों की जानकारी साझा की। इस दौरान मीडिया प्रतिनिधियों के सवालों का जवाब भी दिया।

वार्षिक निरीक्षण के माध्यम से पुलिस प्रशासन की कार्यप्रणाली की समीक्षा के साथ ही अपराध नियंत्रण, जनसुरक्षा और आमजन की समस्याओं के त्वरित समाधान को लेकर अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए।

आजमगढ़ कंधरापुर खाटू श्याम मंदिर की छत ढलाई के दौरान शटरिंग गिरी, एक मजदूर की मौत, 2 गंभीर मलबे में दबे तीनों मजदूरों को निकालकर अस्पताल पहुंचाया गया; मंडलीय अस्पताल में 3 घंटे स्ट्रेचर पर पड़ा रहा शव


 आजमगढ़ कंधरापुर खाटू श्याम मंदिर की छत ढलाई के दौरान शटरिंग गिरी, एक मजदूर की मौत, 2 गंभीर


मलबे में दबे तीनों मजदूरों को निकालकर अस्पताल पहुंचाया गया; मंडलीय अस्पताल में 3 घंटे स्ट्रेचर पर पड़ा रहा शव



उत्तर प्रदेश के आजमगढ़ जिले मे कंधरापुर थाना क्षेत्र के भंवरनाथ के पास देवखरी गांव में सोमवार दोपहर निमार्णाधीन खाटू श्याम मंदिर की छत की ढलाई के दौरान बड़ा हादसा हो गया। शटरिंग अचानक भरभराकर गिरने से तीन मजदूर मलबे में दब गए। हादसे में एक मजदूर की मौत हो गई, जबकि दो अन्य गंभीर रूप से घायल हो गए। घटना के बाद मौके पर अफरा-तफरी मच गई।


 जानकारी के अनुसार, देवखरी गांव में पिछले दो वर्षों से खाटू श्याम मंदिर का निर्माण कार्य चल रहा है। सोमवार को मंदिर की छत की ढलाई कराई जा रही थी। दोपहर में शटरिंग का काम कर रहे तीन मजदूर नीचे मौजूद थे। इसी दौरान अचानक तेज आवाज के साथ पूरी शटरिंग बैठ गई। शटरिंग के साथ सरिया और छत का ताजा मलबा भी नीचे गिर पड़ा, जिसकी चपेट में आकर तीनों मजदूर दब गए। हादसे में घायल मजदूरों की पहचान जहानागंज थाना क्षेत्र के असोना गांव निवासी 32 वर्षीय राजाराम, मुबारकपुर थाना क्षेत्र के काशीपुर गांव निवासी 22 वर्षीय कमलेश चौहान और 32 वर्षीय अरुण चौहान के रूप में हुई। तीनों मजदूर क्षेत्र के आबाड़ी गांव निवासी एक ठेकेदार के साथ रहकर शटरिंग का काम करते थे। घटना के बाद आसपास के लोग मौके पर पहुंचे और मलबा हटाकर तीनों मजदूरों को बाहर निकाला। एंबुलेंस की मदद से उन्हें मंडलीय अस्पताल पहुंचाया गया, जहां चिकित्सकों ने राजाराम को मृत घोषित कर दिया। वहीं, कमलेश और अरुण की गंभीर हालत देखते हुए उन्हें रेफर कर दिया गया। कमलेश की हालत नाजुक बताई जा रही है। उसे शहर के एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया है। हादसे की सूचना पर कंधरापुर पुलिस और अग्निशमन विभाग की टीम मौके पर पहुंची। मलबे में किसी अन्य व्यक्ति के दबे होने की आशंका को देखते हुए करीब चार घंटे तक राहत एवं बचाव अभियान चलाया गया। इस हादसे के बाद मंडलीय अस्पताल की व्यवस्था पर भी सवाल खड़े हो गए हैं। बताया जा रहा है कि घायलों को लेकर एंबुलेंस दोपहर करीब तीन बजे अस्पताल पहुंची थी। चिकित्सकों ने राजाराम को मृत घोषित कर दिया, जबकि दोनों घायलों को रेफर कर दिया गया। इसके बाद परिजन घायलों को लेकर निजी अस्पताल चले गए, लेकिन मृतक का शव करीब तीन घंटे तक इमरजेंसी के बाहर स्ट्रेचर पर ही पड़ा रहा। कंधरापुर थानाध्यक्ष केदारनाथ मौर्य ने बताया कि शटरिंग गिरने से एक मजदूर की मौत हुई है, जबकि दो अन्य घायल हैं। घायलों का उपचार निजी अस्पताल में चल रहा है। घटना के कारणों की जानकारी जुटाई जा रही है।

आजमगढ़ गंभीरपुर पेट्रोल पंप के पास पति-पत्नी और दो मासूम बच्चियों से मारपीट, जातिसूचक गाली देने का आरोप बाइक में टक्कर के बाद विवाद बढ़ने का आरोप, परिवार के चारों सदस्य घायल; पुलिस कर रही मामले की जांच


 आजमगढ़ गंभीरपुर पेट्रोल पंप के पास पति-पत्नी और दो मासूम बच्चियों से मारपीट, जातिसूचक गाली देने का आरोप


बाइक में टक्कर के बाद विवाद बढ़ने का आरोप, परिवार के चारों सदस्य घायल; पुलिस कर रही मामले की जांच



उत्तर प्रदेश के आजमगढ़ जिले के गंभीरपुर थाना क्षेत्र में रोहुआ और गोमाडीह के बीच स्थित पेट्रोल पंप के समीप एक परिवार के साथ मारपीट का मामला सामने आया है। बाइक से ससुराल जा रहे पति-पत्नी और उनकी दो मासूम बच्चियों के साथ कथित तौर पर मारपीट की गई। पीड़ित परिवार ने बुलेट सवार व्यक्ति पर बाइक में टक्कर मारने, जातिसूचक शब्दों का प्रयोग करने और जान से मारने की धमकी देने का आरोप लगाया है। घटना में चारों लोग घायल हो गए।


 प्राप्त जानकारी के अनुसार, ऊबारपुर लखमीपुर गांव निवासी मुकेश कुमार अपनी पत्नी और दो बच्चियों के साथ बाइक से ससुराल जा रहे थे। इसी दौरान रोहुआ और गोमाडीह के बीच पेट्रोल पंप के पास सामने से आ रहे बुलेट सवार विवेकानंद राय पुत्र दिनेश राय, निवासी गोमाडीह की बाइक से उनकी बाइक की टक्कर हो गई। मुकेश कुमार का आरोप है कि टक्कर के बाद बुलेट सवार ने उनके परिवार के साथ गाली-गलौज शुरू कर दी। विरोध करने पर जातिसूचक शब्दों का इस्तेमाल करते हुए लात-घूंसों से मारपीट की गई। आरोप है कि इस दौरान पति-पत्नी के साथ दोनों छोटी बच्चियों को भी चोटें आईं। पीड़ित ने आरोपी पर जान से मारने की धमकी देने का भी आरोप लगाया है। घटना के बाद पीड़ित परिवार ने पुलिस से शिकायत कर न्याय की गुहार लगाई है। 


इस संबंध में गोसाई की बाजार पुलिस चौकी प्रभारी अश्वनी मिश्रा ने बताया कि महिला की ओर से तहरीर प्राप्त हुई है। मामले की जांच की जा रही है। जांच में सामने आए तथ्यों के आधार पर आगे की वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।

आजमगढ़ देवगांव रास्ते में रोककर टेंपो चालक और बेटी के साथ की मारपीट बीच-बचाव करने पहुंची नाबालिग बेटी के कपड़े खींचने और जान से मारने की धमकी देने का भी आरोप


 आजमगढ़ देवगांव रास्ते में रोककर टेंपो चालक और बेटी के साथ की मारपीट


बीच-बचाव करने पहुंची नाबालिग बेटी के कपड़े खींचने और जान से मारने की धमकी देने का भी आरोप



उत्तर प्रदेश के आजमगढ़ जिले के देवगांव कोतवाली क्षेत्र के मोहनपुर पटवास गांव में टेंपो चालक और उसकी 12 वर्षीय बेटी के साथ मारपीट का मामला सामने आया है। पीड़ित ने गांव के ही एक व्यक्ति पर शराब के नशे में रास्ते में रोककर मारपीट करने, गाली-गलौज करने और जान से मारने की धमकी देने का आरोप लगाया है। वहीं, पिता को बचाने पहुंची नाबालिग बेटी के साथ भी मारपीट करने और उसके कपड़े खींचने का आरोप लगाया गया है।


पीड़ित अरविंद तिवारी के अनुसार, 01 नवंबर 2026 की शाम करीब पांच बजे वह अपनी 12 वर्षीय बेटी रक्षा तिवारी को टेंपो में बैठाकर घर जा रहे थे। इसी दौरान गांव के रास्ते में उन्हें रोक लिया गया। आरोप है कि लालगंज के सपा सांसद दरोगा प्रसाद के पुत्र मनोज सरोज ने शराब के नशे में उनके साथ गाली-गलौज करते हुए मारपीट शुरू कर दी।


पिता को पिटता देख बेटी रक्षा बीच-बचाव करने पहुंची तो आरोप है कि उसके साथ भी मारपीट की गई और कपड़े खींचे गए। इस दौरान बच्ची को चोटें भी आईं। पीड़ित का कहना है कि आरोपी ने दोनों को जान से मारने की धमकी भी दी। घटना के बाद पीड़ित अरविंद तिवारी देवगांव कोतवाली पहुंचे और शिकायती पत्र देकर पुलिस से मामले में कार्रवाई की मांग की। फिलहाल इस मामले में पुलिस का आधिकारिक पक्ष सामने नहीं आया है। आरोपों की पुष्टि जांच के बाद ही हो सकेगी।

आजमगढ़ पवई 5 लोगों को बैठाकर जा रही बाइक की दूसरी बाइक से भिड़ंत, मासूम की मौत शादी समारोह में शामिल होने आया था 10 वर्षीय आदर्श, हादसे में दोनों बाइकों पर सवार कई लोग घायल


 आजमगढ़ पवई 5 लोगों को बैठाकर जा रही बाइक की दूसरी बाइक से भिड़ंत, मासूम की मौत


शादी समारोह में शामिल होने आया था 10 वर्षीय आदर्श, हादसे में दोनों बाइकों पर सवार कई लोग घायल



उत्तर प्रदेश के आजमगढ़ जनपद के पवई थाना क्षेत्र के शाहमर्दानपुर गांव के पास सोमवार दोपहर पवई-कलान मार्ग पर दो बाइकों की आमने-सामने टक्कर में 10 वर्षीय बालक की मौत हो गई, जबकि दोनों बाइकों पर सवार अन्य लोग घायल हो गए। हादसे के समय एक बाइक पर पांच लोग सवार थे और किसी ने हेलमेट नहीं पहना था। दुर्घटना के बाद दूसरी बाइक पर सवार युवक मौके से फरार हो गए। 


जानकारी के अनुसार, शाहमर्दानपुर गांव निवासी अशोक कुमार की पुत्री की शादी रविवार को थी। समारोह में शामिल होने के लिए उनके साढ़ू सूरज कुमार का परिवार भी आया था। इसी शादी में अशोक की बड़ी बेटी के ससुराल कटका, अंबेडकरनगर से मनोज निषाद भी पहुंचे थे। सोमवार दोपहर करीब एक बजे मनोज निषाद बाइक पर सूरज कुमार के 10 वर्षीय पुत्र आदर्श समेत पांच लोगों को बैठाकर पवई बाजार से शाहमर्दानपुर गांव की तरफ जा रहे थे। शीतला माता मंदिर से करीब 200 मीटर पश्चिम सामने से तेज रफ्तार में आ रही दूसरी बाइक अनियंत्रित होकर उनकी बाइक से टकरा गई। टक्कर इतनी तेज थी कि दोनों बाइक क्षतिग्रस्त हो गईं और उन पर सवार सभी लोग सड़क पर गिरकर घायल हो गए। राहगीरों की मदद से घायलों को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पवई पहुंचाया गया, जहां चिकित्सकों ने कटका गांव निवासी आदर्श को मृत घोषित कर दिया। आदर्श अपनी मौसी की बेटी की शादी में शामिल होने आया था। 


बताया जा रहा है कि दूसरी बाइक पर सवार युवक भी गिरकर घायल हो गए थे। स्थानीय लोग उन्हें पास के एक निजी अस्पताल में ले गए, जहां मरहम-पट्टी कराने के बाद वे मौका पाकर फरार हो गए। चर्चा है कि दूसरी बाइक पर सवार युवक पढ़ाई करने वाले थे और कहीं से परीक्षा देकर लौट रहे थे। स्थानीय लोग कुछ युवकों को पहचानने की बात भी कह रहे हैं, लेकिन उनके बारे में खुलकर जानकारी देने से बच रहे हैं। 


मृतक के मामा सत्यजीत ने आरोप लगाया कि बाइक चला रहे मनोज निषाद शराब के नशे में थे। सूचना पर पहुंची पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। थानाध्यक्ष पवई ने बताया कि तहरीर के आधार पर मुकदमा दर्ज कर विधिक कार्रवाई की जा रही है। हादसे के बाद शादी वाले घर में खुशियां मातम में बदल गईं। मासूम की मौत से परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है।

आजमगढ़ फूलपुर मानदेय के लिए भटक रहीं समूह सखियां जांच में मानदेय भुगतान नहीं होने की हुई पुष्टि, जिलाधिकारी से बकाया भुगतान और दोषियों पर कार्रवाई की मांग

आजमगढ़ फूलपुर मानदेय के लिए भटक रहीं समूह सखियां


जांच में मानदेय भुगतान नहीं होने की हुई पुष्टि, जिलाधिकारी से बकाया भुगतान और दोषियों पर कार्रवाई की मांग


उत्तर प्रदेश के आजमगढ़ जिले के फूलपुर विकासखंड में समूह सखियों को मानदेय के लिए कार्यालयों के चक्कर लगाने पड़ रहे हैं। लंबे समय से मानदेय का भुगतान नहीं होने, आवश्यक लॉगिन आईडी-पासवर्ड उपलब्ध नहीं कराने और मानदेय से संबंधित पत्रावलियों को लंबित रखने का मामला सामने आया है। पीड़ित समूह सखियों ने जिलाधिकारी को शिकायती पत्र देकर न्याय की गुहार लगाई है। खास बात यह है कि मामले की विभागीय जांच में भी कुछ समूह सखियों का मानदेय भुगतान नहीं किए जाने की पुष्टि हुई है।


शिकायतकर्ताओं के मुताबिक, रेखा, नीलम, बविता मौर्या, सावित्री मौर्या, मिथिलेश और गुंजन को जून 2025 से फरवरी 2026 तक का मानदेय नहीं मिला है। वहीं, कुछ समूह सखियों को कार्य करने के लिए जरूरी लॉगिन आईडी और पासवर्ड भी उपलब्ध नहीं कराया गया। आरोप है कि सावित्री मौर्या, मिथिलेश और नीलम की मानदेय संबंधी पत्रावलियां भी ब्लॉक मिशन प्रबंधक स्तर से जमा नहीं की गईं, जिससे भुगतान की प्रक्रिया आगे नहीं बढ़ सकी।


समूह सखियों ने ब्लॉक मिशन प्रबंधक गोपाल गौतम और शिरीन फातिमा पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा है कि जब वे अपनी समस्याओं के समाधान के लिए कार्यालय पहुंचीं तो उनके साथ अभद्र व्यवहार किया गया। आरोप है कि गाली-गलौज करने के साथ ही पुलिस बुलाकर पिटवाने की धमकी भी दी गई। शिकायतकर्ताओं का दावा है कि उनके पास बातचीत की ऑडियो रिकॉर्डिंग भी मौजूद है।


इस मामले में खंड विकास अधिकारी के कार्यालय आदेश दिनांक 22 सितंबर 2026 के क्रम में 28 सितंबर 2026 को सहायक विकास अधिकारी (आरडी) ने जांच की थी। जांच आख्या के अनुसार, संबंधित समूह सखियों का मानदेय नवसृजित प्रेरणा संकुल स्तरीय संघ कर्नरी में प्राप्त हुआ था, लेकिन आरोप है कि गोपाल गौतम द्वारा संबंधित समूह सखियों को इसका भुगतान नहीं किया गया। जांच अधिकारी ने अपनी रिपोर्ट आवश्यक कार्रवाई के लिए उच्चाधिकारियों को भेज दी है।


समूह सखियों ने जिलाधिकारी से पूरे प्रकरण की निष्पक्ष जांच कराने, बकाया मानदेय का भुगतान सुनिश्चित करने, लॉगिन आईडी-पासवर्ड उपलब्ध कराने और लंबित पत्रावलियों का निस्तारण कराने की मांग की है। इसके साथ ही संबंधित ब्लॉक मिशन प्रबंधकों को हटाने तथा लगाए गए आरोपों की जांच कर दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग भी की गई है। इस संबंध में खंड विकास अधिकारी फूलपुर फूलचंद सरोज ने बताया कि शिकायती पत्र प्राप्त हुआ है। मामले की जांच कराई जाएगी और जांच रिपोर्ट उच्चाधिकारियों को भेजी जाएगी।

 

आजमगढ़ गंभीरपुर घर में सोते समय अधेड़ की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत, परिवार में मचा कोहराम पत्नी ने जेठानी से पुराने विवाद का हवाला देकर जताई साजिश की आशंका


 आजमगढ़ गंभीरपुर घर में सोते समय अधेड़ की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत, परिवार में मचा कोहराम


पत्नी ने जेठानी से पुराने विवाद का हवाला देकर जताई साजिश की आशंका



उत्तर प्रदेश के आजमगढ़ जनपद के गंभीरपुर थाना क्षेत्र के बिंद्राबाजार में घर के अंदर सो रहे करीब 50 वर्षीय व्यक्ति की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। सुबह काफी देर तक नहीं उठने पर परिजनों ने उन्हें जगाने का प्रयास किया, लेकिन कोई प्रतिक्रिया नहीं मिली। इसके बाद चिकित्सक को बुलाया गया। जांच के दौरान चिकित्सक ने उन्हें बेहोशी की हालत में बताते हुए दूसरे डॉक्टर से दिखाने की सलाह दी। हालांकि, उपचार के लिए कहीं और ले जाने से पहले ही उनकी मौत हो गई। घटना के बाद परिवार में चीख-पुकार मच गई। मृतक की पहचान प्रकाश उर्फ बबलू मोदीवाल पुत्र मन्ना मोदीवाल के रूप में हुई है। वह तीन भाइयों में से एक थे। बताया जाता है कि उनके दो भाइयों की पहले ही मृत्यु हो चुकी है। 


परिजनों के अनुसार, प्रकाश अक्सर शराब का सेवन करते थे। उनकी पत्नी रूबी मोदीवाल ने बताया कि 31 अक्टूबर 2026 की शाम प्रकाश शराब पीकर घर आए थे और रात में सो गए। सुबह जब उन्होंने और बच्चों ने उन्हें जगाने की कोशिश की तो वह नहीं उठे। इसके बाद स्थानीय चिकित्सक को बुलाकर उनकी जांच कराई गई। चिकित्सक ने हालत गंभीर बताते हुए किसी अन्य डॉक्टर को दिखाने की सलाह दी।


 पत्नी के अनुसार, आर्थिक और पारिवारिक परिस्थितियों के चलते वह छोटे बच्चों के साथ उन्हें दूसरे चिकित्सक के पास नहीं ले जा सकीं। बाद में रात करीब तीन बजे प्रकाश की मौत हो गई। मृतक की पत्नी रूबी ने तीन दिन पहले अपनी जेठानी सुनीता मोदीवाल से हुए विवाद का भी जिक्र किया है। उनका आरोप है कि जेठानी ने झगड़े के दौरान उन्हें घर से बाहर निकालने की धमकी दी थी। इसी विवाद को आधार बनाकर उन्होंने पति की मौत के पीछे साजिश की आशंका जताई है। फिलहाल प्रकाश की मौत किन परिस्थितियों में हुई, इसका स्पष्ट कारण सामने नहीं आया है। पुलिस की जांच और पोस्टमार्टम रिपोर्ट के बाद ही मौत की वास्तविक वजह स्पष्ट हो सकेगी।